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NEWS अब तक

Delhi BJP Leaders Celebrate Chhath Mahaparv with Devotees Across the Capital, Extend Greetings to the Purvanchal Community

On the auspicious occasion of Chhath Mahaparv, Delhi Chief Minister Mrs. Rekha Gupta and Delhi BJP President Mr. Virendra Sachdeva, along with MP Mr. Yogendra Chandolia and local MLA Mr. Rajkumar Chauhan, participated in the grand Chhath Puja celebration organized at Bapudham, Mangolpuri. They extended greetings to the fasting women (vratis) and their families performing […]

राजधानी दिल्ली में छठ महापर्व का भव्य जश्न-सांसद मनोज तिवारी ने यमुना की लहरों पर गाया छठ गीत

राजधानी दिल्ली में इस बार छठ महापर्व का उत्सव बेहद भव्य और यादगार रहा। यमुना के स्वच्छ तटों पर श्रद्धा, भक्ति और संगीत का अद्भुत संगमदेखने को मिला, जब उत्तर-पूर्वी दिल्ली के सांसद मनोज तिवारी ने यमुना नदी में नाव पर सवार होकर पारंपरिक छठ गीत गाए। उनके साथ दिल्ली कीमुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और मंत्री कपिल मिश्रा भी नाव पर मौजूद रहे। इस दृश्य ने दिल्ली के घाटों पर छठ मनाने आए हजारों श्रद्धालुओं के बीच उत्साहऔर श्रद्धा का माहौल बना दिया। यमुना की लहरों पर गूंजे भक्ति गीतसांसद मनोज तिवारी, जो स्वयं एक लोकप्रिय लोकगायक भी हैं, ने जब यमुना की लहरों पर बैठकर कांच ही बांस के बहंगिया जैसे छठ गीतों की मधुरप्रस्तुति दी, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा।श्रद्धालु महिलाएँ और परिवारजन घाटों पर खड़े होकर उनके सुरों के साथ छठ मैया के जयकारे लगानेलगे। यह पल न केवल संगीत का, बल्कि आस्था और संस्कृति के संगम का प्रतीक बन गया। सीएम रेखा गुप्ता और मंत्री कपिल मिश्रा भी रहे साथमुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और मंत्री कपिल मिश्रा ने भी नाव से घाटों पर उपस्थित श्रद्धालुओं का अभिवादन किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार काउद्देश्य है कि हर समुदाय को अपनी परंपराएँ मनाने की पूरी स्वतंत्रता और सम्मान मिले। मुख्यमंत्री ने कहा, यमुना अब स्वच्छ हो रही है और आज जबहम इस नदी में छठ मना रहे हैं, तो यह दिल्ली के सांस्कृतिक पुनर्जागरण का प्रतीक है। स्वच्छ यमुना पर छठ पूजा का ऐतिहासिक दृश्यकई वर्षों बाद यमुना इतनी स्वच्छ दिखाई दी। श्रद्धालु महिलाएँ घाटों पर साफ पानी में सूर्य देव को अर्घ्य दे रही थीं। मनोज तिवारी ने कहा कि जबयमुना स्वच्छ होती है, तो पूजा का महत्व और भी बढ़ जाता है। स्वच्छता केवल सफाई नहीं, बल्कि हमारी श्रद्धा का हिस्सा है। उन्होंने दिल्ली सरकारऔर प्रशासन की उस मेहनत की सराहना की, जिसके कारण घाटों की सफाई, रोशनी और सुरक्षा व्यवस्था इतनी सुचारू रही। छठ पूजा आस्था, अनुशासन और एकता का पर्वसांसद तिवारी ने कहा कि छठ पूजा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि यह प्रकृति, परिवार और समाज के बीच संतुलन का प्रतीक है। उन्होंनेबताया कि यह पर्व सूर्य देव और छठी मैया की उपासना के माध्यम से जीवन में ऊर्जा, समृद्धि और सकारात्मकता का संचार करता है। उन्होंने सभीश्रद्धालुओं से अपील की कि वे इस पवित्र पर्व को स्वच्छता और अनुशासन के साथ मनाएँ। राजधानी में छठ की अद्भुत छटाइस वर्ष दिल्ली के यमुना घाटों पर हजारों श्रद्धालुओं ने एक साथ सूर्य देव को अर्घ्य अर्पित किया। शाम होते ही घाटों पर दीपक, फूल और गीतों कीरोशनी से पूरा माहौल जगमगा उठा। सांसद मनोज तिवारी की छठ गीतों की प्रस्तुति ने इस दृश्य को और भी खास बना दिया। घाटों पर मौजूद लोगोंने कहा कि यह पहला मौका है जब दिल्ली में छठ पर्व इतने भव्य, स्वच्छ और सांस्कृतिक रूप में मनाया गया है।

जनकपुरी में छठ महापर्व का भव्य आयोजन-शिक्षामंत्री आशीष सूद ने श्रद्धालुओं से की मुलाकात, दी शुभकामनाएँ

दिल्ली के जनकपुरी क्षेत्र में इस बार छठ महापर्व का आयोजन बेहद भव्य और ऐतिहासिक रहा। दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री और जनकपुरी केविधायक आशीष सूद ने अपने क्षेत्र के कई छठ घाटों का दौरा किया। उन्होंने वहां व्रतधारी माताओं और श्रद्धालुओं से बातचीत की, उनकी कुशलक्षेमजानी और सभी को छठ महापर्व की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं। छठ पूजा केवल सूर्य उपासना नहीं, बल्कि प्रकृति के साथ हमारा रिश्ता हैछठ पूजा के अवसर पर आशीष सूद ने कहा कि यह पर्व सिर्फ सूर्य देव की उपासना का नहीं, बल्कि मानव और प्रकृति के पवित्र रिश्ते को मजबूत करनेका प्रतीक है। उन्होंने कहा कि छठ पर्व अनुशासन, आस्था, स्वच्छता और सामूहिक एकता का प्रतीक है। इस पर्व से समाज में प्रेम, सहयोग औरएकजुटता का भाव पैदा होता है। 27 वर्षों में पहली बार इतने बड़े स्तर पर छठ पूजाआशीष सूद ने बताया कि इस बार जनकपुरी क्षेत्र में 31 से अधिक छठ घाटों का निर्माण कराया गया है। उन्होंने कहा कि पिछले 27 वर्षों में इतनेव्यापक स्तर पर छठ पूजा का आयोजन कभी नहीं हुआ था। सरकार ने इन सभी घाटों पर सफाई, सुरक्षा, प्रकाश, पेयजल, टेंट, चिकित्सा सुविधा औरआपातकालीन सेवाओं के लिए विशेष टीमों को तैनात किया है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो। श्रद्धालुओं से भावनात्मक अपीलछठ घाटों पर मौजूद श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए श्री सूद ने भावुक होकर कहा बिहार के पटना, बक्सर, दीघा, भागलपुर, बेगूसराय, मोकामा, गया, सिवान जहाँ-जहाँ हमारे परिवारजन रहते हैं, वहाँ तक जनकपुरी से छठी मइया के जयकारों की गूंज सुनाई देनी चाहिए।तभी यह संदेश जाएगा कि इस बार दिल्ली के जनकपुरी में छठ पर्व आस्था, उल्लास और एकता के अभूतपूर्व भाव के साथ मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को धन्यवादआशीष सूद ने दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का विशेष आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने 12 वर्षों बाद यमुना के तटों पर छठ पूजामनाने की अनुमति देकर लाखों प्रवासी परिवारों की भावनाओं का सम्मान किया है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है आने वाले वर्षों में दिल्ली मेंछठ पर्व को और भी भव्य और ऐतिहासिक रूप दिया जाएगा। अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य, कल उगते सूर्य की पूजासूद ने बताया कि आज छठ महापर्व का तीसरा दिन है। इस दिन सभी व्रतधारी माताएँ और श्रद्धालु अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य देकर अपने परिवारकी सुख-समृद्धि की कामना करते हैं। कल प्रातः सभी व्रतधारी उगते सूर्य को अर्घ्य देकर अपनी साधना पूर्ण करेंगे। उन्होंने कहा कि यह परंपरा जीवन मेंऊर्जा, सकारात्मकता और नवचेतना का संचार करती है। दिल्ली में छठ अब राजधानी की सांस्कृतिक पहचानसूद ने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार हर धर्म और समुदाय के पर्वों को समान सम्मान और सहयोग के साथ मना रही है।उन्होंने कहा कि छठ पूजा जो पहले सिर्फ बिहार और पूर्वांचल की परंपरा मानी जाती थी, आज दिल्ली की सांस्कृतिक पहचान बन चुकी है। यह पर्वअब दिल्ली के हर वर्ग और समुदाय को जोड़ने का काम कर रहा है। छठ पूजा जीवन में प्रकाश और सकारात्मकता का संदेश देती है आशीष सूद ने कहा कि जब हम सूर्य देव को अर्घ्य देते हैं, तो यह सिर्फ प्रकृति के प्रति आभार नहीं, बल्कि अपने भीतर की चेतना को जगाने का प्रतीकभी है। उन्होंने कहा कि छठ पर्व हमें सिखाता है कि प्रकृति का सम्मान करें, स्वच्छता बनाए रखें और सामूहिकता के साथ आगे बढ़ें।

चुनाव आयोग की SIR घोषणा पर कांग्रेस का सवाल मंशा पर उठे संदेह, पारदर्शिता पर सवाल – पवन खेड़ा

कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने आज चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि आयोग ने 12 राज्यों में SIR (Special Intensive Revision) की घोषणा तो कर दी है, लेकिन अभी तक बिहार में हुए SIR से जुड़े कई सवालों के जवाब नहीं दिए गए हैं।पवन खेड़ा ने कहा कि बिहार में SIR के दौरान जो गड़बड़ियाँ हुईं, उसने चुनाव आयोग और भाजपा—दोनों की नीयत पर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या है SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन)?पवन खेड़ा ने कहा कि SIR एक ऐसी प्रक्रिया होती है, जिसमें चुनाव आयोग के कर्मचारी घर-घर जाकर वोटर लिस्ट की जांच करते हैं। इस प्रक्रिया मेंनए वोटरों को जोड़ा जाता है और जिनके नाम हटाने होते हैं, उन्हें डिलीट किया जाता है। उन्होंने कहा कि यह प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके सेहोनी चाहिए, लेकिन अब इसका दुरुपयोग हो रहा है। बिहार के SIR में हुई गड़बड़ियों पर बोली कांग्रेसकांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि बिहार में हुए SIR ने कई सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि बिहार के SIR को ठीक करने के लिए सुप्रीम कोर्ट कोदखल देना पड़ा, यह बताता है कि प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं थी। पवन खेड़ा ने आरोप लगाया कि बिहार में कई ऐसे मामलों में मतदाताओं के नामगलत तरीके से वोटर लिस्ट से हटा दिए गए, जिससे मताधिकार प्रभावित हुआ। SIR में चुनाव आयोग और भाजपा की नीयत संदिग्ध दिख रही हैपवन खेड़ा ने कहा कि बिहार में जो कुछ हुआ, उसने यह साफ कर दिया कि चुनाव आयोग और भाजपा की नीयत साफ नहीं है। उन्होंने कहा, जब भीSIR होता है, तो आयोग के कर्मचारी हर घर जाकर सत्यापन करते हैं। लेकिन इस बार ऐसा लगता है कि इस प्रक्रिया को पक्षपातपूर्ण तरीके सेचलाया गया। उनके मुताबिक, कुछ इलाकों में विपक्षी समर्थकों के नाम वोटर लिस्ट से हटाए गए जबकि भाजपा समर्थकों के नाम जोड़े गए। राहुल गांधी के ‘वोट चोरी’ मामले का भी जिक्रपवन खेड़ा ने अपने बयान में राहुल गांधी के आलंद विधानसभा क्षेत्र का भी उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि वहां वोटर लिस्ट से नाम गायब होने कीशिकायतें आईं थीं। बाद में जांच में यह सामने आया कि यह कोई छोटी गलती नहीं थी, बल्कि एक सेंट्रलाइज्ड ऑपरेशन था, जिसके ज़रिएसुनियोजित तरीके से वोटर लिस्ट में हेराफेरी की जा रही थी। उन्होंने कहा, SIT की जांच में सामने आया है कि वोटर लिस्ट से नाम काटने का एक बड़ानेटवर्क चलाया जा रहा था। यह लोकतंत्र के लिए बेहद खतरनाक संकेत है। चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर उठे सवालकांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि जब ऐसी घटनाओं के बाद भी चुनाव आयोग बिना स्पष्टीकरण दिए नए राज्यों में SIR की घोषणा करता है, तो लोगों केमन में संदेह पैदा होता है। उन्होंने कहा कि आयोग को पहले यह बताना चाहिए था कि बिहार में जो गड़बड़ियां हुईं, उन पर क्या कार्रवाई की गई।पवन खेड़ा ने कहा, देश के लोगों को चुनाव आयोग से भरोसा था, लेकिन अब भरोसा कमजोर हो रहा है। आयोग को पारदर्शी और निष्पक्ष रहनाचाहिए, न कि सरकार के दबाव में। SIR की मंशा ठीक नहीं लगतीपवन खेड़ा ने कहा कि बिहार के अनुभवों के बाद अब जब चुनाव आयोग ने 12 नए राज्यों में SIR की घोषणा की है, तो उसकी मंशा पर सवाल उठनास्वाभाविक है। उन्होंने कहा, ऐसा लगता है कि यह प्रक्रिया ईमानदारी से नहीं, बल्कि किसी खास राजनीतिक लाभ के लिए की जा रही है। कांग्रेसप्रवक्ता ने कहा कि जब विपक्ष और आम मतदाता दोनों ही संतुष्ट नहीं हैं, तो इसका मतलब है कि कुछ तो गड़बड़ है।लोकतंत्र में वोट चोरी सबसे बड़ा अपराध हैपवन खेड़ा ने कहा कि भारत का लोकतंत्र मतदाता की भागीदारी पर टिका हुआ है।अगर वोटर लिस्ट से किसी का नाम जानबूझकर हटाया जाता है यागलत तरीके से जोड़ा जाता है, तो यह सीधे लोकतंत्र पर हमला है। उन्होंने कहा, लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत मतदाता है। अगर मतदाता ही प्रभावितहोगा, तो चुनावों की साख खत्म हो जाएगी। कांग्रेस ने मांगा पारदर्शी जवाबकांग्रेस प्रवक्ता ने मांग की कि चुनाव आयोग सार्वजनिक रूप से बताए कि 12 राज्यों में SIR करवाने की जरूरत क्यों पड़ी और इसमें क्या प्रक्रियाअपनाई जाएगी। उन्होंने कहा कि अगर आयोग वास्तव में निष्पक्ष है, तो उसे यह बताना चाहिए कि बिहार जैसी गलतियां दोबारा न हों, इसके लिएक्या कदम उठाए गए हैं। जनता का भरोसा टूटना सबसे बड़ा खतरा हैपवन खेड़ा ने कहा कि आज देश के लोग चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर सवाल उठा रहे हैं। उन्होंने कहा, अगर जनता को यह महसूस हो जाए किचुनाव निष्पक्ष नहीं हैं, तो लोकतंत्र की नींव हिल जाएगी। आयोग को इस भरोसे को बचाना चाहिए, लेकिन अफसोस है कि वह ऐसा नहीं कर पा रहा।

भाजपा सरकार ने छठ जैसे पवित्र पर्व पर शराब की दुकानें खोलकर की आस्था का अपमान — सौरभ भारद्वाज

दिल्ली में छठ महापर्व के दिन शराब की दुकानें खुली देखकर आम आदमी पार्टी ने भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। आम आदमी पार्टी केवरिष्ठ नेता और दिल्ली प्रदेश संयोजक सौरभ भारद्वाज ने कहा कि भाजपा सरकार ने पूरे पूर्वांचल समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।उन्होंने कहाकि छठ पूजा जैसे पवित्र दिन पर जब लोग व्रत रखते हैं, नदी और घाटों पर स्नान करते हैं, तब दिल्ली सरकार की शराब की दुकानें खुली रहना बहुतशर्मनाक बात है। छठ महापर्व का मतलब आस्था, पवित्रता और स्वच्छतासौरभ भारद्वाज ने कहा कि छठ महापर्व सिर्फ एक त्योहार नहीं, बल्कि आस्था और पवित्रता का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि पूर्वांचल के लोग इस पर्वकी तैयारी कई दिन पहले से करते हैं। घर की सफाई होती है, मिट्टी से नया चूल्हा बनाया जाता है, और पूजा के लिए ठेकुआ, चावल की खीर, औरफल प्रसाद के रूप में तैयार किए जाते हैं। हर चीज़ में शुद्धता और पवित्रता का ध्यान रखा जाता है।उन्होंने कहा, ऐसे दिन पर शराब की दुकानें खुलवाना सीधा-सीधा अपमान है। यह न केवल धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाता है बल्कि समाज मेंगलत संदेश भी देता है। भाजपा सरकार ने छठ पर सारे शराब के ठेके खोल दिएसौरभ भारद्वाज ने बताया कि उन्होंने खुद कई शराब की दुकानों का दौरा किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली की डीटीटीडीसी (दिल्ली पर्यटन निगम) औरडीएसआईआईडीसी (दिल्ली औद्योगिक विकास निगम) की दुकानों पर शराब की बिक्री हो रही थी। उन्होंने कहा, जब मैं दुकानों पर गया, तो देखा किदुकानें खुली हैं, लेकिन वहां कोई ग्राहक नहीं है। लोग खुद शर्मिंदगी महसूस कर रहे हैं। क्योंकि उन्हें पता है कि आम आदमी पार्टी की सरकार में छठके दिन शराब की दुकानें बंद रहती थीं। केजरीवाल सरकार में छठ पर पूरा दिल्ली ड्राई डे घोषित होता थासौरभ भारद्वाज ने बताया कि जब आम आदमी पार्टी की सरकार थी, तब छठ पर्व के दिन दिल्ली में पूरी तरह शराब की बिक्री बंद कर दी जाती थी।अरविंद केजरीवाल सरकार इस दिन को ड्राई डे घोषित करती थी ताकि आस्था और पवित्रता बनी रहे। उन्होंने कहा, हमारी सरकार ने हमेशा धर्म औरआस्था का सम्मान किया। लेकिन भाजपा की सरकार आते ही उन्होंने छठ पर शराब की दुकानें खुलवा दीं। यह आस्था के साथ खिलवाड़ है। पूर्वांचलियों की भावनाओं को ठेस पहुंचीसौरभ भारद्वाज ने कहा कि छठ पूजा बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश, झारखंड और नेपाल के कई हिस्सों में बड़ी श्रद्धा के साथ मनाई जाती है। दिल्ली में भीलाखों पूर्वांचली परिवार रहते हैं, जो यमुना किनारे और तालाबों पर छठ का पर्व मनाते हैं। उन्होंने कहा, इन परिवारों के लिए यह सबसे बड़ा पर्व है।ऐसे दिन पर शराब की दुकानें खोलना उनके विश्वास का अपमान है। भाजपा सरकार को तुरंत माफी मांगनी चाहिए। भाजपा नकली सनातनी है, धर्म के नाम पर राजनीति करती हैसौरभ भारद्वाज ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा सिर्फ धर्म की बातें करती है, लेकिन असल में धर्म का पालन नहीं करती। उन्होंनेकहा, भाजपा के नेता खुद को सनातनी कहते हैं, लेकिन छठ जैसे पवित्र पर्व पर शराब बेचने की अनुमति देकर उन्होंने साबित कर दिया कि उनकासनातन सिर्फ दिखावा है। उन्होंने आगे कहा, ये नकली सनातनी हैं, जिन्होंने आस्था को राजनीति का साधन बना दिया है। भाजपा के मुंह से अब‘आस्था’ और ‘पवित्रता’ जैसे शब्द भी झूठे लगते हैं। सरकार के आदेश पर खुली दुकानें, जनता को हो रही शर्मिंदगीआम आदमी पार्टी के नेता ने कहा कि शराब की ये दुकानें बिना सरकारी आदेश के नहीं खुल सकतीं। उन्होंने कहा, डीटीटीडीसी औरडीएसआईआईडीसी दोनों दिल्ली सरकार के अधीन हैं। इसका मतलब साफ है कि सरकार ने खुद आदेश दिया था कि छठ के दिन दुकानें खुलें। यहबहुत शर्मनाक है। सौरभ भारद्वाज ने बताया कि जब वह दुकानों पर पहुंचे तो वहां कर्मचारी थे, दुकानें खुली थीं, लेकिन एक भी ग्राहक नहीं था। उन्होंनेकहा, लोग जानते हैं कि यह गलत है। लोग खुद नहीं जा रहे, क्योंकि उन्हें सरकार से ज्यादा शर्म आ रही है। छठ के दिन शराब पीकर झगड़े और दंगे हो सकते हैंसौरभ भारद्वाज ने यह भी कहा कि छठ के मौके पर भीड़भाड़ वाले इलाकों में शराब बेचना खतरनाक हो सकता है।उन्होंने कहा कि अगर लोग शराबपीकर घाटों के पास पहुंचते हैं, तो वहां महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को खतरा हो सकता है। उन्होंने कहा, शराब पीकर लोग अक्सर झगड़े करते हैं, जिससे माहौल खराब होता है। छठ के दिन तो ऐसा बिल्कुल नहीं होना चाहिए। यह पर्व स्वच्छता और शांति का प्रतीक है। भाजपा सरकार धर्म और आस्था का मज़ाक बना रही हैसौरभ भारद्वाज ने कहा कि भाजपा सरकार का यह फैसला बताता है कि उन्हें लोगों की भावनाओं की कोई परवाह नहीं है। उन्होंने कहा, जो लोग दिन-रात सनातन धर्म की बातें करते हैं, वही लोग आज छठ जैसे पवित्र पर्व पर शराब बेच रहे हैं। यह धर्म नहीं, अधर्म है। उन्होंने भाजपा को नकली सनातनसरकार बताते हुए कहा कि अब भाजपा सरकार के मुंह से ‘धर्म’, ‘आस्था’ और ‘पवित्रता’ जैसे शब्द सुनकर लोगों को हंसी आती है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता जवाब दें शराब की दुकानें क्यों खुलीं?सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से सीधा सवाल पूछा। उन्होंने कहा, मुख्यमंत्री बताएं कि छठ जैसे दिन पर शराब की दुकानें किसकेकहने पर खोली गईं? क्या ये आदेश आपने दिया था? अगर नहीं दिया, तो किसने दिया? जनता को जवाब चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकारको इस मामले में तुरंत जांच करानी चाहिए और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करनी चाहिए। छठ मैया का अपमान बर्दाश्त नहीं करेगा देशसौरभ भारद्वाज ने कहा कि छठ मैया की पूजा पूरे देश में की जाती है। यह पर्व सूर्य देव और प्रकृति की पूजा का प्रतीक है।उन्होंने कहा, यह सिर्फपूर्वांचलियों का नहीं, पूरे भारत का पर्व है। भाजपा सरकार ने इस पर्व पर शराब की दुकानें खोलकर पूरे देश की आस्था को चोट पहुंचाई है। हिंदुस्तानइसे कभी माफ नहीं करेगा। भाजपा का असली चेहरा उजागर हो गया हैसौरभ भारद्वाज ने कहा कि अब दिल्ली के लोग सब समझ चुके हैं। भाजपा धर्म की बातें सिर्फ चुनाव के समय करती है, लेकिन उसके कर्म धर्म केबिल्कुल खिलाफ हैं। उन्होंने कहा, भाजपा को अब लोगों की आस्था से खिलवाड़ बंद करना चाहिए। जनता बहुत समझदार है, और अब ऐसे फैसलोंको भूलने वाली नहीं है।