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प्रियंका गांधी वाद्रा का ‘जय बापू, जय भीम, जय संविधान’ महा रैली में संबोधन: संविधान और लोकतंत्र की रक्षा का संकल्प

कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाद्रा ने हाल ही में आयोजित ‘जय बापू, जय भीम, जय संविधान’ महा रैली को संबोधित करते हुए संविधान, लोकतंत्र औरसामाजिक न्याय के मुद्दों पर अपने विचार व्यक्त किए। इस रैली में प्रियंका गांधी ने देशवासियों को संविधान की महत्वता को समझाने और इसे बचानेका संकल्प लेने का आह्वान किया।संविधान और लोकतंत्र की रक्षा का महत्वप्रियंका गांधी वाद्रा ने सबसे पहले कर्नाटक के लोगों को संबोधित किया और उनकी उपस्थिति के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कर्नाटक कीऐतिहासिक और लोकतांत्रिक परंपराओं का उल्लेख किया, विशेष रूप से महात्मा गांधी, लोकमान्य तिलक और अन्य स्वतंत्रता सेनानियों के योगदानको याद करते हुए यह बताया कि कांग्रेस पार्टी और उसके सदस्य इस पवित्र भूमि पर गहरे श्रद्धा भाव से काम कर रहे हैं।प्रियंका गांधी ने कहा- कांग्रेस पार्टी की विचारधारा हमेशा सत्य, अहिंसा और लोकतंत्र पर आधारित रही है, और इन आधारों पर ही हमारा स्वतंत्रतासंग्राम लड़ा गया था। उन्होंने यह भी कहा कि महात्मा गांधी और अन्य स्वतंत्रता सेनानियों ने जो आंदोलन चलाए, वह पूरी दुनिया के लिए एकअद्वितीय उदाहरण बने, जिसमें हिंसा के बजाय सत्य और अहिंसा को आधार बनाया गया।बाबा साहेब अंबेडकर और संविधान का महत्वप्रियंका गांधी ने बाबा साहेब अंबेडकर के योगदान को भी सराहा और कहा कि संविधान केवल एक किताब नहीं है, बल्कि यह हर भारतीय के लिएएक सुरक्षा कवच है। उन्होंने कहा-यह संविधान दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों और गरीबों का रक्षा कवच है, और यह हमें समानता, न्याय औरस्वतंत्रता के अधिकार देता है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि बाबा साहेब अंबेडकर ने भारतीय समाज के सबसे कमजोर वर्गों को सशक्त बनाने के लिए इससंविधान में विशेष अधिकार दिए हैं।संविधान के अपमान का मुद्दाप्रियंका गांधी ने वर्तमान सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि आज की सरकार संविधान का अपमान कर रही है। उन्होंने उदाहरण के तौर परबताया कि गृहमंत्री ने संसद में बाबा साहेब अंबेडकर का अपमान किया और कुछ मंत्री खुलेआम संविधान को बदलने की बात करते हैं। प्रियंका गांधीने इसे लोकतंत्र और स्वतंत्रता संग्राम के शहीदों के अपमान के रूप में देखा।उन्होंने यह भी कहा कि जब संविधान के खिलाफ बयान दिए जाते हैं, तो वह सिर्फ एक किताब का अपमान नहीं होता, बल्कि यह देश के लोकतंत्रऔर जनता के अधिकारों का अपमान होता है।भाजपा और आरएसएस की विचारधारा पर हमलाप्रियंका गांधी ने भाजपा और आरएसएस की विचारधारा को सीधे चुनौती दी और कहा कि यह विचारधारा संविधान और सामाजिक न्याय के खिलाफहै। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकारें संविधान को कमजोर करने के लिए काम कर रही हैं, जैसे कि आरक्षण को खत्म करने की कोशिशें औरन्यायपालिका को कमजोर करना। इसके अलावा, उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने RTI जैसे कानूनों को कमजोर किया और लोकपाल बिल कोनकार दिया।किसानों और मजदूरों की स्थिति पर चिंताप्रियंका गांधी ने किसानों और मजदूरों की कठिनाइयों का भी उल्लेख किया और कहा कि सरकार ने उनके हक में कोई कदम नहीं उठाए हैं। उन्होंनेकिसानों के आंदोलन का उदाहरण देते हुए कहा कि 700 किसान शहीद हुए, लेकिन सरकार ने उन्हें अनदेखा किया। इसके अलावा, उन्होंने यह भीकहा कि सरकार ने बड़े उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाया और छोटे किसानों और मजदूरों की स्थिति को और बदतर बना दिया।सरकार की नीतियों की आलोचनाप्रियंका गांधी ने सरकार की नीतियों को संविधान विरोधी करार दिया और कहा कि इन नीतियों का असर सीधे जनता के जीवन पर पड़ रहा है। उन्होंनेबिजली बिलों की बढ़ोतरी, जीएसटी की अधिक दरों, और किसानों के संकट का उल्लेख करते हुए कहा कि ये सब संविधान के खिलाफ हैं।संविधान की रक्षा का संकल्पप्रियंका गांधी ने रैली के अंत में सभी से संविधान की रक्षा करने का संकल्प लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, “हमारे संविधान की सुरक्षा के लिएहम अपनी जान देने को तैयार हैं। यह संविधान हमें न्याय, समानता और स्वतंत्रता के अधिकार देता है, और हमें इसे किसी भी कीमत पर कमजोर नहींहोने देना चाहिए। रैली में उपस्थित जनसमूह ने प्रियंका गांधी के साथ मिलकर “जय बापू, जय भीम, जय संविधान” के नारे लगाए, जो संविधान कीरक्षा और लोकतंत्र की मजबूती के लिए उनके संकल्प को दर्शाता है।

महाकुंभ में कल होगी योगी सरकार की कैबिनेट बैठक, पूरे मंत्रिमंडल के साथ सीएम लगाएंगे संगम में डुबकी

प्रयागराज महाकुंभ में बुधवार, 22 जनवरी को योगी सरकार की कैबिनेट बैठक आयोजित होगी। इस बैठक में योगी सरकार के सभी 54 मंत्रियों कोबुलाया गया है। बैठक में प्रदेश को कई महत्वपूर्ण योजनाओं और प्रस्तावों को मंजूरी दी जाएगी। मंत्रिमंडल के साथ संगम में डुबकी लगाएंगे सीएमबैठक के बाद, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने पूरे मंत्रिमंडल के साथ त्रिवेणी संगम की पावन धारा में डुबकी भी लगाएंगे। यह परंपरा 2019 केकुम्भ मेले में भी देखी गई थी, जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने मंत्रिमंडल के साथ संगम में स्नान करने गए थे। उस समय अखाड़ा परिषद केअध्यक्ष नरेंद्र गिरि और अन्य साधु संत भी संगम में स्नान करने पहुंचे थे। यूपी सरकार के सभी 54 मंत्रियों को बुलाया गयामहाकुंभ के इस विशेष मौके पर होने वाली बैठक में यूपी सरकार के सभी 54 मंत्रियों को बुलाया गया है। बैठक का आयोजन अरैल स्थित त्रिवेणीसंकुल में दोपहर 12 बजे होगा। संगम में स्नान करने वाले श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो, इसलिए बैठक का स्थान मेला प्राधिकरण के सभागारसे बदलकर अरैल तय किया गया है। बैठक के स्थान को लेकर ध्यान रखा गया हर पहलूपहले इस बैठक का आयोजन मेला प्राधिकरण के सभागार में किया जाना था, लेकिन सुरक्षा और श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए स्थानबदलने का निर्णय लिया गया। यदि बैठक मेला प्राधिकरण के सभागार में होती, तो वीआईपी सुरक्षा के कारण श्रद्धालुओं को असुविधा हो सकतीथी। सभी मंत्री करेंगे पूजा-अर्चनाबैठक के बाद, सभी मंत्री अरैल वीआईपी घाट से मोटर बोट के जरिए संगम जाएंगे, जहां वे विधिवत पूजा-अर्चना करेंगे। इसके बाद, वे त्रिवेणी संगममें आस्था की डुबकी लगाएंगे। बैठक में शामिल मंत्रीबैठक में शामिल होने वाले मंत्रियों में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, ब्रजेश पाठक, कैबिनेट मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, सूर्य प्रताप शाही, स्वतंत्रदेव सिंह, बेबी रानी मौर्य, जयवीर सिंह, लक्ष्मी नारायण चौधरी, धर्मपाल, नंदगोपाल नंदी, अनिल राजभर सहित कुल 54 मंत्रीशामिल होंगे।

“मेरी एकमात्र जिम्मेदारी पार्टी और सरकार को बचाना”: डीके शिवकुमार ने क्यों दी यह प्रतिक्रिया?

कर्नाटक की राजनीति में इन दिनों कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं, जिसमें सबसे बड़ी चर्चा यह है कि राज्य की कांग्रेस सरकार में बड़ा बदलावहो सकता है। इसके तहत, सिद्धारमैया से मुख्यमंत्री पद की विदाई और किसी नए नेता को इसका जिम्मा सौंपे जाने की बातें की जा रही थीं। इसबीच, कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री और कांग्रेस पार्टी के राज्य अध्यक्ष डीके शिवकुमार ने सोमवार को एक महत्वपूर्ण बयान दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी मेंकिसी प्रकार का मतभेद नहीं है और मीडिया से अपील की कि वह उन्हें किसी भी विवाद में न घसीटे। शिवकुमार की स्पष्टता: “मेरी एकमात्र जिम्मेदारी पार्टी और सरकार को बचाना”शिवकुमार ने यह स्पष्ट किया कि उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी पार्टी और सरकार की स्थिरता बनाए रखना है। उन्होंने संवाददाताओं से बातचीत में कहा, “मेरी एकमात्र जिम्मेदारी पार्टी को बचाना और सरकार को स्थिर रखना है। इसके अलावा मेरी कोई और जिम्मेदारी नहीं है। मेरा किसी से कोईव्यक्तिगत मतभेद नहीं है। कृपया मुझे किसी विवाद या अनावश्यक चर्चाओं में न घसीटें।” पूर्णकालिक अध्यक्ष की मांग पर प्रतिक्रियाडीके शिवकुमार का यह बयान उस समय आया है जब कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी के लिए पूर्णकालिक अध्यक्ष की मांग उठी थी। कर्नाटक के लोकनिर्माण मंत्री, सतीश जरकीहोली ने हाल ही में कहा था कि मंत्री और पार्टी के प्रमुख पदों पर बैठे लोग पूरी तरह से काम करने में सक्षम नहीं हैं। इस परप्रतिक्रिया देते हुए शिवकुमार ने कहा कि वह पार्टी और कार्यकर्ताओं के हितों की रक्षा करने के लिए पूरी तरह से समर्पित हैं और किसी भी अंदरूनीमतभेद से परे रहकर काम कर रहे हैं। फर्जी विवाद न खड़ा करेंशिवकुमार ने मीडिया से अनुरोध करते हुए कहा, “यह पार्टी, आलाकमान और मेरे बीच का मामला है। कृपया पार्टी के भीतर किसी भी प्रकार काझगड़ा या फर्जी विवाद न खड़ा करें।” जब उनसे पूछा गया कि क्या कांग्रेस पार्टी में कोई आंतरिक मतभेद हैं, तो उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा, “पार्टी मेंकोई दरार नहीं है। मैं कांग्रेस की कर्नाटक इकाई का अध्यक्ष हूं और सभी पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ समान व्यवहार करता हूं। मेरा कर्तव्य है कि मैंसभी को एक साथ लेकर चलूं।”

“सही समय पर सही नेता मिले”: PM मोदी की तारीफ, CM चंद्रबाबू नायडू ने क्या कहा

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना करते हुए कहा कि भारत को सही समय पर एक सक्षमनेता मिला है, जो देश को आर्थिक और सामाजिक दृष्टिकोण से उच्चतम स्थानों तक पहुंचाने की क्षमता रखते हैं। नायडू यह बयान ‘2047 तक स्वर्णआंध्र’ नामक एक आर्थिक कार्यबल की शुरुआत के दौरान दे रहे थे, जिसका उद्देश्य राज्य के विकास और भविष्य की योजनाओं पर विचार-विमर्शकरना था। राज्य में विकास की अपार संभावनाएंसीआईआई (भारतीय उद्योग परिसंघ) द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में नायडू ने कहा कि आंध्र प्रदेश में विकास की अपार संभावनाएं हैं और राज्य सहीदिशा में प्रगति कर रहा है। उन्होंने भारतीय समाज की वैश्विक स्वीकार्यता का भी उल्लेख किया, यह कहते हुए कि भारतीय समुदाय विश्वभर में सबसेअधिक स्वीकार्य है, और यह प्रवृत्ति भविष्य में भी जारी रहेगी। पीएम मोदी का नेतृत्व सही दिशा मेंप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए नायडू ने कहा, “हमारे पास सही समय पर सही नेता हैं। मोदी जी के पास देश के लिए सुधारों औरनीतिगत दिशा के बारे में स्पष्ट दृष्टिकोण है।” उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भारत 2047 तक एक विकसित राष्ट्र बन जाएगा और विभिन्न क्षेत्रों मेंदुनिया के शीर्ष स्थानों पर पहुंचेगा। पी4 मॉडल के लिए कदम उठाने की आवश्यकतामुख्यमंत्री ने गरीबी, भुखमरी और अन्य सामाजिक समस्याओं का समाधान करने के लिए सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल से पी4 मॉडलकी दिशा में कदम बढ़ाने की बात की। पी4 मॉडल का अर्थ है “सार्वजनिक, निजी और जन भागीदारी”, जो सामाजिक और आर्थिक सुधारों के लिएमहत्वपूर्ण माना जाता है। इस कार्यक्रम के दौरान नायडू ने सीआईआई के साथ मिलकर प्रतिस्पर्धा और वैश्विक नेतृत्व पर एक केंद्र स्थापित करने कीघोषणा भी की, जो इस क्षेत्र में महत्वपूर्ण पहलुओं पर काम करेगा। टाटा समूह के प्रमुख की नायडू की तारीफकार्यक्रम में उपस्थित टाटा समूह के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने ‘2047 तक स्वर्ण आंध्र’ पर आर्थिक कार्यबल का सह-अध्यक्ष बनने को अपने लिएसम्मान का विषय बताया। उन्होंने नायडू के नेतृत्व में एकीकृत आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री के तौर पर की गई आर्थिक दूरदर्शिता की सराहना की।चंद्रशेखरन ने कहा, “हम 2047 के लिए एक रोडमैप तैयार कर रहे हैं, और इसके लिए जरूरी योजनाओं को जल्द ही लागू किया जाएगा।” उन्होंने यहभी बताया कि इस योजना में शैक्षिक क्षेत्र को विशेष महत्व दिया जाएगा, और भविष्य में आंध्र प्रदेश में वैश्विक स्तर के शैक्षिक संस्थान स्थापित किएजाएंगे, जो राज्य के विकास को तेज गति देंगे।

केजरीवाल ने भाजपा के संकल्प पत्र पर किया तीखा हमला: फ्री शिक्षा और इलाज बंद करने की चेतावनी

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भाजपा के संकल्प पत्र पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा ने अपने घोषणापत्र मेंदिल्ली में फ्री शिक्षा और इलाज बंद करने का साफ एलान किया है। उन्होंने भाजपा के दोनों संकल्प पत्रों को खतरनाक और दिल्लीवासियों के हितोंके खिलाफ बताया है।फ्री शिक्षा और इलाज बंद करने का फैसलाअरविंद केजरीवाल ने भाजपा के पहले संकल्प पत्र में मोहल्ला क्लीनिकों को बंद करने और दूसरे में दिल्ली के सरकारी स्कूलों में मुफ्त शिक्षा कोसमाप्त करने की योजना की आलोचना की। उनका कहना है कि भाजपा दिल्ली का चुनाव सिर्फ और सिर्फ दिल्लीवासियों को मिलने वाली योजनाओंको समाप्त करने के लिए लड़ रही है। केजरीवाल ने कहा- भाजपा ने अपने संकल्प पत्र में साफ कहा है, कि दिल्ली में 18 लाख बच्चों को मिल रहीमुफ्त शिक्षा बंद कर दी जाएगी। ये लोग मोहल्ला क्लीनिकों को बंद कर देंगे, जिससे दिल्ली में लोग फ्री में इलाज नहीं कर सकेंगे।भाजपा के खतरनाक मंसूबेअरविंद केजरीवाल ने भाजपा के संकल्प पत्र को बहुत खतरनाक करार दिया और कहा कि यह दिल्लीवासियों की खुशहाली को संकट में डालने काइरादा है। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा ने अपनी असली मंशा को ईमानदारी से सामने लाया है, जिससे अब दिल्लीवासियों को पूरी स्थिति समझ मेंआ गई है। भाजपा का संकल्प पत्र दिल्ली के लोगों के लिए खतरनाक है। ये लोग दिल्ली की शिक्षा, स्वास्थ्य, और अन्य योजनाओं को बंद करने काइरादा रखते हैं। अगर ये लोग सत्ता में आए तो दिल्ली में रहना मुश्किल हो जाएगा।भाजपा के चुनावी वादो का असरकेजरीवाल ने भाजपा के संकल्प पत्र में किए गए वादों को झूठा और दिल से दिल्लीवासियों के हितों के खिलाफ बताया। उनका कहना है कि भाजपाका मुख्य उद्देश्य फ्री शिक्षा, मुफ्त इलाज, और अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं को खत्म करना है, जो दिल्ली में आम लोगों को मिल रही हैं। मुझेखुशी है कि भाजपा ने अपनी मंशा अब ईमानदारी से कबूल कर ली है। अब दिल्लीवासियों को यह समझना होगा कि अगर इन लोगों को वोट दियातो यह दिल्ली की जनकल्याण योजनाओं को खत्म कर देंगे।गलत बटन न दबाएंकेजरीवाल ने दिल्लीवासियों से अपील की है कि वे आगामी चुनाव में सावधानी से वोट करें। उन्होंने कहा कि भाजपा के सत्ता में आने सेदिल्लीवासियों का जीवन मुश्किल हो जाएगा, और उन्हें हर महीने अतिरिक्त खर्च झेलना पड़ेगा। गलत बटन मत दबा देना, नहीं तो यह दिल्ली में रहनामुश्किल कर देंगे ।

हिंदू राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक और कदम: 22 जनवरी को लखनऊ से प्रारंभ होगी यात्रा

सनातनी समाज के युवा ह्रदय सम्राट अंशुमान त्रिवेदी और पंकज तिवारी के नेतृत्व में हिंदू राष्ट्र निर्माण यात्रा की शुरुआत 22 जनवरी 2025 कोलखनऊ से होगी। इस यात्रा का उद्देश्य सनातन संस्कृति और हिंदू राष्ट्र के निर्माण के प्रति जागरूकता फैलाना है। यात्रा की शुरुआत प्रभु श्री राम कीप्राण प्रतिष्ठा की पहली वर्षगाँठ के अवसर पर की जाएगी।यात्रा का आरंभ और मार्गयह यात्रा इंटीग्रल यूनिवर्सिटी के सामने से कुर्सी रोड लखनऊ से शुरू होकर हनुमान सेतु तक जाएगी। यात्रा का शुभारंभ माननीय पवन सिंह चौहान जी, विधान परिषद सदस्य द्वारा हरी झंडी दिखाकर किया जाएगा। यात्रा में शामिल होने के लिए सनातनी समाज से जुड़े सभी लोग आमंत्रित हैं, ताकिएकजुटता का परिचय दिया जा सके और सनातन संस्कृति की शक्ति को सशक्त किया जा सके।सनातनी समाज की एकता का प्रतीकयात्रा का उद्देश्य न केवल हिंदू राष्ट्र निर्माण की दिशा में लोगों को जागरूक करना है, बल्कि यह सनातनी समाज की एकजुटता का भी प्रतीक बनेगी।अंशुमान त्रिवेदी के नेतृत्व में यह यात्रा समाज के हर वर्ग को जोड़ने का प्रयास करेगी और सनातन धर्म के महत्व को समाज में जागरूक करेगी।सनातनी समाज से अपीलयात्रा के आयोजकों ने सनातनी समाज से अपील की है कि वे इस गौरवपूर्ण अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर यात्रा का हिस्सा बनेंऔर हिंदू राष्ट्र निर्माण की दिशा में योगदान दें। यह यात्रा न केवल एक धार्मिक उद्देश्य को पूरा करने के लिए है, बल्कि यह समाज के एकजुट होने काभी एक महत्त्वपूर्ण क्षण होगा।