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कांग्रेस का वादा झुग्गीवासियों को नहीं होने देंगे बेघर – देवेंद्र यादव

दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने आज दिल्ली कांग्रेस मुख्यालय में एक प्रेस वार्ता की। इस दौरान उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी झुग्गीवासियों केसाथ खड़ी है और उनका पूरा साथ दे रही है। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी गरीबों के घर तोड़ने के खिलाफ है और उनकी बसाहट के लिए हरस्तर पर लड़ाई लड़ेगी। देवेंद्र यादव ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार झुग्गीवासियों के घरों पर बुलडोजर चला रही है। हज़ारों गरीबों को उनके घरों से उजाड़ा जारहा है। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को सड़क पर ला दिया गया है। लेकिन दुख की बात यह है कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अबतक इन लोगों से मिलने की भी कोशिश नहीं की। उन्होंने कहा कि अगर किसी नेता ने झुग्गीवासियों का दर्द समझा है, तो वह सिर्फ कांग्रेस के नेता श्रीराहुल गांधी हैं। राहुल गांधी खुद झुग्गियों में गए, लोगों से मिले, उनका दुख-दर्द जाना और हर मंच पर उनकी बात रखी।इस प्रेस वार्ता में कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद थे। इनमें दिल्ली कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा, संचार विभाग के अध्यक्ष अनिलभारद्वाज, पूर्व मंत्री डॉ. नरेश कुमार, पूर्व विधायक हरीश शर्मा, वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील, जगजीवन शर्मा और अनुज अत्रेय जैसे नेता शामिल थे।देवेंद्र यादव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी हर उस गरीब के साथ है जिसे बेघर किया जा रहा है। हम उनकी लड़ाई सड़कों पर भी लड़ेंगे और विधानसभा मेंभी। कांग्रेस का लक्ष्य है कि कोई भी गरीब बिना छत के न रहे। उन्होंने कहा, हम घर उजाड़ने वाली नहीं, घर बसाने वाली पार्टी हैं। जब तक हर गरीबको छत नहीं मिलती, तब तक कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी। कांग्रेस का संदेश साफ है – गरीबों को डरने की जरूरत नहीं है, कांग्रेस उनके साथ खड़ी है।

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ‘मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड’ के तहत भारत को रेलवे डिब्बे इंजन और प्रणालियों का प्रमुख निर्यातक बताया

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रविवार को कहा कि भारतीय रेलवे तेजी से बोगियों, डिब्बों, इंजन एवं संचालक प्रणालियों का प्रमुख निर्यातक बनकर उभररहा है. यह सब ‘मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड’ दृष्टिकोण के तहत हो रहा है मंत्री ने वडोदरा के सावली में अल्स्टॉम के संयंत्र का दौरा किया, जोभारत में रेलवे के संचालन के लिए एक महत्वपूर्ण उत्पादन केंद्र है. उन्होंने बताया कि भारत में बने मेट्रो कोच ऑस्ट्रेलिया और कनाडा को निर्यात किएगए हैं. जबकि बोगी यूनाइटेड किंगडम, सऊदी अरब, फ्रांस और ऑस्ट्रेलिया भेजी गई हैं। भारत में निर्मित प्रोपल्शन सिस्टम फ्रांस, मैक्सिको, रोमानिया, स्पेन, जर्मनी और इटली को सप्लाई किए गए हैं. उन्होंने बताया कि भारत में बने मेट्रो डिब्बे ऑस्ट्रेलिया और कनाडा को निर्यात किए गए हैं, जबकि बोगियां ब्रिटेन, सऊदी अरब, फ्रांस और ऑस्ट्रेलिया को भेजी गई हैं। भारत में निर्मित प्रेरक प्रणाली (प्रोपल्शन सिस्टम) की फ्रांस, मैक्सिको, रोमानिया, स्पेन, जर्मनी और इटली को आपूर्ति की गई है. इसी तरह भारत में बने यात्री डिब्बे और स्वचलित इंजन (लोकोमोटिव) मोजाम्बिक, बांग्लादेश और श्रीलंका को निर्यात किए गए हैं. वैष्णव ने कहा किरेल घटकों का कई देशों को निर्यात भारत में रोजगार के अवसर पैदा कर रहा है. मंत्री ने यह भी कहा कि भारतीय इंजीनियर और कर्मचारी अबअंतरराष्ट्रीय मानकों में दक्षता हासिल कर रहे हैं, जिसे उन्होंने ‘मेक इन इंडिया’ मिशन की बड़ी कामयाबी बताया उन्होंने अल्स्टॉम की सराहना करते हुएकहा कि वह हर ऑर्डर का खास तरीके से समाधान करता है, जिसे भारतीय रेलवे भी अपना सकता है साथ ही उन्होंने गति शक्ति विश्वविद्यालय के साथमिलकर एक संयुक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने का प्रस्ताव रखा. मंत्री ने सुझाव दिया कि सभी उत्पादन इकाइयों के महाप्रबंधक अल्स्टॉम कीसावली इकाई में जाकर प्रशिक्षण लें और वहां का कामकाजी अनुभव हासिल करें. दक्षता कर रहे है हासिलचर्चा के दौरान यह विचार भी आया कि सेंसर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से रखरखाव का ऐसा तरीका अपनाया जाए, जिससे किसीखराबी का पहले ही पता चल सके. सावली इकाई में अत्याधुनिक अत्याधुनिक दैनिक यात्री ट्रेन (कम्यूटर) और शहरी परिवहन ट्रेन (ट्रांजिट) डिब्बों काउत्पादन किया जा रहा है, जो ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ की पहलों के लिए पूरी तरह समर्पित है। यहां भारत के 3,400 से ज्याादाइंजीनियर दुनियाभर की 21 अल्सटॉम इकाइयों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि भारत ‘मेक इन इंडिया, मेक फॉरद वर्ल्ड’ दृष्टिकोण के तहत बोगियों, डिब्बों, इंजनों और संचालक प्रणालियों का एक प्रमुख निर्यातक बनकर उभर रहा है. उन्होंने बताया कि इनकानिर्यात ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, फ्रांस, ब्रिटेन, सऊदी अरब जैसे देशों में किया गया है. इससे भारत में रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं और इंजीनियरअंतरराष्ट्रीय मानकों में दक्षता हासिल कर रहे हैं.

बाराबंकी के अवसानेश्वर महादेव मंदिर में करंट लगने से भगदड़, 2 श्रद्धालुओं की मौत, 38 घायल

यूपी के बाराबंकी में अवसानेश्वर महादेव मंदिर में रविवार की आधी रात टिनशेड के पोल में करंट आने से भगदड़ मचने से दो श्रद्धालुओं की मौत हो गई. जबकि, 38 घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लेकर जांच रिपोर्ट तलब की है. इसके बाद अयोध्या मंडल के कमिश्नर गौरव दयाल और आईजी प्रवीण कुमार मौके पर पहुंचे. उन्होंने डीएम-एसपी के साथ घटनास्थल का निरीक्षणकरके जानकारी ली। उन्होंने घटना के समय मौके पर तैनात सुरक्षाकर्मियों से बात की. मंदिर परिसर के सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने के निर्देश दिए. राज्यमंत्री सतीश शर्मा ने भी घटनास्थल का दौरा किया. उन्होंने अस्पताल में घायलों से मुलाकात करके उनका हाल जाना. इस मौके पर उन्होंने कहाकि यह अत्यंत दुखद घटना है. मृतकों के परिजनों को आर्थिक सहायता दने का आश्वासन दिया. घायलों का समुचित इलाज करने के निर्देश दिए. प्रशासन की ओर से मौके की निगरानी बढ़ा दी गई है व्यवस्थाओं की पुनः समीक्षा की जा रही है. पोल से लगे भागनेसावन के तीसरे सोमवार को भगवान भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए मंदिर में आधी रात से ही भीड़ लगी थी. गोमती नदी में स्नान करकेश्रद्धालु 12 बजे से ही मंदिर की तरफ बढ़ते गए और लाइन लगती गई. मंदिर परिसर और बाहर का क्षेत्र श्रद्धालुओं की भीड़ से खचाखच भर गया. आधी रात 1.30 बजे मंदिर के कपाट खुले तो श्रद्धालु बम बम भोले के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ने लगे. करीब आधे घंटे बाद लगभग 2.00 बजेमंदिर के बाहर गैलरी में लगे टिन शेड के पोल में करंट उतर गया. झटका लगा तो श्रद्धालु बचाव के लिए पोल से दूर भागने लगे. भीड़ अधिक होने केकारण कुछ ही देर में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई. सूचना पर पुलिस-प्रशासन राहत बचाव में जुटा लोगों को समझाकर शांत किया जाता, तब तकअफरातफरी बढ़ गई थी. जांच के दिए आदेशपुलिस ने एंबुलेंस से घायलों को अस्पताल पहुंचाना शुरू किया सभी को सीएचसी हैदरगढ़ और त्रिवेदीगंज भेजा गया। वहां डॉक्टरों और स्टाफ नेतत्काल इलाज शुरू किया. त्रिवेदीगंज सीएचसी में लोनीकटरा थाना क्षेत्र के मुबारकपुर निवासी प्रशांत (22) और एक अन्य युवक की मौत हो गई. बाकी 38 घायलों में से सात की हालत गंभीर बताई जा रही है उन्हें हायर सेंटर के लिए रेफर किया गया है. बाराबंकी के अवसानेश्वर मंदिर में भगदड़मामले का संज्ञान लेते हुए सीएम योगी ने रिपोर्ट तलब की है. घटना के बाद कमिश्नर-IG व राज्यमंत्री ने मौका मुआयना करके जायजा लिया. अस्पताल जाकर घायलों का हाल जाना. करीब आधे घंटे बाद टिन शेड के पोल में करंट उतरने से भगदड़ मच गई. पुलिस और प्रशासन ने राहत औरबचाव कार्य शुरू किया और घायलों को अस्पताल भेजा. बाराबंकी के अवसानेश्वर महादेव मंदिर में करंट लगने से भगदड़ मच गई, जिसमें दो श्रद्धालुओंकी मौत हो गई और 38 अन्य घायल हो गए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लिया और जांच के आदेश दिए हैं.

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का किया दावा, 22 मिनट में 100 से अधिक आतंकवादी ढेर

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को लोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर को लेकर हो रही बहस के दौरान उसकी सफलता की बात पर जोर दिया. बहस कीशुरुआत में रक्षा मंत्री ने कहा कि मैं देश के लिए जान कुर्बान करने वाले बहादुर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं इसके बाद उन्होंने ऑपरेशनसिंदूर के महत्वपूर्ण पहलूओं के बारे में जानकारी दी. राजनाथ सिंह ने कहा कि हमारे वीर सैनिकों ने यह ऑपरेशन सिर्फ 22 मिनट में पूरा किया औरइसमें 100 से ज्यादा आतंकियों, उनके ट्रेनर्स और हैंडलर्स को मार गिराया गया राजनाथ सिंह ने बताया कि पहलगाम आतंकी हमले के तुरंत बादभारतीय सशस्त्र बलों ने जवाबी कार्रवाई की. हैंडलर गए मारेउन्होंने कहा कि हमारी सेना ने एक साथ नौ आतंकी ठिकानों पर सटीक हमले किए. इस ऑपरेशन में जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा, और हिज्बुलमुजाहिदीन जैसे आतंकी संगठनों से जुड़े 100 से अधिक आतंकवादी, उनके ट्रेनर, हैंडलर और सहयोगी मारे गए. रक्षा मंत्री ने बताया कि ये पूराऑपरेशन सिर्फ 22 मिनट में संपन्न हुआ। हमारी सेना की योजना और समन्वय बहुत ही शानदार था. उन्होंने कहा कि पहलगाम आतंकी हमले के तुरंतबाद भारतीय सशस्त्र बलों ने नौ आतंकवादी ठिकानों पर एक साथ सटीक और संगठित हमले किए. इस ऑपरेशन में जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा, और हिज्बुल मुजाहिदीन जैसे प्रमुख आतंकी समूहों के लगभग 100 आतंकवादी, उनके ट्रेनर और हैंडलर मारे गए. देश की सुरक्षा का बताया आधारराजनाथ सिंह ने कहा कि सेना की योजना, रणनीति और समन्वय की बदौलत यह ऑपरेशन इतनी जल्दी और सफलतापूर्वक पूरा किया गया. उन्होंनेभारतीय सेना की तत्परता और कुशलता को देश की सुरक्षा का आधार बताया. इस बहस के दौरान विपक्ष ने ऑपरेशन सिंदूर और हाल की सुरक्षानीतियों पर सरकार से सवाल किए, वहीं सरकार ने आतंकवाद के खिलाफ अपनी सख्त नीति और कार्रवाई का बचाव किया। रक्षा मंत्री के इस बयानसे संसद में सुरक्षा से जुड़ी बहस में नई ऊर्जा आई है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर की सफलता पर जोर देते हुए बताया किभारतीय सेना ने मात्र 22 मिनट में 100 से अधिक आतंकवादियों को खत्म कर सटीक जवाबी कार्रवाई की। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार कोलोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर को लेकर जारी बहस के दौरान इसकी सफलता पर जोर देते हुए बताया कि भारतीय सेना ने इस ऑपरेशन को मात्र 22 मिनट में अंजाम दिया। उन्होंने उन वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी जिन्होंने देश के लिए अपनी जान की परवाह किए बिना आतंकवाद के खिलाफसाहसिक कार्रवाई की.

डोनाल्ड ट्रंप ने थाईलैंड-कंबोडिया युद्धविराम पर काम किया, कहा भारत-पाक विवाद की तुलना में आसान है मामला

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्होंने थाईलैंड और कंबोडिया के बीच युद्धविराम समझौता कराने की कोशिश की है और उन्हें उम्मीद है किदोनों देशों के बीच युद्ध जल्दी रुक जाएगा ट्रंप ने यह भी कहा कि उन्होंने पहले भारत और पाकिस्तान के बीच विवाद को सुलझाया है लेकिन इनकीतुलना में थाईलैंड और कंबोडिया में युद्धविराम कराना उनके लिए आसान है. यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन के साथ बैठक केदौरान ट्रंप ने पत्रकारों से बात की. इस दौरान उन्होंने कहा कि वह थाईलैंड और कंबोडिया पर व्यापार का दबाव बना रहे हैं ताकि वे लड़ना बंद कर दें. ट्रंप ने कहा, ‘हम थाईलैंड और कंबोडिया के साथ व्यापार करते हैं. लेकिन अब मैं सुन रहा हूं कि वे एक-दूसरे से लड़ रहे हैं. मुझे लगता है यह विवादसुलझाना आसान होगा, क्योंकि मैंने भारत-पाकिस्तान और सर्बिया-कोसोवो जैसे देशों के बीच भी समझौता कराया है. मिला है आत्मविश्वासकंबोडिया और थाईलैंड ने दिन में पहले ही एक-दूसरे पर तोपखाने से हमला करने का आरोप लगाया, जबकि ट्रंप ने कुछ ही घंटों पहले कहा था किदोनों देश युद्धविराम पर सहमत हो गए हैं. इससे पहले शनिवार रात, ट्रंप ने दोनों देशों के नेताओं से फोन पर बात की थी जिसके बाद दोनों पक्षों नेकहा कि वे सीमा विवाद को खत्म करने के लिए बातचीत शुरू करने के लिए तैयार हैं. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, थाईलैंड और कंबोडिया के बीच यहविवाद लगभग 100 साल से भी ज्यादा पुराना है जब औपनिवेशिक काल के फ्रांस ने पहली बार दोनों देशों के बीच सीमा तय की थी. ट्रंप ने बतायाकि उन्होंने दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों से कहा’जब तक आप शांति नहीं करते, अमेरिका आपसे कोई व्यापार नहीं करेगा. उन्होंने दावा किया कि इसचेतावनी के बाद दोनों नेता समझौते को तैयार हो गए. ट्रंप ने यह भी कहा कि उन्हें अपने पुराने प्रयासों, जैसे भारत और पाकिस्तान के बीच हाल कीलड़ाई को रोकने में मिली सफलता से आत्मविश्वास मिला है. शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व होगा स्थापितअमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वह पहले भी भारत और पाकिस्तान के बीच विवाद को सुलझा चुके हैं और इन दोनों देशों की तुलना मेंथाईलैंड और कंबोडियो के बीच युद्धविराम समझौता कराना आसान है. उन्होंने यह भी कहा कि वह दोनों के बीच युद्धविराम समझौता कराने कीकोशिश कर रहे हैं और उम्मीद जताई कि यह लड़ाई जल्द रुक जाएगी. ट्रंप ने यह भी कहा कि वह व्यापार के जरिए दबाव बनाकर शांति स्थापितकरना चाहते हैं। उनका मानना है कि युद्धविराम से न केवल क्षेत्रीय स्थिरता आएगी, बल्कि आर्थिक विकास को भी बढ़ावा मिलेगा. अमेरिका की इसमध्यस्थता से उम्मीद जताई जा रही है कि थाईलैंड और कंबोडिया के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव को कम किया जा सकेगा और भविष्य मेंशांतिपूर्ण सह-अस्तित्व स्थापित होगा.