PM मोदी ने किया 11,000 करोड़ की हाईवे परियोजनाओं का लोकार्पण, कहा दिल्ली बनेगा विकास का मॉडल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में लगभग 11 हजार करोड़ रुपये की दो महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं काकिया. इन परियोजनाओं में दिल्ली खंड का द्वारका एक्सप्रेसवे और अर्बन एक्सटेंशन रोड-2 (यूईआर-2) शामिल हैं. इस मौके पर केंद्रीय मंत्री नितिनगडकरी, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी भी उपस्थित रहे. इस दौरान पीएम ने मुंडका में रोड शो किया, जिसमें उन्होंने लोगों का अभिवादन स्वीकार किया. इस दौरान लोगों में भारी उत्साह नजर आया. पीएम मोदी ने कहा, ‘थोड़ी देर पहले दिल्ली कोद्वारका एक्सप्रेस वे और अर्बन एक्सटेंशन रोड की कनेक्टिविटी मिली है. इससे दिल्ली के, गुरुग्राम के और पूरे NCR के लोगों की सुविधा बढ़ेगी. दफ्तर आना-जाना, फैक्ट्री आना-जाना और आसान होगा, सभी का समय बचेगा. दुनिया कर रही है अनुभवहमारे व्यापारी, कारोबारी और किसानों को विशेष लाभ होने वाला है. नए एक्सप्रेसवे का सभी को लाभ मिलेगा. पूरे एनसीआर के लोगों को फायदाहोगा. दिल्ली विकास की क्रांति की साक्षी बनी. आज का भारत क्या सोच रहा है. उसके सपने और संकल्प क्या हैं? ये सबकुछ आज पूरी दुनियाअनुभव कर रही है दुनिया, जब भारत को देखती है, परखती है तो उसकी पहली नजर हमारी राजधानी दिल्ली पर पड़ती है दिल्ली को हमें विकास काऐसा मॉडल बनाना है. जहां सभी को महसूस हो कि हां, ये विकसित होते भारत की राजधानी है. पीएम ने कहा “अर्बन एक्सटेंशन रोड की एक औरविशेषता है ये दिल्ली को कूड़े के पहाड़ों से मुक्त करने में मदद कर रही है. अर्बन एक्सटेंशन रोड को बनाने में लाखों टन कचरा काम में लाया गया है. यानी कूड़े के पहाड़ को कम करके उनके वेस्ट मटेरियल का इस्तेमाल सड़क बनाने में किया गया है. मुझे खुशी है कि रेखा गुप्ता जी के नेतृत्व में दिल्लीकी भाजपा सरकार यमुना जी की सफाई में भी लगातार जुटी हुई है। मुझे बताया गया है कि यमुना से इतने समय में 16 लाख मीट्रिक टन शिल्ट हटाईजा चुकी है. इतना ही नहीं, बहुत कम समय में ही दिल्ली में 650 DEVI इलेक्ट्रिक बसें शुरू की गई हैं. भविष्य में ये इलेक्ट्रिक बसें करीब 2 हजारका आंकड़ा पार कर जाएंगी. सुरक्षित कर रहे है महसूसये ‘ग्रीन दिल्ली – क्लीन दिल्ली’ के मंत्र को और मजबूत करता है. दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, दिल्ली की मुख्यमंत्री होने के नाते मैंआपके(प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी) नेतृत्व में बिताए गए 5 महीने के गहरे प्रशासनिक अनुभव के आधार पर ये कह सकती हूं कि आप देश के वो दूरदर्शी नेताहै जिनकी सोच में भारत का हर नागरिक शामिल है. जिनकी नीति में भारत का हर प्रदेश बराबरी का हिस्सेदार है जिनके संकल्प में भारत का हर नागरिकअपने आप को सुरक्षित महसूस करता है. आप वह शक्ति हैं जिसने राजनीति से ऊपर उठकर राष्ट्र हित को सर्वोपरि रखा. पीएम मोदी ने आगे कहा, ‘हमदेखते हैं कि पिछली सरकारों ने दिल्ली को किस तरह बर्बाद किया, दिल्ली को एक तरह से गड्ढे में गिरा दिया था. मैं जानता हूं कि भाजपा की नईसरकार के लिए लंबे अरसे से बढ़ रही मुसीबतों से दिल्ली को बाहर निकालना कितना कठिन है। लेकिन, मुझे भरोसा है कि दिल्ली में जिस टीम कोआपने चुना है, वो मेहनत करके पिछले कई दशकों की समस्याओं से दिल्ली को बाहर निकाल कर रहेंगे.
लोकसभा में पेश होगा जन विश्वास संशोधन विधेयक 2025, छोटे अपराध होंगे अपराध मुक्त, कारोबार होगा आसान

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल सोमवार को लोकसभा में जन विश्वास (संशोधन) विधेयक 2025 पेश करेंगे. यह विधेयक जीवन और व्यापारको सुगम बनाने के लिए कुछ छोटे अपराधों को अपराधमुक्त करेगा. लोकसभा की वेबसाइट पर प्रकाशित लोकसभा की कार्यसूची के अनुसार, ‘मंत्रीजन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) विधेयक, 2025 पेश करेंगे, जिसका उद्देश्य जीवन और व्यापार को सुगम बनाने के लिए, विश्वास-आधारित शासनको और बेहतर बनाने के लिए अपराधों को अपराधमुक्त बनाने के लिए कुछ अधिनियमों में संशोधन करना है. इस विधेयक के माध्यम से 350 सेअधिक प्रावधानों में संशोधन का प्रस्ताव है. एक अधिकारी के अनुसार, इस कदम से देश में अधिक व्यवसाय और नागरिक-केंद्रित वातावरण बनाने मेंमदद मिलेगी. यह विधेयक देश के व्यावसायिक माहौल को बेहतर बनाने के सरकार के प्रयास का हिस्सा है। इससे पहले 2023 में, जन विश्वास(प्रावधानों में संशोधन) अधिनियम पारित किया गया था. जिसके तहत 19 मंत्रालयों और विभागों द्वारा प्रशासित 42 केंद्रीय अधिनियमों के 183 प्रावधानों को अपराधमुक्त कर दिया गया था. अप्रचलित कानूनों को भी किया गया रद्दइस अधिनियम के तहत सरकार ने कुछ प्रावधानों में कारावास और जुर्माने को हटा दिया है. कुछ नियमों में कारावास को हटा दिया गया और जुर्माने कोबरकरार रखा गया. जबकि कुछ मामलों में कारावास और जुर्माने को दंड में बदल दिया गया. 15 अगस्त को अपने स्वतंत्रता दिवस भाषण में प्रधानमंत्रीनरेंद्र मोदी ने भी कहा ‘हमारे देश में ऐसे कानून हैं. जो सुनने में भले ही आश्चर्यजनक लगें, लेकिन इनमें मामूली बातों पर कारावास का प्रावधान हैं, औरकिसी ने कभी उन पर ध्यान नहीं दिया. प्रधानमंत्री ने कहा, ‘मैंने यह सुनिश्चित करने का बीड़ा उठाया है कि ऐसे अनावश्यक कानून, जो भारतीयनागरिकों को सलाखों के पीछे डालते हैं, समाप्त किए जाएं. हमने पहले संसद में एक विधेयक पेश किया था. हम इसे इस बार फिर से लाए हैं सरकारने पहले 40,000 से ज्यादा गैरजरूरी अनुपालनों को समाप्त किया. साथ ही 1,500 से ज़्यादा अप्रचलित कानूनों को भी रद्द किया गया. चर्चा का रखा गया प्रस्तावसरकार ने भारतीय अंतरिक्षयात्री शुभांशु शुक्ला की भारत वापसी के उपलक्ष्य में सोमवार को लोकसभा में ‘अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर भारत केपहले अंतरिक्ष यात्री – 2047 तक विकसित भारत के लिए अंतरिक्ष कार्यक्रम की महत्वपूर्ण भूमिका’ विषय पर विशेष चर्चा का प्रस्ताव भी रखा है. प्रधानमंत्री ने कहा, ‘मैंने यह सुनिश्चित करने का बीड़ा उठाया है कि ऐसे अनावश्यक कानून, जो भारतीय नागरिकों को सलाखों के पीछे डालते हैं समाप्तकिए जाएं. हमने पहले संसद में एक विधेयक पेश किया था हम इसे इस बार फिर से लाए हैं.
जिस सरकार को गिराया, उसी नेता ने बनाया मुख्यमंत्री शरद पवार ने सुनाया सियासी किस्सा

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के अध्यक्ष शरद पवार ने कहा है कि उन्होंने 1978 में वसंतदादा पाटिल के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र सरकार कोगिराने की पहल की थी. इसके बावजूद उन्होंने एक दशक बाद मुख्यमंत्री पद के लिए उनका नाम आगे बढ़ाया. शरद पवार ने शनिवार को पुणे में एककार्यक्रम में कहा कि उस समय कांग्रेस के पास इस तरह का उदार हृदय वाला नेतृत्व था. शरद पवार ने 1999 में कांग्रेस से नाता तोड़ लिया था औरराष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) बनाई. जुलाई 2023 में शरद पवार के भतीजे अजित पवार के तत्कालीन शिवसेना-भाजपा गठबंधन सरकार मेंशामिल होने के बाद एनसीपी दोफाड़ हो गई.84 साल के राज्यसभा सांसद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री भी रहे. उन्होंने याद किया कि आपातकाल के बाद यह भव्य पुरानी पार्टी कांग्रेस (इंदिरा) और स्वर्णसिंह कांग्रेस में विभाजित हो गई. उस समय वह अपने गुरु यशवंतराव चव्हाण के साथ स्वर्ण सिंह कांग्रेस में ही रहे. कई नामों पर हुई चर्चालेकिन बाद में हुए चुनावों में किसी भी पक्ष को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला. पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा आखिरकार हम एकजुट हुए और वसंतदादा कोमुख्यमंत्री बनाया. हालांकि हममें से कई युवा कार्यकर्ताओं में कांग्रेस (आई) के प्रति नाराजगी थी, क्योंकि हम चव्हाण साहब के साथ जुड़े हुए थेइसलिए एक दूरी थी. दादा ने इसे पाटने की कोशिश की, लेकिन हमने इसका विरोध किया. उन्होंने याद करते हुए कहा, ‘मैं प्रमुख विरोधियों में से एकथा. इस वजह से हमने सरकार गिराने का फैसला किया और हमने ऐसा किया. मैं मुख्यमंत्री बना. शरद पवार ने कहा, ‘मैं ऐसा क्यों कह रहा हूं? क्योंकि10 साल बाद हम सब फिर से एकजुट हो गए थे. उन्होंने आगे कहा कि जब अगले मुख्यमंत्री के नाम पर फैसला लेने के लिए बैठक बुलाई गई तो कईनामों पर चर्चा हुई. पार्टी का करना है पुननिर्माणरामराव आदिक, शिवाजीराव निलंगेकर. पवार ने कहा, ‘लेकिन दादा ने कहा कि अब और चर्चा नहीं. हमें पार्टी का पुनर्निर्माण करना है शरद इसकानेतृत्व करेंगे. पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, ‘कल्पना कीजिए कि जिस नेता की सरकार मैंने गिराई, उसने सब कुछ दरकिनार कर दिया और विचारधारा के लिएएकता को चुना. कांग्रेस में ऐसा ही उदार नेतृत्व था. शरद पवार ने कहा, ‘जब मुख्यमंत्री के नाम पर फैसला लेने के लिए बैठक बुलाई गई तो कई नामोंपर चर्चा हुई, लेकिन दादा ने कहा कि अब और चर्चा नहीं. हमें पार्टी का पुनर्निर्माण करना है शरद इसका नेतृत्व करेंगे.
दक्षिण कोरिया ने पहलगाम हमले की निंदा , भारत के साथ आतंकवाद के खिलाफ दिखाई एकजुटता चो ह्यून का बड़ा बयान

दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्री चो ह्यून ने पहलगाम आतंकी हमले और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत के साथ एकजुटता जाहिर की. उन्होंनेकहा कि उनका देश भारत सरकार और भारत के लोगों के साथ खड़ा है. एएनआई को दिए एक साक्षात्कार में चो ह्यून ने कहा कि दक्षिण कोरियाआतंकवाद के सख्त खिलाफ है. उन्होंने कहा’हम इस मुद्दे पर बहुत सख्त और दृढ़ हैं हम किसी भी आतंकवादी हमले के सख्त खिलाफ हैं हम भारतसरकार और भारत के लोगों के साथ खड़े हैं. भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया था. 22 अप्रैल को पहलगामहमले में आतंकियों ने 26 लोगों की निर्मम हत्या कर दी थी. जवाब में भारत 7 मई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया था, जिसमें सैकड़ों आतंकियों कोढेर कर दिया गया था. भारत ने पाकिस्तान और पीओजेके में आतंकी ढांचे पर सटीक हमले किए. भारत ने पाकिस्तान के हर दुस्साहस का जवाब दिया. हुए है और भी अच्छे बदलावउसके हर हमले को नाकाम किया और उसके हवाई ठिकानों पर बमबारी की. इससे पहले विदेश मंत्री एस जयशंकर ने चो ह्यून के साथ द्विपक्षीय बैठककी. उन्होंने पहलगाम आतंकवादी हमले की दक्षिण कोरिया की ओर से निंदा के लिए आभार व्यक्त किया. साथ ही उन्होंने याद दिलाया कि बाद मेंसियोल गए भारत के संसदीय प्रतिनिधिमंडल की बहुत अच्छी बैठकें हुईं. जयशंकर ने कहा, ‘मैं 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले कीदक्षिण कोरिया की ओर से निंदा के लिए आभार व्यक्त करना चाहता हूं. इस तथ्य के लिए भी कि जब हमारा संसदीय प्रतिनिधिमंडल सियोल गया, तोमुझे लगता है कि उनकी बहुत अच्छी बैठकें हुईं, आपने स्वयं उनसे मिलने का प्रयास किया, यह ऐसी बात है जिसकी हम सराहना करते हैं.चो ह्यून ने कहा कि शनिवार को विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ उनकी अच्छी बैठक हुई. उन्होंने 2015 से 2017 तक दिल्ली में राजदूत के रूप मेंअपने कार्यकाल को याद करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत में महत्वपूर्ण बदलाव हुए हैं। पिछले 10 वर्षों में और भी अच्छेबदलाव हुए हैं. दिल्ली आकर लग रहा है अच्छाचो ह्यून ने कहा कि दिल्ली वापस आकर बहुत अच्छा लग रहा है. जब वह लगभग 10 साल पहले इस शहर में आए थे, तो भारत की संस्कृति कीगहराई देखकर अभिभूत हो गए थे. मुझे भारत में कोरियाई राजदूत के रूप में सेवा करने पर बहुत गर्व है. इस दौरान मैंने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व मेंभारत में हुए महत्वपूर्ण बदलावों को देखा. अब मैं पिछले 10 वर्षों में हुए और भी अच्छे बदलावों को देख रहा हूं. इसलिए मुझे यहां वापस आकर औरअपने दोस्तों से मिलकर बहुत खुशी हो रही है. चो ह्यून ने याद किया कि जब उन्होंने राजदूत के रूप में कार्य किया था, तब उनकी मुलाकात एसजयशंकर से हुई थी, जो 2015-18 तक विदेश सचिव के रूप में कार्यरत थे. उन्होंने कहा कि उन्होंने विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की और द्विपक्षीय संबंधोंको बढ़ाने के तरीकों की खोज की. उन्होंने कहा, ‘यह एक अच्छी बैठक थी। जब मैं यहां था और वह विदेश सचिव थे, तब मैं उनसे मिलता था. चो ह्यूनने कहा, ‘आज हमने विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की और अपने द्विपक्षीय संबंधों को बेहतर बनाने के तरीकों पर विचार-विमर्श किया. साथ ही हमारे देशों केसामने मौजूद भू-राजनीतिक और भू-आर्थिक चुनौतियों के समाधान पर भी चर्चा की.
योगराज सिंह का दावा रोहित शर्मा 45 साल तक सकते है खेल, देश को अभी है उनकी जरूरत “IPL और वनडे में खेलते रहें रोहित”

भारतीय टीम के पूर्व ऑलराउंडर युवराज सिंह के पिता योगराज सिंह का मानना है कि रोहित शर्मा उस स्तर के खिलाड़ी हैं जो 45 साल की उम्र तक भीखेल सकते हैं. रोहित ने टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट प्रारूप को अलविदा कह दिया है, लेकिन वह अभी वनडे में खेलते हैं. इस पर चर्चा जोरों पर है किक्या रोहित 2027 वनडे विश्व कप तक खेलना जारी रखेंगे? रोहित ने भारत के लिए आखिरी बार चैंपियंस ट्रॉफी में हिस्सा लिया था और उनकीकप्तानी में टीम ने खिताब अपने नाम किया था. रोहित ने न्यूजीलैंड के खिलाफ फाइनल में 76 रन बनाए थे. रोहित को उनकी पारी के लिए प्लेयरऑफ द मैच चुना गया था. रोहित के खेलने या नहीं खेलने पर क्रिकेट विशेषज्ञों की अलग राय है क्योंकि उनकी फिटनेस बड़ा मुद्दा रही है. सुबह दौड़े 10 किमी तकरोहित के भविष्य पर अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी, लेकिन योगराज ने रोहित के अगले पांच साल और खेलने का समर्थन किया है. मालूम होकि रोहित वनडे के अलावा आईपीएल में खेलते हैं. योगराज ने एक मीडिया संस्थान से बात करते हुए कहा, रोहित शर्मा ऐसे खिलाड़ी हैं जिसके बारे मेंकई लोग बकवास करते हैं। वह जिस तरह बल्लेबाजी करते हैं, उसे देखिए एक तरह उनकी बल्लेबाजी और दूसरी तरफ शेष टीम की बल्लेबाजी. एकतरफ उनकी पारी और दूसरी तरफ दुनिया में किसी अन्य बल्लेबाज की पारी। यह रोहित का क्लास है. आपको कहना चाहिए कि रोहिच आपकी हमेंपांच साल और जरूरत है यार, इसलिए आप देश के लिए और भी योगदान दें. अपनी फिटनेस और सबकुछ पर मेहनत करें चार आदमी उनके साथलगाएं और सुबह 10 किमी तक दौड़ें. वनडे के अलावा खेल सकते है आईपीएलउनका स्तर ऐसा है कि अगर वह चाहें तो 45 साल की उम्र तक खेल सकते हैं. योगराज ने रोहित से खुद को फिट रखने के लिए घरेलू क्रिकेट में खेलनेकी सलाह दी है. योगराज ने कहा, मेरा मानना है कि रोहित को घरेलू क्रिकेट खेलना चाहिए. वह जितना खेलेंगे, उतने ही फिट रहेंगे. फाइनल में कौनप्लेयर ऑफ द मैच रहा था? रोहित शर्मा, इसलिए आपको सिर्फ उसी बारे में बात करनी चाहिए जिसे आप जानते हैं. अगर आपको उनके खेल औरफिटनेस के बारे में बात करनी है, तो तभी करें जब आप किसी स्तर पर खेले हों. क्या आपको इस तरह बात करने में शर्म आती है? रोहित के भविष्य परअभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी, लेकिन योगराज ने रोहित के अगले पांच साल और खेलने का समर्थन किया है। मालूम हो कि रोहित वनडे केअलावा आईपीएल में खेलते हैं.