कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने संसद भवन के बाहर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जब भी वह लोकसभा में बोलने केलिए खड़े होते हैं, तो उन्हें बोलने नहीं दिया जाता। उन्होंने यह टिप्पणी तब की जब सदन की कार्यवाही उनके बोलने से पहले ही स्थगित कर दी गई।
लोकसभा अध्यक्ष ने दी थी नियमों के पालन की नसीहत
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने राहुल गांधी को सदन के नियमों और आचरण का पालन करने की सलाह दी थी। राहुल गांधी इस पर अपनीप्रतिक्रिया देना चाहते थे, लेकिन इससे पहले ही सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई।
सूत्रों के अनुसार, राहुल गांधी अपनी बात रखना चाहते थे, लेकिन उन्हें अवसर नहीं दिया गया। इसके बाद उन्होंने संसद से बाहर आकर मीडिया सेबातचीत में कहा कि उन्हें सदन में बोलने से रोका जा रहा है।
सदन की गरिमा बनाए रखने की अपील
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन के सदस्यों से उच्च मानदंड बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि हाल ही में कुछ घटनाएं हुई हैं, जोसदन की मर्यादा और परंपराओं के अनुरूप नहीं हैं।
उन्होंने कहा, “सदन में पिता-पुत्री, मां-बेटी और पति-पत्नी सदस्य रहे हैं। ऐसे में नेता प्रतिपक्ष से यह अपेक्षा की जाती है कि वे लोकसभा के नियमों केतहत आचरण करें और सदन की प्रतिष्ठा बनाए रखें।”
राहुल गांधी पर विशेष टिप्पणी
लोकसभा अध्यक्ष ने विशेष रूप से राहुल गांधी को संबोधित करते हुए कहा कि सदन में नेता प्रतिपक्ष से मर्यादा और अनुशासन की उच्च अपेक्षा कीजाती है। उन्होंने कहा कि विपक्षी नेता को ऐसा आचरण करना चाहिए जो सदन की परंपरा के अनुरूप हो।
ओम बिरला ने स्पष्ट किया कि सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने के लिए सभी सदस्यों को संसदीय नियमों का पालन करना चाहिए औरशालीनता बनाए रखनी चाहिए।