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NEWS अब तक

Veer Bal Diwas – Remembering Courage, Conscience and India’s Eternal Values – Ashish Sood

Vijay Srivastava26 December 2025 ,New Delhi On the solemn occasion of Veer Bal Diwas at Thyagraj Stadium, Delhi, The Education Minister of Delhi, Ashish Sood, delivered a deeply reflective and inspiring address, highlighting the historical, moral, and educational significance of commemorating the supreme sacrifice of the Sahibzadas. His speech underlined that Veer Bal Diwas is not merely […]

Delhi Steps Up War Against Pollution Transport Department Takes Strong Action Under GRAP – Dr. Pankaj Kumar Singh

Sarita Sahni26 December 2025 ,New Delhi The Delhi Transport Department has significantly intensified its anti-pollution drive across the national capital, sending a strong message that polluting vehicles will not be tolerated. Under the leadership of The Hon’ble Transport Minister Dr. Pankaj Kumar Singh, strict enforcement actions are being carried out while ensuring that citizens face no inconvenience […]

भाजपा शासित एमसीडी का बजट सिर्फ कागज़ों में, ज़मीनी हकीकत से कोसों दूर – अंकुश नारंग

सरिता साहनी26 दिसंबर 2025 ,नई दिल्लीआम आदमी पार्टी ने भाजपा शासित दिल्ली नगर निगम द्वारा स्टैंडिंग कमेटी में पेश किए गए बजट को पूरी तरह कागजी और हवा-हवाई बताते हुएतीखा हमला बोला है। सदन में बजट पर चर्चा के दौरान आम आदमी पार्टी के नेता प्रतिपक्ष अंकुश नारंग ने कहा कि भाजपा बजट में बड़ी-बड़ीउपलब्धियों का दावा कर रही है, लेकिन सच्चाई यह है कि इस बजट का आम जनता, छात्रों, कर्मचारियों और मरीजों की ज़िंदगी पर कोई ठोस असरनहीं दिख रहा। छात्रवृत्ति के नाम पर सिर्फ घोषणाएं, पैसा खर्च ही नहीं हुआअंकुश नारंग ने कहा कि 2024-25 के बजट में छात्रवृत्ति के लिए प्रावधान किया गया था, लेकिन पूरे साल में एक रुपया भी खर्च नहीं हुआ। यहबेहद गंभीर मामला है, क्योंकि निगम स्कूलों में पढ़ने वाले हजारों छात्र-छात्राएं इस सहायता पर निर्भर रहते हैं। उन्होंने आशंका जताई कि कहीं इस बारभी छात्र-छात्राएं छात्रवृत्ति से वंचित न रह जाएं। उन्होंने बताया कि 2025-26 और 2026-27 के लिए फिर से 50 करोड़ रुपये और छात्राओं कीछात्रवृत्ति के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, लेकिन जब पिछले साल पैसा खर्च ही नहीं हुआ, तो नए प्रावधान का क्या मतलब है।यह बजट सिर्फ आंकड़ों का खेल बनकर रह गया है। ढाई लाख बच्चे आज भी यूनिफॉर्म और स्टेशनरी से वंचितअंकुश नारंग ने कहा कि निगम स्कूलों में कुल 6.58 लाख छात्र पढ़ते हैं, लेकिन अभी तक सिर्फ 4.26 लाख छात्रों को ही यूनिफॉर्म, स्टेशनरी औरस्कूल बैग के लिए डीबीटी के जरिए पैसा मिला है। करीब ढाई लाख बच्चे आज भी इस सुविधा से वंचित हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि जब बजटमौजूद है, तो बच्चों तक इसका लाभ क्यों नहीं पहुंच रहा। यह सीधे तौर पर शिक्षा के अधिकार के साथ खिलवाड़ है। डॉग बाइट की घटनाएं जारी, फिर कैसी उपलब्धि?अंकुश नारंग ने कहा कि भाजपा शासित एमसीडी 54,623 आवारा कुत्तों की नसबंदी और टीकाकरण को अपनी बड़ी उपलब्धि बता रही है। लेकिनदिल्ली की सड़कों पर आज भी डॉग बाइट की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि अगर नसबंदी और टीकाकरण सही तरीके से हुआहोता, तो लोगों को आए दिन कुत्तों के काटने की घटनाओं का सामना नहीं करना पड़ता। सिर्फ आंकड़े गिनाने से समस्या खत्म नहीं होती। आयुष्मान आरोग्य मंदिर सिर्फ बोर्ड तक सीमितअंकुश नारंग ने कहा कि दिल्ली में 53 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की बात की जा रही है, लेकिन हकीकत यह है कि इनमें न तो नियमित डॉक्टर हैं, नपर्याप्त दवाइयां और न ही जांच की सुविधाएं। उन्होंने कहा कि सिर्फ दीवार पर बोर्ड लगा देने से स्वास्थ्य सेवा मजबूत नहीं हो जाती। जब मरीज कोइलाज के लिए भटकना पड़े, तो ऐसी योजनाओं का कोई मतलब नहीं रह जाता। वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट घोषणाएं ज्यादा, काम कमनेता प्रतिपक्ष ने कहा कि नरेला-बवाना, ओखला और गाजीपुर में वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट्स की क्षमता बढ़ाने की बात कही जा रही है, लेकिन सवाल यहहै कि जिन प्लांट्स की आधारशिला पहले रखी गई थी, वे आज तक कितने चालू हुए। उन्होंने कहा कि कूड़े की समस्या जस की तस बनी हुई है औरसरकार सिर्फ नई घोषणाओं में व्यस्त है। आवारा पशु और स्ट्रीट लाइट की बदहाल स्थितिअंकुश नारंग ने बताया कि 6,374 मवेशियों को गौशालाओं में भेजने का दावा किया गया है, लेकिन इसके बावजूद सड़कों पर आवारा पशु खुलेआमघूम रहे हैं और दुर्घटनाओं का कारण बन रहे हैं। वहीं, चार ज़ोन में करीब 3.97 लाख स्ट्रीट लाइटों के संचालन और रख-रखाव पर 592 करोड़ रुपयेखर्च करने की बात कही जा रही है, लेकिन आज भी कई कॉलोनियों और गलियों में महीनों तक स्ट्रीट लाइटें खराब रहती हैं। उन्होंने कहा कि इतनाबड़ा बजट होने के बावजूद अंधेरा कायम है। महंगी पार्किंग से जनता परेशानअंकुश नारंग ने कहा कि दिल्ली के लोग आज महंगी पार्किंग और मनमानी वसूली से बेहद परेशान हैं। ग्रेटर कैलाश के एम-ब्लॉक में करोड़ों रुपये सेबनी शटल पार्किंग हो या पंजाबी बाग में बनी मल्टी-लेवल पार्किंग, इनसे न तो जाम कम हुआ और न ही अवैध पार्किंग पर लगाम लगी। उन्होंने पूछाकि भाजपा शासित एमसीडी आखिर लोगों को महंगी पार्किंग से कब राहत देगी। कर्मचारियों का वेतन देना उपलब्धि नहीं, जिम्मेदारी हैअंकुश नारंग ने कहा कि कर्मचारियों का वेतन और पेंशन हर महीने समय पर देना कोई उपलब्धि नहीं, बल्कि निगम की बुनियादी जिम्मेदारी है। पिछलेवर्षों में वेतन और पेंशन में देरी के कारण कर्मचारियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। उन्होंने मांग की कि निगम की वित्तीय स्थिति की स्वतंत्र ऑडिटरिपोर्ट स्टैंडिंग कमेटी के सामने रखी जाए और डबल एंट्री सिस्टम की पूरी जांच हो। संपत्ति कर और भवन विभाग में अव्यवस्था कायमअंत में अंकुश नारंग ने कहा कि संपत्ति कर विभाग आज भी अव्यवस्था और प्रशासनिक विफलताओं से जूझ रहा है। 30 सितंबर 2025 तक2269.51 करोड़ रुपये कर संग्रह और 30 प्रतिशत वृद्धि का दावा किया गया है, लेकिन यह साफ किया जाए कि यह वृद्धि नए करदाताओं से आई यापुराने करदाताओं से जबरन वसूली का नतीजा है। उन्होंने मांग की कि भवन विभाग की सभी ऑनलाइन प्रणालियों और नीतियों की स्वतंत्र समीक्षाकराई जाए, ताकि जनता को सही और पारदर्शी सेवाएं मिल सकें।

पिंक सहेली कार्ड के नाम पर महिलाओं से मुफ्त बस यात्रा छीनने की तैयारी – देवेन्द्र यादव

सरिता साहनी26 दिसंबर 2025 ,नई दिल्ली दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेन्द्र यादव ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि पिंक सहेली कार्ड लागू करने के नाम परदिल्ली की महिलाओं से डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा का अधिकार छीना जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब तक बिना किसी शर्त के सभीमहिलाओं को मिल रही सुविधा को जटिल प्रक्रिया में उलझाकर भाजपा सरकार महिलाओं को परेशान करने और धीरे-धीरे इस सुविधा को खत्म करनेकी दिशा में बढ़ रही है। मुफ्त यात्रा की सरल व्यवस्था को खत्म करने की साजिशदेवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली में वर्षों से पिंक टिकट के माध्यम से महिलाओं को बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा मिल रही है। यह व्यवस्था सरल, सम्मानजनक और सभी महिलाओं के लिए समान थी। अब भाजपा सरकार 1 जनवरी 2026 से पिंक सहेली कार्ड लागू करने की बात कर रही है, जिससे मुफ्त यात्रा कार्ड से जोड़ दी जाएगी। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इतनी कम अवधि में करोड़ों महिलाओं को यह कार्ड मिल पाएगा या यहयोजना भी महिलाओं को 2500 रुपये मासिक देने के वादे की तरह सिर्फ कागजों तक सीमित रह जाएगी। ऑनलाइन पंजीकरण गरीब महिलाओं के लिए बड़ी बाधादेवेन्द्र यादव ने कहा कि पिंक सहेली कार्ड के लिए ऑनलाइन पंजीकरण और केवाईसी की शर्त रखी जा रही है, जो झुग्गी-झोपड़ी, पुनर्वासकॉलोनियों, अनधिकृत कॉलोनियों और दिल्ली देहात में रहने वाली अशिक्षित और कम पढ़ी-लिखी महिलाओं के लिए बेहद कठिन है। उन्होंने कहाकि जिन महिलाओं के पास स्मार्ट फोन, इंटरनेट या डिजिटल जानकारी नहीं है, वे इस प्रक्रिया से अपने आप बाहर हो जाएंगी। इससे साफ है किभाजपा सरकार कार्ड के नाम पर महिलाओं से मुफ्त बस यात्रा का अधिकार छीनना चाहती है। प्रवासी महिलाओं को बाहर करने की तैयारीदेवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली में लाखों महिलाएं उत्तर प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों से आकर वर्षों से कामकर रही हैं। वे दिल्ली की अर्थव्यवस्था का अहम हिस्सा हैं, लेकिन उनके पास स्थानीय निवास प्रमाण नहीं है। अभी तक सभी महिलाओं को पिंकटिकट के जरिए मुफ्त यात्रा मिल रही थी, लेकिन पिंक सहेली कार्ड लागू होने के बाद इन प्रवासी महिलाओं की मुफ्त यात्रा खत्म होने का खतरा है।उन्होंने कहा कि यह फैसला महिलाओं के बीच भेदभाव को बढ़ाने वाला है। बसों की भारी कमी, फिर मुफ्त यात्रा का दावादेवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली में जरूरत के मुकाबले डीटीसी और क्लस्टर बसों की संख्या आधी से भी कम है। पुरानी और खराब बसें लगातारसड़कों से हटाई जा रही हैं, जबकि नई इलेक्ट्रिक बसें सिर्फ घोषणाओं तक सीमित हैं। उन्होंने कहा कि आज हालात यह हैं कि एक-एक बस के लिएबस स्टॉप पर दर्जनों लोग घंटों इंतजार करते हैं। ऐसे में भाजपा सरकार महिलाओं को मुफ्त यात्रा कैसे देगी, यह समझ से परे है। निजी कंपनियों को फायदा पहुंचाने की नीतिदेवेन्द्र यादव ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता दिल्ली सरकार के प्रमुख विभागों को पीपीपी मॉडल के तहत निजी हाथों में सौंप रही हैं। मेट्रोमें एयरटेल बैंक की भागीदारी, डीटीसी में एयरटेल और मफिन बैंक की एंट्री, स्वास्थ्य क्षेत्र में नए अस्पतालों को निजी भागीदारी में देना और डीटीसीडिपो में निजी कंपनियों को शामिल करना इसी नीति का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि सरकार अपनी जिम्मेदारियों से बचकर सब कुछ निजी हाथों में सौंपरही है, जिससे आम जनता को नुकसान हो रहा है। चुनाव से पहले वादे, सत्ता में आकर भूलदेवेन्द्र यादव ने कहा कि भाजपा ने चुनाव से पहले महिलाओं से डीटीसी में मुफ्त यात्रा जारी रखने, 2500 रुपये मासिक देने, मुफ्त गैस सिलेंडर, सस्तीगैस और पेंशन बढ़ाने जैसे बड़े वादे किए थे। लेकिन सत्ता में आने के बाद इन वादों को पूरा करने के बजाय महिलाओं की मौजूदा सुविधाएं भी छीनीजा रही हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा की यह नीति महिलाओं के साथ सीधा विश्वासघात है। कांग्रेस महिलाओं के अधिकारों की रक्षा करेगीअंत में देवेन्द्र यादव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी दिल्ली की महिलाओं के अधिकारों पर किसी भी तरह का समझौता नहीं होने देगी। पिंक सहेली कार्ड केनाम पर महिलाओं से मुफ्त यात्रा छीनने की किसी भी कोशिश का कांग्रेस पूरी मजबूती से विरोध करेगी और महिलाओं के हितों की लड़ाई सड़क सेसदन तक लड़ेगी।