
“गरीबों की रोज़ी-रोटी छीनने की तैयारी कर रही है भाजपा” — देवेंद्र यादव
नई दिल्ली, 25 मई 2026
दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने भाजपा सरकार और दिल्ली नगर निगम पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि राजधानी में रेहड़ी-पटरी लगाकर अपना घर चलाने वाले लाखों गरीब परिवारों को उजाड़ने की तैयारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार इंस्पेक्टर राज और पुलिस के माध्यम से गरीबों से अवैध वसूली करने का रास्ता बना रही है, जिससे छोटे दुकानदारों और सड़क किनारे सामान बेचने वाले लोगों का जीवन संकट में पड़ जाएगा। देवेंद्र यादव ने कहा कि कांग्रेस की केंद्र सरकार ने वर्ष 2014 में “स्ट्रीट वेंडर्स (अजीविका संरक्षण एवं स्ट्रीट वेंडिंग विनियमन) अधिनियम” लागू किया था। इस कानून का उद्देश्य देशभर में रेहड़ी-पटरी और खोमचा लगाकर जीवन यापन करने वाले लोगों को कानूनी सुरक्षा देना था। इस कानून के तहत राज्यों को निर्देश दिए गए थे कि वे स्ट्रीट वेंडर्स को लाइसेंस दें और उनके लिए तय स्थान निर्धारित करें ताकि उनकी रोज़ी-रोटी सुरक्षित रह सके। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली में पिछले 12 वर्षों से सत्ता में रही सरकारें इस कानून को पूरी तरह लागू करने में विफल रही हैं। आज भी लाखों रेहड़ी-पटरी वालों को स्थायी लाइसेंस नहीं मिले हैं। इसी का फायदा उठाकर नगर निगम, पुलिस और अन्य एजेंसियां इन गरीब लोगों से लगातार अवैध वसूली करती रही हैं।
“5 लाख से ज्यादा परिवारों की आजीविका पर खतरा”
देवेंद्र यादव ने कहा कि दिल्ली में 5 लाख से अधिक लोग रेहड़ी-पटरी लगाकर अपना और अपने परिवार का पेट पालते हैं। ये लोग राजधानी के हर इलाके में लोगों को सस्ती दरों पर फल, सब्जियां और रोजमर्रा का सामान उपलब्ध कराते हैं। महंगाई के इस दौर में आम लोगों के लिए यही छोटे विक्रेता बड़ी राहत हैं। उन्होंने कहा कि अगर भाजपा सरकार इन लोगों को हटाने का काम करती है तो इसका सीधा असर गरीब और मध्यम वर्ग की जनता पर पड़ेगा। लोगों को महंगे बाजारों पर निर्भर होना पड़ेगा और रोजमर्रा की चीजें खरीदना और मुश्किल हो जाएगा।
हाई कोर्ट के आदेश का हवाला
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि दिल्ली हाई कोर्ट ने अपने आदेश में साफ कहा है कि जिन रेहड़ी-पटरी वालों का सर्वे हो चुका है और जिनके पास प्रोविजनल सर्टिफिकेट ऑफ वेंडिंग है, उन्हें वैध विक्रेता माना जाएगा। इसके बावजूद नगर निगम और प्रशासन लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि 30 जून 2026 को टाउन वेंडिंग कमेटी के चुनाव होने हैं और 21 जुलाई 2026 को कमेटी का गठन किया जाना है। इसके बाद ही अंतिम लाइसेंस जारी होंगे और वेंडिंग जोन तय किए जाएंगे। ऐसे में उससे पहले किसी भी रेहड़ी-पटरी वाले को हटाना कानून और अदालत के आदेश दोनों के खिलाफ है।
“इंस्पेक्टर राज को बढ़ावा दे रही भाजपा”
देवेंद्र यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सफाई अभियान और अतिक्रमण हटाने के नाम पर गरीबों को परेशान कर रही है। उन्होंने कहा कि असली मकसद इंस्पेक्टर राज को बढ़ावा देना और पुलिस तथा अधिकारियों के जरिए अवैध वसूली करना है। उन्होंने कहा कि गरीब लोग रोज कमाते हैं और उसी से अपने परिवार का पेट भरते हैं। अगर उनकी रेहड़ियां हटाई जाएंगी या उन पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा तो उनके सामने भुखमरी की स्थिति पैदा हो जाएगी।
“भाजपा गरीब विरोधी नीतियां अपना रही है”
देवेंद्र यादव ने भाजपा पर गरीब विरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली में सत्ता में आने के बाद भाजपा लगातार झुग्गी-झोपड़ी वालों, निम्न वर्ग, पिछड़े समाज, बेरोजगार युवाओं और मजदूर वर्ग पर कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि चाहे यमुना किनारे रहने वाले लोग हों, जेजे क्लस्टर में रहने वाले परिवार हों या फिर रेहड़ी-पटरी लगाकर जीवन चलाने वाले छोटे विक्रेता — सभी को धीरे-धीरे उजाड़ा जा रहा है। इससे गरीबों में डर और असुरक्षा का माहौल पैदा हो गया है।
“महंगाई में जनता की आखिरी उम्मीद हैं छोटे विक्रेता”
देवेंद्र यादव ने कहा कि दिल्ली में पहले से ही पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। ऐसे में छोटे विक्रेता ही लोगों तक सस्ती दरों पर सामान पहुंचा रहे हैं। अगर इन्हें हटाया गया तो आम जनता की मुश्किलें और बढ़ जाएंगी। उन्होंने कहा कि सरकार को गरीबों की मदद करनी चाहिए, उन्हें रोजगार देना चाहिए और उनकी आजीविका सुरक्षित करनी चाहिए। लेकिन भाजपा सरकार उल्टा गरीबों की रोज़ी-रोटी छीनने का काम कर रही है।
कांग्रेस ने उठाई रेहड़ी-पटरी वालों की आवाज
देवेंद्र यादव ने कहा कि कांग्रेस हमेशा गरीबों, मजदूरों और छोटे व्यापारियों के साथ खड़ी रही है। कांग्रेस पार्टी रेहड़ी-पटरी वालों के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष करती रहेगी और भाजपा सरकार की कथित गरीब विरोधी नीतियों का विरोध जारी रखेगी। उन्होंने मांग की कि जब तक टाउन वेंडिंग कमेटी अंतिम निर्णय नहीं ले लेती, तब तक किसी भी रेहड़ी-पटरी वाले को हटाया न जाए और अदालत के आदेशों का पूरी तरह पालन किया जाए।