Rising North East Investors Summit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि पूर्वोत्तर क्षेत्र में अभूतपूर्व विकास हो रहा है. सरकारपूर्वोत्तर की विकास गाथा को गति देने के लिए दृढ़ संकल्पित है. नई दिल्ली में ‘राइजिंग नॉर्थ ईस्ट इन्वेस्टर्स समिट’ को संबोधित करते हुए उन्होंने यहभी कहा कि पूर्वोत्तर की विविधता इसकी सबसे बड़ी ताकत है. यह क्षेत्र विकास के अग्रणी के रूप में उभर रहा है. उन्होंने दो दिवसीय कार्यक्रम काउद्घाटन करते हुए कहा, ‘पूर्वोत्तर में अभूतपूर्व प्रगति हो रही है. हम इसकी विकास गाथा को गति देने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं. इस कार्यक्रम में पूर्वोत्तरके मुख्यमंत्री, केंद्रीय मंत्री, नौकरशाह, राजनयिक और अन्य लोग शामिल हो रहे हैं. उद्योग जगत के शीर्ष नेता मुकेश अंबानी, गौतम अदाणी, अनिलअग्रवाल और अन्य लोग उद्घाटन सत्र में शामिल हुए.
मैं ‘राइजिंग नॉर्थ ईस्ट इन्वेस्टर्स समिट’ के इस भव्य मंच पर हूं- पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, ‘आज जब मैं ‘राइजिंग नॉर्थ ईस्ट इन्वेस्टर्स समिट’ के इस भव्य मंच पर हूं, तो मन में गर्व है, आत्मीयता है, अपनापन है और सबसेबड़ी बात है कि भविष्य को लेकर अपार विश्वास है. अभी कुछ ही महीने पहले यहां भारत मंडपम में हमने अष्टलक्ष्मी महोत्सव मनाया था आज हम यहांपूर्वोत्तर में निवेश का उत्सव मना रहे हैं. यहां इतनी बड़ी संख्या में कारोबार जगत के पुरोधा आए हैं ये दिखाता है कि पूर्वोत्तर को लेकर सभी में उत्साहहै, उमंग है और नए-नए सपनें हैं. उन्होंने कहा, ‘भारत को दुनिया का सबसे विविध राष्ट्र कहा जाता है. हमारा पूर्वोत्तर इस विविध राष्ट्र का सबसे विविधहिस्सा है. व्यापार से परंपरा तक, कपड़ा उद्योग से पर्यटन तक पूर्वोत्तर की विविधता उसकी बहुत बड़ी ताकत है. पीएम मोदी ने कहा कि विकसितभारत के निर्माण के लिए पूर्वी भारत का विकसित होना बहुत जरुरी है. पूर्वोत्तर पूर्वी भारत का सबसे अहम अंग है.
EAST का मतलब है Empower
हमारे लिए EAST का मतलब है – Empower (सशक्तीकरण), Act (काम), Strengthen (सुदृढ़ीकरण) and Transform (परिवर्तन). पूर्वीभारत के लिए यही हमारी सरकार की नीति है. उन्होंने कहा, ‘पिछले 11 वर्षों में जो परिवर्तन पूर्वात्तर में आया है, वो केवल आंकड़ों की बात नहीं है. वोजमीन पर महसूस होने वाला बदलाव है। हमने पूर्वोत्तर के साथ केवल योजनाओं के माध्यम से रिश्ता नहीं जोड़ा, हमने दिल से रिश्ता बनाया है 700 सेज्यादा बार हमारे केंद्र सरकार के मंत्री पूर्वोत्तर गए हैं. उन्होंने उस मिट्टी को महसूस किया, लोगों की आंखों में उम्मीद देखी और उस भरोसे को विकासकी नीति में बदला. हमने इंफ्रास्ट्रक्चर को सिर्फ ईंट और सीमेंट से नहीं देखा, हमने उसे भावनात्मक जुड़ाव का माध्यम बनाया है. हम लुक ईस्ट से आगेबढ़कर एक्ट ईस्ट के मंत्र पर चले एक समय था, जब पूर्वोत्तर को सिर्फ सीमांत क्षेत्र कहा जाता था आज ये विकास का अग्रणी बन रहा है.