
त्योहार के दिन दिल्ली की सड़कों पर दिखी अव्यवस्था
नई दिल्ली।
रक्षाबंधन जैसे महत्वपूर्ण त्योहार के अवसर पर दिल्ली की सड़कों पर भारी जाम और अव्यवस्था को लेकर दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्री देवेन्द्र यादव ने भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि त्योहार के दौरान दिल्ली की जनता को जिस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ा, उससे साफ है कि सरकार की तैयारियां केवल कागजों तक सीमित रह गईं। देवेन्द्र यादव ने कहा कि रक्षाबंधन के दिन बड़ी संख्या में लोग अपने परिवारों और रिश्तेदारों से मिलने के लिए घरों से बाहर निकले। बाजारों में खरीदारी करने वालों की संख्या भी बढ़ी। बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों, प्रमुख बाजारों और मुख्य सड़कों पर लोगों की भीड़ रही। इसके बावजूद यातायात को संभालने के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं दिखाई दी।
कई इलाकों में घंटों लगा रहा जाम
देवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली के कई प्रमुख मार्गों और बाजारों के आसपास यातायात की स्थिति बेहद खराब रही। लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में सामान्य दिनों की तुलना में काफी अधिक समय लगा। उन्होंने कहा कि त्योहार के दिन परिवार के साथ समय बिताने के बजाय लोगों को घंटों सड़कों पर जाम में फंसे रहना पड़ा। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं सहित आम यात्रियों को भी परेशानी उठानी पड़ी। देवेन्द्र यादव ने आरोप लगाया कि सरकार और संबंधित विभागों को पहले से पता था कि रक्षाबंधन के अवसर पर सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ेगी, लेकिन इसके बावजूद यातायात व्यवस्था को लेकर पर्याप्त तैयारी नहीं की गई।
खुदी सड़कों ने बढ़ाई लोगों की परेशानी
देवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली की सड़कों पर जगह-जगह चल रही खुदाई ने यातायात की समस्या को और गंभीर बना दिया। कई स्थानों पर सड़कें खुदी हुई थीं और रास्ते संकरे हो गए थे। उन्होंने कहा कि त्योहार से पहले जिन सड़कों की मरम्मत या खुदाई का काम पूरा किया जा सकता था, उसे समय पर पूरा नहीं किया गया। कई जगहों पर रास्ते बंद रहे या लोगों को दूसरे रास्तों से जाना पड़ा। देवेन्द्र यादव ने कहा कि जब पहले से पता था कि रक्षाबंधन पर सड़कों पर यातायात का दबाव बढ़ेगा, तो सरकार को त्योहार से पहले सड़क निर्माण और खुदाई के काम को पूरा करना चाहिए था। ऐसा नहीं होने के कारण आम लोगों की परेशानी और बढ़ गई।
सार्वजनिक परिवहन की पर्याप्त व्यवस्था नहीं हुई
देवेन्द्र यादव ने कहा कि त्योहारों के दौरान सार्वजनिक परिवहन पर भी अतिरिक्त दबाव रहता है। बड़ी संख्या में लोग बसों और अन्य सार्वजनिक परिवहन साधनों से यात्रा करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यात्रियों की बढ़ी हुई संख्या को देखते हुए पर्याप्त अतिरिक्त बस सेवाओं की व्यवस्था नहीं की गई। इसके कारण लोगों को बसों के लिए इंतजार करना पड़ा और कई यात्रियों को भीड़ तथा यातायात की समस्या का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि सरकार को त्योहारों के दौरान पहले से विशेष यातायात योजना बनानी चाहिए थी और जरूरत के अनुसार अतिरिक्त बसें तथा सेवाएं उपलब्ध करानी चाहिए थीं।
सरकार को पहले से पता था त्योहार पर बढ़ेगा दबाव
देवेन्द्र यादव ने कहा कि रक्षाबंधन कोई अचानक आने वाला त्योहार नहीं है। इसकी तारीख पहले से तय होती है और सरकार तथा सभी संबंधित विभागों को काफी पहले से पता होता है कि इस दिन दिल्ली में लोगों की आवाजाही बढ़ेगी।
उन्होंने कहा कि त्योहार के दौरान बाजारों, बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों और प्रमुख मार्गों पर भीड़ बढ़ना सामान्य बात है। ऐसे में सरकार को पहले से तैयारी करनी चाहिए थी। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सरकार को पहले से पूरी जानकारी थी, तो यातायात को सुचारू रखने के लिए पर्याप्त इंतजाम क्यों नहीं किए गए।
लोगों को परिवार के साथ समय बिताने के बजाय जाम में रहना पड़ा
देवेन्द्र यादव ने कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के प्यार और परिवार के साथ समय बिताने का त्योहार है। इस दिन बड़ी संख्या में लोग अपनी बहनों से राखी बंधवाने के लिए एक स्थान से दूसरे स्थान पर जाते हैं। लेकिन दिल्ली में खराब यातायात व्यवस्था के कारण कई लोगों को रास्ते में ही काफी समय बिताना पड़ा। उन्होंने कहा कि लोगों को अपने परिवार के साथ समय बिताने के बजाय घंटों जाम और अव्यवस्था का सामना करना पड़ा।
श्री देवेन्द्र यादव ने कहा कि आम जनता त्योहार के दिन बेहतर व्यवस्था की उम्मीद करती है। सरकार की जिम्मेदारी है कि ऐसे अवसरों पर लोगों को सुरक्षित और आसान यात्रा की सुविधा मिले।
कागजी तैयारियों पर उठाए सवाल
देवेन्द्र यादव ने भाजपा सरकार की तैयारियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार की ओर से त्योहारों से पहले बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीन पर स्थिति अलग दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि केवल बैठकों और कागजों पर योजना बनाने से जनता की समस्या हल नहीं होती। योजनाओं को जमीन पर लागू करना और उनकी निगरानी करना भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन के दौरान दिल्ली की सड़कों पर दिखाई दी अव्यवस्था ने सरकार की तैयारियों की वास्तविक स्थिति सामने ला दी।
भविष्य के लिए ठोस योजना बनाने की मांग
देवेन्द्र यादव ने सरकार से मांग की कि रक्षाबंधन के दौरान हुई अव्यवस्था की जिम्मेदारी तय की जाए। उन्होंने कहा कि संबंधित विभागों से जवाब लिया जाना चाहिए कि त्योहार से पहले यातायात और सड़कों को लेकर पर्याप्त तैयारी क्यों नहीं की गई। उन्होंने मांग की कि भविष्य में दीपावली, होली, रक्षाबंधन और अन्य बड़े त्योहारों के दौरान विशेष यातायात योजना बनाई जाए। इसके साथ ही त्योहारों से पहले सड़कों की खुदाई और निर्माण कार्यों की समीक्षा की जाए तथा जरूरी काम समय पर पूरा किया जाए, ताकि लोगों को परेशानी न हो।
जनता को राहत देना सरकार की जिम्मेदारी
देवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली की जनता को बेहतर सड़क, सुचारू यातायात और अच्छी सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था मिलना उसका अधिकार है। सरकार को केवल घोषणाएं करने के बजाय जमीन पर काम करके दिखाना चाहिए। उन्होंने कहा कि त्योहारों के दौरान जनता को जाम, बंद रास्तों और खुदी सड़कों की परेशानी से बचाने के लिए सरकार को पहले से पूरी तैयारी करनी चाहिए। अंत में देवेन्द्र यादव ने कहा कि दिल्ली सरकार को इस पूरे मामले को गंभीरता से लेना चाहिए और भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न हो, इसके लिए प्रभावी और ठोस कार्ययोजना तैयार करनी चाहिए। त्योहार खुशी और परिवार के साथ समय बिताने का अवसर होते हैं, इसलिए सरकार की जिम्मेदारी है कि दिल्ली की जनता को ऐसे मौकों पर परेशानी नहीं, बल्कि बेहतर सुविधाएं मिलें।