नई दिल्ली: दिल्ली के मुस्तफाबाद में शनिवार को दयालपुर क्षेत्र में एक चार मंजिला इमारत के गिरने से हुए दर्दनाक हादसे के बाद, दिल्ली नगरनिगम की “आप” सरकार ने दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। दिल्ली नगर निगम के मेयर महेश कुमार खिंची ने रविवार कोनिगमायुक्त को पत्र लिखकर तुरंत दोषी अधिकारियों को निलंबित करने का निर्देश दिया है।
मेयर ने कहा कि उन्होंने शनिवार को ही निगमायुक्त को यह निर्देश दिया था, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्णबताते हुए पूरी प्रशासनिक व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार की ओर इशारा किया।
आप नेता आदिल खान ने की मुआवजे की मांग
“आप” के नेता आदिल खान ने भी इस मुद्दे पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए दिल्ली सरकार से मृतक परिवारों के लिए मुआवजे की घोषणा की मांगकी। उन्होंने कहा कि भाजपा द्वारा पेश किया गया एक लाख करोड़ रुपये का बजट गरीबों और पीड़ितों के लिए नहीं है, क्योंकि सरकार उनके लिएमुआवजा देने के लिए पैसे नहीं रखती। आदिल खान ने मांग की कि दिल्ली सरकार को इस हादसे में मृतकों के परिवारों को 10 लाख रुपये औरघायलों को 5 लाख रुपये का मुआवजा देना चाहिए।
घटना का विवरण और राहत कार्य
महेश कुमार खिंची ने बताया कि शनिवार को वे खुद घटना स्थल पर गए थे और उन्होंने वहां चल रहे राहत कार्यों का जायजा लिया। रेस्क्यू ऑपरेशनटीम और अधिकारियों को मलबे में दबे लोगों को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने का निर्देश दिया गया था। हादसे में करीब 22 लोग मलबे में दबगए थे, जिनमें से 11 की मृत्यु हो गई और 11 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
घोषणा पर सवाल उठाए, दिल्ली सरकार पर निशाना
आदिल खान ने दिल्ली सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और उनके मंत्रियों ने इस दुखद घटना के बाद कोई मुआवजा कीघोषणा नहीं की है, जो कि पूरी तरह से निंदनीय है। उन्होंने कहा कि यह भाजपा और दिल्ली सरकार की गरीब विरोधी मानसिकता को दर्शाता है, जोअब तक पीड़ित परिवारों के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाती।