भारत माता के वीर सपूत और महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद की पुण्यतिथि के अवसर पर उनके ग्रैंडसन ने श्रद्धांजलि अर्पित की। अमर बलिदानीचंद्रशेखर आजाद के ग्रैंडसन अमित आजाद ने इस अवसर पर सोशल मीडिया के माध्यम से अपने विचार साझा किए और देश की आजादी के लिएअपने प्राणों की आहुति देने वाले इस महान योद्धा को नमन किया।
बलिदान दिवस पर समाधि स्थल पर दी श्रद्धांजलि
अमित आजाद ने बलिदान दिवस के अवसर पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उन्हें सौभाग्य प्राप्त हुआ कि वे हुतात्मा चंद्रशेखर आजाद जी कीमाताजी, राष्ट्र माता दादी जगरानी देवी जी के समाधि स्थल पर उपस्थित होकर श्रद्धांजलि दे सके। उन्होंने बताया कि जगरानी देवी का निधन 22 मार्च1951 को हुआ था और उसी दिन उनकी समाधि स्थल पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
तपस्या स्थल पर जाकर किया वंदन
श्रद्धांजलि अर्पण के बाद अमित आजाद ओरछा के सातार तट स्थित उस तपस्या स्थल पर भी गए, जहां चंद्रशेखर आजाद ने स्वतंत्रता संग्राम के लिएअपनी निस्वार्थ तपस्या की थी। अमित आजाद ने इस ऐतिहासिक स्थल पर जाकर देश की महान विरासत का वंदन किया और स्वतंत्रता संग्राम मेंआजाद जी के योगदान को नमन किया।
अमर रहें चंद्रशेखर आजाद
अमित आजाद ने अपने संदेश में यह भी कहा कि अमर बलिदानी क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद जी सदैव अमर रहेंगे। उनका बलिदान और देशभक्ति काजज्बा हमेशा भारतीयों को प्रेरित करता रहेगा। सोशल मीडिया पर साझा की गई इस भावुक पोस्ट ने देशभर में लोगों के दिलों को छू लिया और अमरशहीद को नमन करने वालों का तांता लग गया।
देश की विरासत का सम्मान
अमित आजाद का यह कदम न केवल परिवार के प्रति सम्मान को दर्शाता है, बल्कि स्वतंत्रता संग्राम में चंद्रशेखर आजाद के अद्वितीय योगदान को भीरेखांकित करता है। आज भी उनकी वीरता और बलिदान की गाथाएं युवाओं को प्रेरणा देती हैं और देशप्रेम की भावना को जीवंत बनाए रखती हैं।