
बिहार विधानसभा में बजट सत्र पर चर्चा के दौरान राष्ट्रीय जनता दल के विधायक और प्रखंड विकास पदाधिकारी रहे गौतम कृष्ण ने कटौती प्रस्ताव का समर्थन किया। उन्होंने सदन में एनडीए सरकार पर हमला बोला। साथ ही ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री श्रवण कुमार को भी घेरने की कोशिश की। राजद विधायक गौतम कृष्ण ने कई गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि मैं 14 महीने तक प्रखंड विकास पदाधिकारी रहा। मेरे ऊपर जो आरोप लगे, उसे बिना सुने हुए मंत्री ने मुझ पर कार्रवाई कर दी गई। आपका विभाग आंख पर पट्टी बांधकर काम करता है। विधायक ने कहा कि मुझे 14 महीने तक किस तरह से तंग किया गया? इसका मैंने अपने त्याग पत्र में जिक्र किया था। उन्होंने मंत्री श्रवण कुमार पर हमला करते हुए कहा कि आप अगर भ्रष्टाचारियों का साथ नहीं देते आज मैं इस सदन में नहीं रहता। मुझ जैसे ईमानदार अधिकारी को दूध की मक्खी की तरह निकालकर फेंक दिया गया। मनरेगा में किस तरह भ्रष्टाचार व्याप्त था। 60 फीसदी पैसा चढ़ावा में ही चला जाता है। प्रधानमंत्री आवास योजना के घर कागज पर तो हैं लेकिन आप कोसी के इलाके में चले जाएं, किसी गरीब के घर आपको पक्के नहीं दिखेंगे। सारे पैसे लूट लिए जाते हैं।
सरकार की ऐसी कोई भी योजना नहीं
राजद विधायक को टोकते हुए विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने कहा कि अब मनरेगा खत्म हो गया। अब जी राम जी आ गया। अब पैसों की लूट नहीं होती है। यह सब पहले होता था। अब पीएम मोदी और सीएम नीतीश कुमार सरकार के नेतृत्व में सारा पैसा डीबीटी के माध्यम से गरीबों के खाते में चला जाता है। इसके बाद लोक जनशक्ति पार्टी रामविलास के विधायक राजू तिवारी ने तंज कसते हुए कहा कि यूपीए के प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने कहा था कि दिल्ली से चला हुए 100 रुपया गरीबों तक पहुंचते-पहुंचते 25 पैसा बन जाता है। राजद विधायक जो आरोप लगा रहे हैं, वह जंगलराज में ही होता था। इसके बाद राजद विधायक रुके नहीं वह बोलते रहे। उन्होंने कहा कि यह सब जानते हैं भ्रष्टचार आज हर जगह फैल चुकी है। गरीबों का क्या हाल है? सरकार की ऐसी कोई भी योजना नहीं है, जिसमें लूटपाट नहीं होती हो।