तेज प्रताप यादव की सोशल मीडिया पोस्ट के बाद उठा सियासी तूफान थमने का नाम नहीं ले रहा है लालू परिवार एक बार फिर से मुश्किलों मेंफंसता नजर आ रहा है तेज प्रताप की पत्नी ऐश्वर्या ने लालू परिवार पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि ये सब चुनाव को लेकर ड्रामा कियाजा रहा है. लालू परिवार पर गंभीर आरोप लगाते हुए तेज प्रताप यादव की पत्नी ऐश्वर्या राय ने कहा कि मेरी जिंदगी क्यों बर्बाद की गई? मुझे क्योंपीटा गया? अब अचानक उनमें सामाजिक जागृति आ गई है. वे सब एक हैं वे अलग नहीं हुए हैं… चुनाव नजदीक हैं, इसलिए उन्होंने ऐसा कदमउठाया और यह ड्रामा किया जा रहा है. ऐश्वर्या राय ने कहा कि सबको पता है कि क्या हुआ. अगर उन्हें (लालू प्रसाद यादव के परिवार को) सब पताथा तो उन्होंने मुझसे उसकी शादी क्यों करवाई? मेरी जिंदगी क्यों बर्बाद की गई? मुझे अपने तलाक की जानकारी मीडिया से मिली. मुझे जो भीजानकारी मिली, वह सब मीडिया के जरिए मिली… मुझे नहीं पता था कि क्या हो रहा है… उनसे पूछिए, मेरी जिंदगी बर्बाद करने की क्या जरूरत थी? जब मुझे पीटा गया, तब उनका सामाजिक न्याय कहां था? ऐश्वर्या ने कहा कि वे हर चीज का दोष मुझ पर मढ़ते हैं.
सामने आई एक नई बात
अब जब यह बात सामने आ गई है, तो उसका 12 साल से अफेयर चल रहा है और महिला को दोषी ठहराना सबसे आसान है. मुझे कब न्यायमिलेगा? मैं अपनी लड़ाई जारी रखूंगी. राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने रविवार को अपने बड़े बेटे तेज प्रताप यादव को पार्टी से 6 वर्षों के लिएनिष्कासित करने की घोषणा की थी. तेज प्रताप की अनुष्का यादव के साथ एक निजी तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह सख्त कदमउठाया था. लालू यादव ने इस फैसले की पुष्टि करते हुए कहा, निजी जीवन में नैतिक मूल्यों की अवहेलना हमारे सामाजिक न्याय के लिए सामूहिकसंघर्ष को कमजोर करती है। ज्येष्ठ पुत्र की गतिविधि, लोक आचरण और गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार हमारे पारिवारिक मूल्यों के अनुरूप नहीं हैं. अतः मैंउसे पार्टी और परिवार से दूर करता हूं। अब से उसकी किसी भी प्रकार की भूमिका न पार्टी में होगी, न परिवार में उन्होंने कहा कि तेज प्रताप अब अपनेजीवन के निर्णय स्वयं लें और उनसे संबंध रखने वाले लोग भी स्वविवेक से सोच-समझकर कदम उठाएं. लालू ने यह स्पष्ट किया कि वह सदैव लोकलाज और नैतिक मूल्यों के पक्षधर रहे हैं और राजद की परंपरा भी यही रही है. पार्टी में इस निर्णय के बाद हलचल तेज हो गई है. राजद के भीतर तेजप्रताप की हालिया गतिविधियों को लेकर असंतोष पहले से ही था, जिसे अब सार्वजनिक रूप दे दिया गया है. हालांकि लालू यादव के इस कड़े कदमको आगामी चुनावों के मद्देनजर पार्टी की छवि को सुधारने की कोशिश माना जा रहा है.