असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने एक बार फिर कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई की पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न का मुद्दा उठाया है सरमा ने दावाकिया कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रिपुन बोरा ने माना है कि एलिजाबेथ वास्तव में पाकिस्तान सरकार के वेतन पर काम करती थी. अगर इस बात मेंसच्चाई है तो यह राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बहुत ही चिंताजनक सवाल है. सरमा ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, कल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रिपुन बोरा नेएक चौंकाने वाली बात कबूली. उन्होंने माना कि सांसद गौरव गोगोई की ब्रिटिश पत्नी वास्तव में पाकिस्तान सरकार के वेतन पर काम करती थी. अगरयह सच है, तो यह राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बहुत ही चिंताजनक सवाल है. मुख्यमंत्री ने कहा, एक शत्रु विदेशी राज्य से जुड़े व्यक्ति की निरंतर मौजूदगीभारत की संस्थाओं की अखंडता के लिए एक गंभीर और अस्वीकार्य खतरा है. हमें पहले इस चौंकाने वाली जानकारी के बारे में पता नहीं था। अब जबयह खुलासा हुआ है, तो मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता नहीं किया जा सकता हम बोरा का बयान दर्ज करेंगे औरइस मामले में आगे की कार्रवाई करेंगे.
भाजपा की आईटी सेल मुझ पर झूठे आरोप लगाती है- गौरव गोगोई
इससे पहले लोकसभा क्षेत्र जोरहाट के मजुली में गौरव गोगोई ने ‘पाकिस्तान कनेक्शन’ के आरोप पर कहा था, ‘जब भाजपा की आईटी सेल मुझ परझूठे आरोप लगाती है, तो कोई हैरानी नहीं होती. लेकिन जब एक राज्य का मुख्यमंत्री कुछ कहता है, तो हम उम्मीद करते हैं कि वह अपने आरोपों कोसाबित भी करेगा मुख्यमंत्री और ट्रोल में कुछ तो फर्क होना चाहिए. मुख्यमंत्री सरमा और भाजपा लगातार यह आरोप लगाते रहे हैं कि कांग्रेस सांसदगोगोई और उनकी पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न के पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से संबंध है. सरमा ने यहां तक कहा था कि गोगोईआईएसआई के बुलावे पर पाकिस्तान गए थे, वहां ट्रेनिंग ली थी और वहां की सरकार से मिलकर काम किया था. गौरव गोगोई ने इन आरोपों को’बेबुनियाद, बेतुका और बकवास’ करार दिया. उन्होंने कहा कि उनका पाकिस्तान दौरा भारत सरकार की जानकारी में था और इसमें कुछ भी गुप्त नहींथा. गोगोई ने कहा,’पहले दिन से ही हम सबूत मांग रहे हैं. लेकिन मुख्यमंत्री की तरफ से कोई प्रमाण नहीं आया है. यही उनकी कमजोरी है अगर सबूतनहीं दिए गए, तो जनता का विश्वास भी उन पर से उठ जाएगा. जब मुख्यमंत्री के इस बयान पर गौरव गोगोई से सवाल किया गया कि ‘सारे सबूत 10 सितंबर तक जनता के सामने रखे जाएंगे’, तो कांग्रेस सांसद ने तंज करते हुए कहा, ‘क्या हम कोई फिल्म देख रहे हैं, जिसमें रिलीज डेट पहले से तयहोती है? यह ‘सिंघम 1’ या ‘सिंघम 2′ नहीं है।’ गौरव गोगोई ने यह भी कहा कि कांग्रेस मुख्यमंत्री सरमा की बातों को ज्यादा महत्व नहीं देती. उन्होंनेकहा, ‘हम उनके शब्दों को महत्व नहीं देते, हम जनता की बातों को महत्व देते हैं.