
तीन भारतीयों की मौत पर मोदी की चुप्पी पर उठाए सवाल
नई दिल्ली, 20 जून 2026।
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अमेरिका में तीन भारतीयों की हत्या हो गई, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्रंप के सामने इस मुद्दे को मजबूती से नहीं उठाया। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और सम्मान का मुद्दा उठाने के बजाय अमेरिकी राष्ट्रपति की तारीफ करने में व्यस्त दिखाई दिए।
मजबूत प्रधानमंत्री होता तो अमेरिका से मांगता माफी
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अगर भारत में एक मजबूत प्रधानमंत्री होता तो वह अमेरिका से बिना शर्त माफी की मांग करता। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि किसी भी देश के प्रधानमंत्री का पहला कर्तव्य अपने नागरिकों के सम्मान और सुरक्षा की रक्षा करना होता है। जब तीन भारतीयों की जान चली गई तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अमेरिका के सामने कड़ा रुख अपनाना चाहिए था। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि भारत को ऐसा नेतृत्व चाहिए जो दुनिया के किसी भी बड़े देश के सामने देशहित की बात मजबूती से रख सके।
पत्रकार के सवाल पर ट्रंप ने नहीं जताया अफसोस
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि एक पत्रकार ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से सीधे सवाल किया कि क्या उन्हें भारतीयों की मौत पर अफसोस है। अरविंद केजरीवाल के अनुसार, ट्रंप ने इस घटना पर अफसोस जताने के बजाय ऐसा जवाब दिया जिससे यह लगा कि वह इस मामले को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि यह भारत के लिए अपमानजनक स्थिति थी, लेकिन इसके बावजूद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
प्रधानमंत्री को भारत की नाराजगी जतानी चाहिए थी
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ट्रंप के सामने साफ शब्दों में कहना चाहिए था कि भारत इस घटना पर अपनी गहरी नाराजगी व्यक्त करता है। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी अमेरिका से यह उम्मीद जता सकते थे कि वह इस घटना के लिए माफी मांगे और यह सुनिश्चित करे कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों। अरविंद केजरीवाल का कहना है कि ऐसा कहना किसी देश से दुश्मनी नहीं बल्कि अपने नागरिकों के सम्मान की रक्षा करना होता।
क्या भारत अमेरिका का गुलाम है?
अरविंद केजरीवाल ने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या भारत अमेरिका का गुलाम है कि वह अपने नागरिकों के मुद्दे पर भी खुलकर बात नहीं कर सकता। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि भारत एक स्वतंत्र और शक्तिशाली देश है। इसलिए भारत के प्रधानमंत्री को किसी भी अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश की गरिमा और नागरिकों के सम्मान की रक्षा करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देशवासियों को उम्मीद होती है कि उनका प्रधानमंत्री दुनिया के सामने उनकी आवाज बनेगा।
हर भारतीय की जान कीमती है
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हर भारतीय की जान देश के लिए महत्वपूर्ण है। चाहे वह भारत में हो या दुनिया के किसी भी हिस्से में, उसकी सुरक्षा और सम्मान की जिम्मेदारी सरकार की होती है। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जब किसी भारतीय नागरिक के साथ अन्याय होता है तो देश के प्रधानमंत्री को मजबूती से उसके पक्ष में खड़ा होना चाहिए।
देश को मजबूत नेतृत्व की जरूरत
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आज देश को ऐसे मजबूत नेतृत्व की जरूरत है जो अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का सम्मान बढ़ाए। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दुनिया के सामने भारत की छवि मजबूत तभी बनेगी जब देश का नेतृत्व बिना किसी डर के भारत के हितों की रक्षा करेगा। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का सम्मान सर्वोपरि होना चाहिए और इसके लिए मजबूत राजनीतिक इच्छाशक्ति की आवश्यकता है।
भारतीयों के सम्मान से समझौता नहीं होना चाहिए
अरविंद केजरीवाल ने अपने बयान के अंत में कहा कि भारतीयों के सम्मान और सुरक्षा के साथ किसी भी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री को हर मंच पर भारतीय नागरिकों की सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए मजबूती से आवाज उठानी चाहिए। उन्होंने कहा कि भारत को ऐसा नेतृत्व चाहिए जो देश के सम्मान को सर्वोच्च प्राथमिकता दे और दुनिया के सामने भारत का पक्ष पूरी ताकत के साथ रखे।