
सरिता साहनी
15 दिसंबर 2025 ,नई दिल्ली
आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने देश और दिल्ली से जुड़े गंभीर मुद्दों पर संसद में चर्चा न कराने को लेकर भाजपाऔर मोदी सरकार पर कड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि दिल्ली प्रदूषण की वजह से गैस चैंबर में तब्दील हो चुकी है, लेकिन इसके बावजूद मोदीसरकार संसद में इस मुद्दे पर चर्चा करने को तैयार नहीं है।
प्रदूषण बना जानलेवा संकट
संजय सिंह ने कहा कि देश में हर साल लगभग 20 लाख लोगों की मौत प्रदूषण के कारण हो रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर यह चिंता देश केमुख्य न्यायाधीश की हो सकती है, तो क्या देश की सरकार की नहीं होनी चाहिए? आज दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक यानी AQI 1000 के पारचला गया है, लोग सांस लेने में तकलीफ झेल रहे हैं, लेकिन संसद में इस पर एक मिनट की भी बहस नहीं हो रही है।
मोदी सरकार के लिए असल मुद्दे बहस योग्य नहीं
संजय सिंह ने कहा कि प्रदूषण ही नहीं, बल्कि देश से जुड़े कई गंभीर मुद्दे मोदी सरकार के लिए बहस योग्य नहीं हैं। उन्होंने बताया कि देश कीअर्थव्यवस्था कमजोर हो रही है, रुपया लगातार गिर रहा है और देश पर लाखों करोड़ रुपये का कर्ज चढ़ चुका है। इसके साथ ही चीन भारतीय सीमा मेंघुसपैठ कर रहा है, अमेरिका भारत पर भारी टैरिफ लगा रहा है और किसानों को खाद तक नहीं मिल पा रही है। फिर भी सरकार इन मुद्दों पर संसद मेंचर्चा नहीं चाहती।
नकली मुद्दों से जनता को गुमराह किया जा रहा
संजय सिंह ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार संसद में जानबूझकर नकली और बेकार मुद्दों पर चर्चा कराती है, ताकि देश की जनता का ध्यान असलीसमस्याओं से भटकाया जा सके। चिल्ला-चिल्लाकर आरोप लगाना और लोगों को भ्रमित करना ही सरकार की राजनीति बन चुकी है।
वोट चोरी का मुद्दा देशभर में फैलाया
संजय सिंह ने कहा कि आम आदमी पार्टी ने दिल्ली में हुई वोट चोरी के मुद्दे को सबसे पहले देश के सामने रखा। उन्होंने बताया कि आम आदमी पार्टीके राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के निर्वाचन क्षेत्र नई दिल्ली में, विधानसभा चुनाव की घोषणा से पहले ही 42 हजार वोट काट दिए गए थे। इसका सीधा असर यह हुआ कि वह करीब 4 हजार वोटों से चुनाव हार गए।
एक चुनाव में वोट चोरी का बड़ा असर
संजय सिंह ने कहा कि मंत्रियों के घरों में 35-35 वोट और सांसदों के घरों में 22 से 25 वोट बनाए गए। इससे साफ होता है कि वोट चोरी किसी एकव्यक्ति या क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक संगठित तरीका है। दिल्ली इसका उदाहरण है, जहां से इस मुद्दे की शुरुआत हुई।
अन्य राज्यों में भी वोट चोरी के आरोप
उन्होंने आगे कहा कि दिल्ली के बाद हरियाणा, महाराष्ट्र, कर्नाटक और बिहार में भी इसी तरह वोट चोरी की गई। कर्नाटक में हुई गड़बड़ी बाद में देश केसामने आ चुकी है। अब सरकार बंगाल, उत्तर प्रदेश और देश के अन्य राज्यों में भी इसी तरीके से चुनाव जीतना चाहती है।
लंबे संघर्ष की तैयारी जरूरी
संजय सिंह ने कहा कि वोट चोरी और जनता के असल मुद्दों को दबाने के खिलाफ अब एक लंबा संघर्ष करना होगा। उन्होंने कहा कि आम आदमीपार्टी देश की जनता के साथ खड़ी है और संसद से सड़क तक, हर मंच पर प्रदूषण, महंगाई, बेरोजगारी और लोकतंत्र से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठातीरहेगी।