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दिल्ली स्किल एंड एंटरप्रेन्योरशिप यूनिवर्सिटी ने मनाया 6वां स्थापना दिवस – शिक्षा मंत्री आशीष सूद

युवाओं को कौशल, उद्यमिता और रोजगार के महत्व पर दिया संदेशदिल्ली के शिक्षा, गृह, उच्च शिक्षा, प्रशिक्षण और तकनीकी शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने आज दिल्ली कौशल एवं उद्यमिता विश्वविद्यालय (DSEU) के 6वें स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। इस अवसर पर दिल्ली सरकार के शिक्षा सचिव, विश्वविद्यालय के चांसलर, शिक्षक और छात्र भी उपस्थित थे। DSEU शिक्षा, रोजगार और उद्यमिता का जीवंत मॉडलशिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि वे यहां मंत्री के रूप में नहीं बल्कि स्किल डेवलपमेंट के माध्यम से परिवर्तन का साझेदार बनकर खड़े हैं। उन्होंनेबताया कि शासन का असली अर्थ है अंतिम व्यक्ति तक सेवा पहुंचाना। उनका मानना है कि DSEU युवाओं को न केवल शिक्षा बल्कि कौशल औररोजगार के अवसर प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि DSEU वास्तव में स्किल इंडिया के विजन का जीवंत मॉडल है, जहां शिक्षा, रोजगार औरउद्यमिता एक साथ आगे बढ़ते हैं। आशीष सूद ने यह भी कहा कि स्किल इंडिया’ केवल एक मिशन नहीं बल्कि एक आंदोलन है जो युवाओं कोरोजगार और सम्मानजनक जीवन प्रदान करने की दिशा में अग्रसर है। उन्होंने दिल्ली को स्किल कैपिटल ऑफ इंडिया बनाने के लिए ठोस कदम उठानेका संकल्प व्यक्त किया। युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने का संकल्पशिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि दिल्ली सरकार का उद्देश्य युवाओं को केवल डिग्री देना नहीं है, बल्कि उन्हें कौशल और आत्मनिर्भरता से सशक्तबनाना और रोजगार के अवसर देना भी है। उन्होंने कहा कि DSEU इसी दृष्टि का परिणाम है, जो युवाओं को उद्योग कआवश्यकताओं के अनुरूपप्रशिक्षण और उद्यमिता की दिशा में सक्षम बना रही है। आशीष सूद ने विश्वविद्यालय के शिक्षकों और विद्यार्थियों को बधाई दी और कहा कि DSEU ने अल्प समय में अपने पाठ्यक्रमों, उद्योग-साझेदारी और रोजगार उन्मुख शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किए हैं। शिक्षा क्षेत्र में ठोस सुधार और नवाचारशिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि दिल्ली सरकार शिक्षा क्षेत्र में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के मार्गदर्शन में ठोस सुधार औरनवाचार को आगे बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार विश्वविद्यालयों और शिक्षण संस्थानों से जुड़े लंबित विषयों के समाधान के लिए कोर कमेटीगठित करेगी, जो समयबद्ध तरीके से समस्याओं का निस्तारण करेगी। राष्ट्रीय युवा दिवस का विशेष आयोजनशिक्ष मंत्री आशीष सूद ने यह भी घोषणा की कि अब से राष्ट्रीय युवा दिवस (12 जनवरी) को दिल्ली में हर वर्ष विशेष रूप से मनाया जाएगा। वर्ष2026 से यह आयोजन राष्ट्रीय स्तर पर होगा, जिसमें देशभर के विद्यार्थी, नवोन्मेषक और युवा उद्यमी भाग लेंगे। उन्होंने कहा कि यह केवल उत्सव नहींबल्कि युवाशक्ति को राष्ट्रनिर्माण की शक्ति में बदलने का आंदोलन है। DSEU की उपलब्धियां और उद्योग साझेदारीDSEU के कुलपति प्रो. (डॉ.) अशोक कुमार नागावत ने कहा कि विश्वविद्यालय का मूलमंत्र है Crafting Excellence, और दिल्ली सरकार काविजन है कौशल के माध्यम से उद्यमिता को सशक्त बनाना। उन्होंने बताया कि DSEU राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के सिद्धांतों को अपनाने वालादेश का पहला संस्थान है जिसने मल्टीपल एंट्री-एग्जिट सिस्टम लागू किया है। डॉ. अशोक कुमार नागावत ने Daikin, Blue Star, और Atkins Realis जैसी प्रमुख उद्योग इकाइयों के साथ साझेदारी का उल्लेख किया और Women Works Programme, SIDBI Super 30, औरLighthouse Project जैसे कार्यक्रमों का विवरण दिया, जो युवाओं और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्यरत हैं। DSEU के नए शैक्षिक साझेदार और कौशल कार्यक्रमप्रो. (डॉ.) अशोक कुमार नागावत ने यह भी घोषणा की कि Learning Links Foundation जैसे नए शैक्षिक साझेदारों के साथ मिलकर सड़कविक्रेताओं और अन्य पेशेवरों के लिए लघु अवधि के कौशल आधारित कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ये कार्यक्रम युवाओं को रोजगारऔर उद्यमिता की दिशा में सशक्त बनाने में मदद करेंगे। दिल्ली युवाओं का कौशल और उद्यमिता केंद्र बनेगीशिक्षा मंत्री आशीष सूद ने यह स्पष्ट किया कि दिल्ली सरकार का लक्ष्य है कि विश्वविद्यालयों और शिक्षण संस्थानों के माध्यम से युवाओं को कौशल, आत्मनिर्भरता और रोजगार के अवसर मिलें। DSEU का 6वां स्थापना दिवस इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिसने शिक्षा, कौशल औरउद्यमिता को जोड़कर दिल्ली को स्किल कैपिटल ऑफ इंडिया बनाने की दिशा में प्रेरित किया है।

कोविड के नायकों को सम्मान — मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, यह केवल चेक नहीं, कृतज्ञता का प्रतीक है

ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले 11 कर्मवीरों के परिवारों को एक–एक करोड़ की सहायता राशिदिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कोविड महामारी के दौरान अपने कर्तव्य का पालन करते हुए प्राण गंवाने वाले 11 सरकारी कर्मियों के परिवारों कोएक-एक करोड़ रुपये की सहायता राशि प्रदान की। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह केवल आर्थिक मदद नहीं है, बल्कि उन कर्मवीरों की सेवा, त्याग औरसमर्पण के प्रति दिल्ली सरकार की गहरी श्रद्धा और कृतज्ञता का प्रतीक है। श्रद्धांजलि और सम्मान का संदेशदिल्ली सचिवालय में आयोजित सादे समारोह में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि किसी व्यक्ति की जान का मूल्य कोई सरकार नहीं चुका सकती, लेकिन सरकार का कर्तव्य है कि वह ऐसे परिवारों के साथ खड़ी रहे। उन्होंने कहा कि यह राशि हमारी संवेदना और उनके बलिदान के प्रति श्रद्धांजलिका प्रतीक है। पीपल फर्स्ट नीति और सरकार की प्रतिबद्धतामुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार हमेशा पीपल फर्स्ट यानी जनता सर्वोपरि के सिद्धांत पर काम करती है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार केवलआर्थिक सहायता ही नहीं, बल्कि इन परिवारों की हर ज़रूरत में उनके साथ खड़ी रहेगी। कोविड काल में दिल्ली के सरकारी कर्मचारियों ने मानवता कीसेवा का जो उदाहरण दिया, वह इतिहास में सदा याद रहेगा। कोविड काल के वीरों के परिवारों को मिला सम्मानमुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने जिन कर्मवीरों के परिवारों को सहायता राशि प्रदान की, उनमें शामिल हैं वी. नंगथनलियान (वाणिज्य एवं कर विभाग), राजबाला गर्ग (जीटीबी अस्पताल), बबिता (सीबीपीएसीएस), रोहन जोशी (एमसीडी), डॉ. रविंदर कुमार गोयल (डीजीएचएस), अनियम्मा रे‍जी(एमएएमसी), बिस्वजीत दास (डीटीसी), राजेश कुमार (शिक्षा विभाग), डॉ. नवीन राम (बीएसएफ), डॉ. विजय सिंह राजन (बीएसएफ) और अरुणसूद (डीएचएस)। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन कर्मवीरों की निष्ठा और समर्पण दिल्ली के गौरवशाली इतिहास में हमेशा याद रखे जाएंगे। पिछली सरकारों की उदासीनता पर जताया खेदमुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह खेदजनक है कि पिछली सरकारों ने इन परिवारों की मदद के प्रति उदासीनता दिखाई। उन्होंने कहा कि यह राशिइन परिवारों का अधिकार था, जिसे अब सम्मानपूर्वक उन्हें सौंपा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महामारी के कठिन समय में डॉक्टर, नर्स, सफाईकर्मी, शिक्षक और पैरामेडिकल स्टाफ दिन-रात ड्यूटी पर डटे रहे। ऐसे में वर्षों तक उनके परिवारों को उनका हक न मिलना अन्याय था, जिसे वर्तमान दिल्लीसरकार ने सुधार दिया। कोविड केवल महामारी नहीं, मानवता की परीक्षा थीमुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड केवल स्वास्थ्य संकट नहीं था, बल्कि लाखों परिवारों के लिए व्यक्तिगत त्रासदी भी था। इस कठिन समय में सरकारीकर्मचारियों ने निस्वार्थ भाव से जनता की सेवा की और मानवता व समर्पण की मिसाल कायम की। उन्होंने कहा कि यह सहायता राशि कोई मुआवजानहीं, बल्कि दिल्ली सरकार की संवेदना और समर्थन का प्रतीक है। सेवा, समर्पण और सम्मान की मिसालमुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि आज हम उन सभी दिवंगत आत्माओं को नमन करते हैं जिन्होंने अपने कर्तव्य का पालन करते हुए प्राणों का बलिदानदिया। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार उनके परिवारों के साथ हर परिस्थिति में खड़ी रहेगी। यह कदम केवल प्रशासनिक नहीं, बल्कि भावनात्मक वचनहै सेवा करने वालों के प्रति सम्मान और उनके परिवारों के प्रति समर्थन का।

भारत-बारबाडोस के बीच लोकतंत्र की नई डोर — विजेंद्र गुप्ता ने की प्रधानमंत्री मिया अमोर मोटली से सौहार्द भेंट

68वें कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री कॉन्फ्रेंस के अवसर पर हुआ ऐतिहासिक संवाददिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने 68वें कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री कॉन्फ्रेंस (सीपीसी) के दौरान बारबाडोस की प्रधानमंत्री मिया अमोरमोटली से शिष्टाचार भेंट की। यह मुलाकात भारत और बारबाडोस के बीच गहराते सहयोग और साझा लोकतांत्रिक मूल्यों को नई दिशा देने वालीसाबित हुई। कॉमनवेल्थ कॉन्फ्रेंस बना लोकतांत्रिक संवाद का सेतुबारबाडोस में आयोजित यह सम्मेलन लोकतांत्रिक विचारों, जनभागीदारी और वैश्विक सहयोग के आदान-प्रदान का एक प्रभावशाली मंच रहा। विजेंद्रगुप्ता की भागीदारी ने इस बात को रेखांकित किया कि भारत न केवल राष्ट्रीय स्तर पर बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी लोकतांत्रिक आदर्शों को सशक्तकरने के लिए प्रतिबद्ध है। Modi@20 पुस्तक बनी भारत की विकास यात्रा का प्रतीकइस विशेष भेंट के दौरान श्री गुप्ता ने प्रधानमंत्री मोटली को Modi@20 पुस्तक भेंट की। यह पुस्तक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में भारतकी दो दशकों की परिवर्तनकारी यात्रा को समर्पित है।गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने सुशासन, नवाचार और वैश्विक सहयोग केक्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धियाँ हासिल की हैं। उन्होंने इस पुस्तक को भारत की नई सोच और विकास के नए युग का परिचय बताया। बारबाडोस की प्रधानमंत्री ने भारत की मित्रता को किया नमनप्रधानमंत्री मिया अमोर मोटली ने भारत के प्रति अपनी गहरी कृतज्ञता व्यक्त की। उन्होंने कोविड-19 महामारी के दौरान भारत द्वारा दी गई मदद कोयाद करते हुए कहा, भारत ने उस कठिन समय में जो सहयोग और संवेदना दिखाई, वह हमारे लिए अविस्मरणीय है। बारबाडोस भारत की उसएकजुटता को सदा स्मरण रखेगा।उनके इस भाव ने दोनों देशों के बीच मानवता और मित्रता की मजबूत डोर को और प्रगाढ़ बना दिया। साझा लोकतांत्रिक दृष्टिकोण और भविष्य की संभावनाएँगुप्ता और प्रधानमंत्री मोटली के बीच बातचीत में लोकतंत्र की सुदृढ़ता, सुशासन, जलवायु परिवर्तन और सतत विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भीविचार-विमर्श हुआ। दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि भारत और बारबाडोस जैसे लोकतांत्रिक राष्ट्रों को मिलकर विश्व में शांति, समानताऔर विकास के लिए योगदान देना चाहिए। शिष्टाचार भेंट बनी सहयोग की नई पहलयह मुलाकात केवल एक औपचारिक भेंट नहीं थी, बल्कि दो मित्र देशों के बीच सहयोग, विश्वास और साझेदारी की नई पहल थी। 68वें कॉमनवेल्थपार्लियामेंट्री कॉन्फ्रेंस के दौरान हुई यह भेंट दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और गहराई देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई। विजेंद्र गुप्ता का संदेश भारत विश्व का विश्वसनीय साथीविजेंद्र गुप्ता ने कहा कि भारत सदैव सहयोग और सम्मान के सिद्धांत पर विश्वास करता है। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत नकेवल अपनी प्रगति की राह पर आगे बढ़ रहा है, बल्कि दुनिया के हर कोने में मानवता, लोकतंत्र और विकास का संदेश भी दे रहा है।

पशु-अवशेष से बनी खादों पर रोक की मांग, पौध आधारित विकल्पों को बढ़ावा देने की अपील – मनोज कुमार जैन

भगवान महावीर देशना फाउंडेशन (बीएमडीएफ) ने भारत सरकार के कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय को एक औपचारिक पत्र भेजकर मांग की हैकि पशु-अवशेषों जैसे मांस, हड्डियों, रक्त और मछली आदि से तैयार की जाने वाली जैविक खादों पर तुरंत रोक लगाई जाए। साथ ही ऐसे खादों केस्थान पर पौधों से बनने वाले विकल्पों को बढ़ावा दिया जाए ताकि खेती पूरी तरह से शाकाहारी और नैतिक रूप से शुद्ध बनी रहे। शाकाहारी और आस्था रखने वाले लोगों की भावनाओं को ठेसफाउंडेशन के निदेशक और दिल्ली नगर निगम के पार्षद मनोज कुमार जैन ने बताया कि हाल के वर्षों में प्राकृतिक और जैविक खेती के नाम पर ऐसेखादों का उपयोग बढ़ता जा रहा है जो पशु-अवशेषों से तैयार किए जाते हैं। इससे देश के करोड़ों शाकाहारी, जैन, वैष्णव, सिख, बौद्ध और वेगननागरिकों की धार्मिक और नैतिक भावनाएं आहत हो रही हैं। जैन ने कहा कि जिन पौधों या फसलों को ऐसे खादों से पोषित किया जाता है, उन्हें पूर्णरूप से शुद्ध शाकाहारी नहीं कहा जा सकता। यह न केवल धार्मिक असहजता का कारण है बल्कि आस्था और विश्वास पर आधारित भोजन की शुद्धताका भी उल्लंघन है। फाउंडेशन की प्रमुख अपीलेंजैन ने सरकार से कहा कि सभी प्रकार की खादों पर साफ-साफ उल्लेख होना चाहिए कि वे किस स्रोत से बनी हैं। यदि किसी खाद में पशु-अवशेषोंका उपयोग किया गया है, तो उसका विवरण किसानों और उपभोक्ताओं को बताया जाना चाहिए ताकि वे अपनी धार्मिक मान्यताओं के अनुसारनिर्णय ले सकें। उन्होंने यह भी कहा कि पौधों से बनी जैविक खादों के लिए एक अलग श्रेणी तय की जाए और ऐसे खादों को विशेष प्रमाणपत्र दियाजाए जिससे किसान और उपभोक्ता यह जान सकें कि यह पूर्ण रूप से वनस्पति आधारित है। इसके साथ ही कृषि विश्वविद्यालयों और अनुसंधानसंस्थानों को प्रोत्साहित किया जाए कि वे केवल पौध, गो-आधारित या सूक्ष्म जीवों से बनने वाली खादों पर शोध करें और उनका प्रयोग बढ़ाएं। जैन नेयह भी सुझाव दिया कि ऐसी फसलों के लिए एक विशेष पहचान चिन्ह जारी किया जाए जो पूर्णतः गैर-पशु स्रोतों से तैयार की गई हों, ताकि उनकीशुद्धता पर कोई संदेह न रहे। अहिंसा और सतत जीवनशैली की दिशा में एक कदममनोज कुमार जैन ने कहा कि यह पहल न केवल करोड़ों शांति और अहिंसा में विश्वास रखने वाले नागरिकों की धार्मिक भावनाओं की रक्षा करेगी, बल्कि यह भारत की पहचान को भी और मजबूत बनाएगी। उन्होंने कहा कि भारत सदियों से अहिंसा, अनेकांत और सतत जीवनशैली का प्रतीक रहा है, और इस दिशा में सरकार का सहयोग देश की संस्कृति और परंपरा को और ऊँचा उठाएगा। संबंधित विभागों को भेजी गई प्रतिलिपिफाउंडेशन ने इस पत्र की प्रतिलिपि पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण, कृषि अनुसंधान परिषद, एपीडा और नीति आयोग के कृषि विभाग को भी भेजी है, ताकि इस विषय पर तुरंत कदम उठाए जा सकें। समापन संदेशफाउंडेशन का कहना है कि यदि देश को अहिंसा और शुद्धता का प्रतीक बनाना है, तो खेती से लेकर भोजन तक हर स्तर पर पशु-अवशेषों के प्रयोग कोसमाप्त करना होगा। श्री मनोज कुमार जैन ने कहा कि हमारी भूमि तभी पवित्र मानी जाएगी जब उसमें जीवन की रक्षा करने वाले तत्वों का प्रयोग होगा, न कि जीवन को समाप्त करने वाले अवशेषों का।

भाजपा की वोट चोरी के खिलाफ कांग्रेस का जनसंघर्ष — देवेन्द्र यादव बोले, अब हर कांग्रेस सिपाही बने लोकतंत्र का चौकीदार

दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेन्द्र यादव के नेतृत्व में आज आदर्श नगर जिला कांग्रेस कमेटी में भाजपा की वोट चोरी के खिलाफ ज़ोरदारहस्ताक्षर अभियान चलाया गया। इस अभियान में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में आम नागरिकों ने भी भाग लिया और भाजपा की कथितवोट चोरी की साज़िश के खिलाफ अपनी आवाज़ बुलंद की। आदर्श नगर में हुआ विशाल हस्ताक्षर अभियानआदर्श नगर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सिद्धार्थ राव के नेतृत्व में इस अभियान का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ताऔर स्थानीय नागरिक शामिल हुए। कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष देवेन्द्र यादव, पूर्व विधायक हरी शंकर गुप्ता, सी.पी. मित्तल, जगजीवन शर्मा, चमनलाल शर्मा, सत्येन्द्र शर्मा, देवराज अरोड़ा, प्रेरणा सिंह, त्रिलोक चौधरी, आभा चौधरी, और शिवांग सिंघल सहित सभी ब्लॉक अध्यक्ष, जिला एवंब्लॉक पदाधिकारी और पर्यवेक्षक मौजूद रहे। देवेन्द्र यादव ने कहा कि यह अभियान केवल एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि लोकतंत्र की रक्षाका संकल्प है। भाजपा की वोट चोरी देश को कमजोर करने की साज़िशदेवेन्द्र यादव ने कहा कि भाजपा ने सत्ता में बने रहने के लिए वोट चोरी का जो खेल खेला है, वह देश के लोकतांत्रिक ढांचे को कमजोर करने कीसाज़िश है। उन्होंने बताया कि राहुल गांधी जी ने इस षड्यंत्र को पूरे देश के सामने उजागर किया है।उन्होंने कहा राहुल गांधी जी ने मीडिया के सामनेस्पष्ट किया कि भाजपा और चुनाव आयोग की मिलीभगत से एक ही घर में 140-160 वोट दर्ज हैं। एक ही नागरिक का नाम चार-चार विधानसभाक्षेत्रों में मौजूद है। यह सिर्फ धोखाधड़ी नहीं, बल्कि संविधान के अस्तित्व के लिए खतरा है। जनता के वोट से पहले ही खेला जा रहा है खेलदेवेन्द्र यादव ने कहा कि आम वोटर जब अपने घर से मतदान के लिए निकलता है, तो पोलिंग बूथ पर जाकर पता चलता है कि उसकी वोट पहले सेडाली जा चुकी है या उसका नाम सूची से हटा दिया गया है। कई मामलों में एक व्यक्ति के नाम पर दूसरे इलाकों में भी वोट बनाई गई है।उन्होंने कहाकि यह सब भाजपा की योजनाबद्ध साजिश है ताकि कांग्रेस समर्थकों की वोटें कट जाएं और परिणाम भाजपा के पक्ष में जाएं। कांग्रेस कार्यकर्ता घर-घर जाकर करेंगे जागरूकता अभियानदेवेन्द्र यादव ने बताया कि अब दिल्ली कांग्रेस कार्यकर्ता घर-घर जाकर नागरिकों को उनके वोट चोरी होने से बचाने के लिए जागरूक करेंगे। उन्होंनेकहा कि हस्ताक्षर अभियान सिर्फ शुरुआत है, आगे कांग्रेस जन जागरूकता के लिए हर गली-मोहल्ले तक पहुंचेगी। उन्होंने कहा हर कांग्रेस सिपाही कोयह सुनिश्चित करना होगा कि उसका वोट सुरक्षित रहे। साथ ही, अपने आस-पड़ोस, ब्लॉक, बूथ और कॉलोनी के लोगों की वोट भी सुरक्षित रहे।भाजपा की कूटनीति को नाकाम करना हर कार्यकर्ता की जिम्मेदारी है। वोट का अधिकार हर नागरिक का संवैधानिक हक़ हैदेवेन्द्र यादव ने कहा कि संविधान ने 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र के हर नागरिक चाहे वह महिला हो, पुरुष या ट्रांसजेंडर को वोट देने का अधिकारदिया है। मगर भाजपा इस अधिकार को कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि पिछले 11 वर्षों से जब भी चुनाव आते हैं, माहौल जनता के पक्ष में होताहै, लेकिन नतीजे भाजपा के पक्ष में आ जाते हैं, क्योंकि पर्दे के पीछे वोट चोरी की राजनीति चल रही होती है।देवेन्द्र यादव ने कहा कि राहुल गांधी जीगरीबों, दलितों, पिछड़ों, आदिवासियों और हर वर्ग के अधिकारों की आवाज़ हैं, इसलिए भाजपा उनसे डरती है और वोट चोरी के ज़रिए लोकतंत्र परहमला कर रही है। हर कांग्रेस सिपाही बनेगा लोकतंत्र का पहरेदारदेवेन्द्र यादव ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा कि अब वक्त आ गया है कि हर कांग्रेस सिपाही अपने वोट की चौकीदारी खुद करे।उन्होंने कहा भाजपा की कुटिल राजनीति से सचेत रहना होगा। अपने इलाके के हर व्यक्ति की वोट सूची चेक करें, यह सुनिश्चित करें कि किसी का नामगायब न हो, बदला न गया हो या कोई दूसरा व्यक्ति उसकी वोट न डाल दे। उन्होंने आगे कहा कि यह केवल राजनीतिक लड़ाई नहीं बल्कि लोकतंत्रकी सुरक्षा की लड़ाई है, और कांग्रेस इस लड़ाई को आख़िरी दम तक लड़ेगी। दिल्ली के अन्य जिलों में भी चला हस्ताक्षर अभियानआदर्श नगर के अलावा, कृष्णा नगर जिला कांग्रेस कमेटी और किराड़ी जिला कांग्रेस कमेटी में भी भाजपा की वोट चोरी के खिलाफ बड़े पैमाने परहस्ताक्षर अभियान चलाया गया। कृष्णा नगर जिले में पूर्व मंत्री डॉ. नरेंद्र नाथ के नेतृत्व में दो किलोमीटर लंबी पदयात्रा निकाली गई, जिसमेंकार्यकर्ताओं ने सड़कों और बाज़ारों में लोगों से हस्ताक्षर लिए। वहीं किराड़ी जिले में यह अभियान पूर्व विधायक सुरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में चला। गांधीनगर में लोकसभा प्रभारी तस्वीर सोलंकी, जिला पर्यवेक्षक मोहम्मद उस्मान, राजेन्द्र तंवर, नफीस मलिक, हाजी समीर मंसूरी, सुमित शर्मा, जगतचौधरी, राजीव चौधरी, और कमल अरोड़ा सहित अनेक कांग्रेस नेता मौजूद रहे। भाजपा की साज़िश को नाकाम करेंगेकार्यक्रम के समापन पर देवेन्द्र यादव ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता अब भाजपा की वोट चोरी की हर चाल को नाकाम करेंगे। उन्होंने कहा लोकतंत्र कोबचाना है तो हर नागरिक को सतर्क रहना होगा। भाजपा चाहे जितनी कोशिश कर ले, कांग्रेस जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए सड़क से संसद तकसंघर्ष करती रहेगी।

किसानों के हित में आम आदमी पार्टी की आवाज़ – गोपाल राय का भाजपा सरकार पर बड़ा हमला

गुजरात प्रभारी गोपाल राय ने गुजरात के किसानों के मुद्दे पर भाजपा सरकार को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि गुजरात की भाजपा सरकार लगातारकिसानों के खिलाफ काम कर रही है और जो भी किसान अपनी आवाज़ उठाने की कोशिश करता है, उसके साथ दमनात्मक व्यवहार किया जा रहा है। गुजरात के किसानों पर लगातार दमनगोपाल राय ने कहा कि गुजरात के बोटाद मार्केटिंग यार्ड में किसान अपने कपास की फसल बेचने के लिए जाते हैं, लेकिन वहां किसानों का लगातारशोषण हो रहा है। किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य नहीं मिल रहा और जब उन्होंने अपने हक़ के लिए आवाज़ उठाई, तो सरकार ने उनकीबात सुनने की बजाय दमन का रास्ता अपनाया। उन्होंने बताया कि हज़ारों किसान वहां आंदोलन कर रहे थे, जो रात भर चलता रहा। मगर भाजपासरकार ने किसानों की जायज़ मांगों को मानने की जगह रात के अंधेरे में आम आदमी पार्टी के किसान नेता राजू करपड़ा को पुलिस द्वारा उठवा लिया। प्रधानमंत्री किसानों की चिंता की बात करते हैं, लेकिन जमीन पर दमन चलता हैगोपाल राय ने प्रधानमंत्री पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहते हैं कि वे किसानों के हित से कोई समझौता नहींकरेंगे, लेकिन हकीकत यह है कि गुजरात में किसानों को उनकी मेहनत का उचित दाम नहीं मिल रहा। उन्होंने बताया कि पहले से ही कपास के दामों मेंभारी गिरावट आई हुई थी, ऊपर से अमेरिका ने भारत के कपास पर 50 प्रतिशत टैरिफ बढ़ा दिया। लेकिन सरकार ने किसानों के हित में कदम उठानेकी बजाय उल्टा 11 प्रतिशत टैरिफ को जीरो कर दिया, जिससे किसानों को और भी बड़ा नुकसान हुआ। स्थानीय स्तर पर भी किसानों का शोषण जारीगोपाल राय ने कहा कि अब जब कपास की फसल तैयार है, तो किसानों को स्थानीय स्तर पर भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मार्केट यार्ड मेंकिसानों के साथ अन्याय किया जा रहा है, उनके माल को खरीदा नहीं जा रहा और उन पर दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसान अपनीमांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार उस आंदोलन को कुचलने का प्रयास कर रही है। यार्ड में लंबे-लंबे कतारों में किसान खड़े हैं, मगरउनकी सुनवाई के लिए कोई अधिकारी या जनप्रतिनिधि सामने नहीं आ रहा। भाजपा सरकार से अपील – किसानों की मांगें तुरंत मानी जाएंआम आदमी पार्टी के नेता गोपाल राय ने भाजपा सरकार से स्पष्ट रूप से कहा कि मार्केट यार्ड में बैठे किसानों की जायज़ मांगों को तुरंत स्वीकार कियाजाए। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ कपास किसानों का नहीं बल्कि पूरे गुजरात के किसानों का प्रश्न है, जिन्हें भाजपा सरकार लगातार नज़रअंदाज़ कर रहीहै। महापंचायत की चेतावनी – अगर सरकार ने नहीं सुना तो कल 5 बजे करेंगे आंदोलनगोपाल राय ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अगर सरकार ने किसानों की मांगों को नहीं सुना, तो कल शाम 5 बजे आम आदमी पार्टी बोटाद मार्केटिंगयार्ड में महापंचायत बुलाएगी। इस महापंचायत में पार्टी के वरिष्ठ नेता और किसान नेता शामिल होंगे और सरकार के खिलाफ बड़ा आंदोलन शुरूकिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अगर सरकार लाठीचार्ज करती है या गिरफ्तारी का रास्ता अपनाती है, तो भी आम आदमी पार्टी पीछे नहीं हटेगी। जबतक किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं होता, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। किसानों के साथ अन्याय बर्दाश्त नहीं करेंगेअंत में गोपाल राय ने कहा कि आम आदमी पार्टी हर किसान के साथ खड़ी है। गुजरात के किसान देश की रीढ़ हैं, और उनके साथ जो अन्याय हो रहाहै, उसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, अगर भाजपा सरकार को लगता है कि दमन से किसान चुप हो जाएंगे, तो यह उनकी भूल है।किसान झुकेगा नहीं, उसकी लड़ाई जारी रहेगी और आम आदमी पार्टी इस संघर्ष में उसके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी रहेगी।