दिल्ली चुनाव के बीच, आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कोपत्र लिखकर दिल्ली में सफाई कर्मचारियों के लिए सस्ती दरों पर जमीन उपलब्ध कराने की मांग की। उनका कहना है कि अगर केंद्र सरकार जमीनमुहैया कराए, तो दिल्ली सरकार उस पर सफाई कर्मचारियों के लिए घर बनाएगी और वे मासिक किस्तों के जरिए मकान की कीमत चुकाएंगे।
सफाई कर्मचारियों के लिए सस्ती जमीन की मांग
केजरीवाल ने पत्र में लिखा कि दिल्ली के सफाई कर्मचारी, जो शहर की स्वच्छता व्यवस्था की रीढ़ हैं, रिटायरमेंट के बाद अपने घरों से बेदखल होजाते हैं। वे खुद का घर खरीदने या महंगे किराए पर घर लेने में असमर्थ होते हैं, जिससे उनकी स्थिति असुरक्षित हो जाती है। उनका प्रस्ताव है किदिल्ली में सफाई कर्मचारियों को सस्ती जमीन मिलनी चाहिए, ताकि वे सरकारी योजनाओं के तहत अपने लिए घर बना सकें।
सस्ती जमीन पर घर बनाने की योजना
केजरीवाल ने प्रधानमंत्री से अनुरोध किया कि केंद्र सरकार सफाई कर्मचारियों के लिए रियायती दरों पर जमीन उपलब्ध कराए, ताकि दिल्ली सरकारउन जमीनों पर घर बना सके। इन घरों की कीमत कर्मचारियों को आसान किस्तों में चुकानी होगी। उनका कहना है कि यदि यह योजना सफल होती है, तो भविष्य में इसे सभी सरकारी कर्मचारियों के लिए लागू किया जा सकता है।
कर्मचारी हित में योजना की शुरुआत
अरविंद केजरीवाल ने पत्र में यह भी कहा कि यह योजना सफाई कर्मचारियों से शुरू की जाए और बाद में इसे अन्य सरकारी कर्मचारियों के लिए भीलागू किया जाए। उन्होंने उम्मीद जताई कि प्रधानमंत्री इस प्रस्ताव पर विचार करेंगे और जल्द ही एक कार्य योजना तैयार की जाएगी।
चुनावी राजनीति और हमले
केजरीवाल ने अपने ऊपर हुए हमलों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस बार का चुनावी कैंपेन दिल्ली में पहले कभी नहीं देखा गया, और विपक्षद्वारा उनकी छवि को धूमिल करने की कोशिश की जा रही है। भाजपा उम्मीदवार प्रवेश वर्मा द्वारा दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए, केजरीवाल नेकहा कि वे केवल सपनों में जी रहे हैं और दिल्ली की जनता के समर्थन से उनकी पार्टी फिर से जीत दर्ज करेगी।