केंद्र सरकार ने 7 अप्रैल 2025 को पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क (एक्साइज ड्यूटी) में 2 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की घोषणा की है। यहनई दरें 8 अप्रैल से लागू होंगी। राजस्व विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, अब पेट्रोल पर कुल उत्पाद शुल्क 13 रुपये प्रति लीटर और डीजलपर 10 रुपये प्रति लीटर हो गया है।
क्या खुदरा कीमतों पर पड़ेगा असर?
सरकार की ओर से यह स्पष्ट किया गया है कि उत्पाद शुल्क में हुई इस बढ़ोतरी का प्रभाव खुदरा उपभोक्ताओं पर नहीं डाला जाएगा। पेट्रोलियम औरप्राकृतिक गैस मंत्रालय ने बताया कि तेल विपणन कंपनियों ने फिलहाल पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं करने का निर्णयलिया है।
मंत्री हरदीप सिंह पुरी का बयान
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि उत्पाद शुल्क में की गई यह वृद्धि उपभोक्ताओं पर भार नहीं डालेगी। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीयबाजार में कच्चे तेल की कीमत में आई गिरावट के कारण कंपनियों के पास सस्ती दर पर स्टॉक उपलब्ध है। उन्होंने यह भी कहा कि तेल कंपनियांस्वतंत्र बाजार व्यवस्था के तहत खुदरा मूल्य को वैश्विक कीमतों के अनुरूप समायोजित करती हैं।
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से राहत की उम्मीद
पुरी ने जानकारी दी कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत घटकर 60 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच चुकी है। हालांकि, भारतीय तेल कंपनियोंके पास अभी 75 डॉलर प्रति बैरल की दर पर खरीदा गया स्टॉक मौजूद है। इसलिए आने वाले समय में कीमतों में राहत की संभावनाएं हैं।