बिहार के मंत्री को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के नाम क्यों मिली धमकी?पुलिस ने कैसे पकड़ा आरोपी को?

बिहार के श्रम संसाधन मंत्री संतोष कुमार सिंह को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के नाम पर धमकी देने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।आरोपी ने मंत्री से 30 लाख रुपये की रंगदारी की मांग की थी, और यह भी कहा था कि अगर रकम नहीं दी जाती तो वह मंत्री को बाबा सिद्दीकी जैसाहाल कर देगा।पुलिस ने की तत्काल कार्रवाईयह मामला तब सामने आया जब मंत्री संतोष कुमार सिंह ने मंगलवार को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि एक व्यक्ति ने खुद कोलॉरेंस बिश्नोई बताते हुए उन्हें फोन किया और जान से मारने की धमकी दी, साथ ही रंगदारी की मांग की। मंत्री ने इस घटना की सूचना बिहार केपुलिस महानिदेशक को भी दी थी।बिहार पुलिस ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए एक टीम का गठन किया और तकनीकी सहायता का उपयोग करके आरोपी को उत्तर प्रदेश के आजमगढ़जिले से गिरफ्तार किया। आरोपी के पास से वह मोबाइल फोन भी बरामद किया गया, जिससे धमकी भरी कॉल की गई थी।पुलिस ने आरोपी का नाम सार्वजनिक नहीं किया है, लेकिन इस मामले की जांच गहरे स्तर पर की जा रही है। मंत्री संतोष कुमार सिंह ने पुलिस कीत्वरित कार्रवाई की सराहना की और आरोपियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग की है।
ममता बनर्जी ने मोहन भागवत पर लगाया गंभीर आरोप, बयान से छिड़ी सियासी जंग

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के ‘सच्ची स्वतंत्रता’ वाले बयान पर जमकर सियासत हो रही है, पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने इसकी कड़ीनिंदा करते हुए ‘राष्ट्र विरोधी’ बताया है। आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के एक बयान पर सियासी घमासान मचा हुआ है। मोहन भागवत ने बयानदेते हुए कहा था कि अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की तिथि ‘प्रतिष्ठा द्वादशी’ के रूप में मनाई जानी चाहिए, क्योंकि अनेक सदियों से दुश्मनका आक्रमण झेलने वाले देश की सच्ची स्वतंत्रता इस दिन प्रतिष्ठित हुई थी। उनके बयान के बाद उनपर जमकर पलटवार हो रहा है। नेता विपक्ष राहुलगांधी ने भी उनके इस बयान को ‘देशद्रोह’ के जैसा बताया था. और अब पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने भी उनके बयान की निंदा करते हुएकहा है कि यह ‘राष्ट्र विरोधी’ है और इतिहास को विकृत करने का प्रयास है।मोहन भागवत का बयान: ‘सच्ची स्वतंत्रता’ पर विवादआरएसएस प्रमुख मोहन भागवत का हाल हीम में दिया गया बयान सियासी बवाल का कारण बन गया है। भागवत ने कहा था कि अयोध्या मेंरामलला की प्राण प्रतिष्ठा की तिथि ‘प्रतिष्ठा द्वादशी’ के रूप में मनाई जानी चाहिए, क्योंकि उनके अनुसार, इस दिन भारत को सच्ची स्वतंत्रता मिलीथी। उनके इस बयान पर विभिन्न राजनीतिक नेताओं ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। ममता बनर्जी का कड़ा विरोध: ‘राष्ट्र विरोधी’ और इतिहास विकृत करने का प्रयासपश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मोहन भागवत के बयान की कड़ी निंदा की और इसे ‘राष्ट्र विरोधी’ करार दिया। उन्होंने राज्य सचिवालय मेंसंवाददाताओं से कहा, “यह बयान इतिहास को विकृत करने की कोशिश है और हम इसे स्वीकार नहीं कर सकते। यह एक खतरनाक टिप्पणी है औरइसे तुरंत वापस लिया जाना चाहिए। हम अपनी स्वतंत्रता को अक्षुण्ण रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं और किसी भी तरह की राष्ट्रविरोधी विचारधारा कोबर्दाश्त नहीं करेंगे।” भागवत का बयान: सच्ची स्वतंत्रता की परिभाषाआरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने सोमवार को यह विवादास्पद बयान दिया था कि अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की तिथि को ‘प्रतिष्ठाद्वादशी’ के रूप में मनाया जाना चाहिए। उनका कहना था कि भारत ने सदियों तक दुश्मन का आक्रमण झेला, और इस दिन को “सच्ची स्वतंत्रता” केरूप में मान्यता दी जानी चाहिए। उनके इस बयान के बाद कांग्रेस और शिवसेना सहित अन्य विपक्षी दलों ने भी आलोचना की है।
दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने प्रत्याशियों की 5वीं लिस्ट की जारी, इन्हें मिला टिकट

दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने दो उम्मीदवारों की पांचवीं लिस्ट जारी की है। कांग्रेस ने तिमारपुर से लोकेंद्र चौधरी और रोहतास नगर सेसोरेश वाटी चौहान को टिकट दिया है। इससे पहले कांग्रेस ने अपने 68 प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कर दिया था। दो और उम्मीदवारों के नाम केसाथ कांग्रेस ने दिल्ली की सभी 70 सीटों पर अपने प्रत्याशियों के नाम की घोषणा कर दी है। चौथी लिस्ट में 5 प्रत्याशियों के नाम इससे पहले कांग्रेस ने बुधवार देर रात को प्रत्याशियों की चौथी लिस्ट जारी की थी। इस लिस्ट में कांग्रेस ने पांच प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कियाथा। बवाना से सुरेंद्र कुमार, रोहिणी से सुमेश गुप्ता, करोल बाग से राहुल धनक, तुगलकाबाद से वीरेंद्र बिधूड़ी और बदरपुर से अर्जुन भड़ाना को टिकटदिया गया। संदीप दीक्षित VS अरविंद केजरीवाल कांग्रेस ने इससे पहले तीसरी लिस्ट में 16 उम्मीदवारों के नाम की घोषणा की थी। गत 24 दिसंबर को पार्टी ने 26 उम्मीदवारों की अपनी दूसरी सूचीजारी की थी। पार्टी ने दिसंबर की शुरुआत में 21 उम्मीदवारों की अपनी पहली सूची जारी की थी, जिसमें नई दिल्ली से पूर्व सांसद संदीप दीक्षित कोमैदान में उतारा गया था। वह आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को चुनौती दे रहे हैं। फरहाद सूरी VS मनीष सिसोदिया कांग्रेस ने जंगपुरा से फरहाद सूरी को टिकट दिया गया है। यह सीट आम आदमी पार्टी के नेता मनीष सिसोदिया की है। इसके अलावा, सीमापुरी सेराजेश लिलोठिया और उत्तम नगर से मुकेश शर्मा को भी उम्मीदवार बनाया गया है। बता दें कि दिल्ली विधानसभा के लिए 5 फरवरी को मतदान होगाऔर मतगणना 8 फरवरी को होगी।
दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025: बीजेपी ने चौथी लिस्ट जारी, 68 सीटों पर उम्मीदवार तय

दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 के लिए भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने अपने उम्मीदवारों की चौथी लिस्ट जारी कर दी है। इस लिस्ट में नौ सीटोंपर प्रत्याशियों के नाम की घोषणा की गई है। अब तक, बीजेपी ने दिल्ली की 70 विधानसभा सीटों में से 68 सीटों पर अपने उम्मीदवार तय कर लिएहैं। अनुमान जताया जा रहा है कि बची हुई दो सीटें एनडीए गठबंधन में शामिल सहयोगी दलों को दी जा सकती हैं। बीजेपी ने चुनावी प्रक्रिया की शुरुआत 29 उम्मीदवारों के नाम के साथ की थी। इसके बाद, दूसरी लिस्ट में भी 29 प्रत्याशियों की घोषणा की गई।तीसरी लिस्ट में सिर्फ एक उम्मीदवार, मोहन सिंह बिष्ट, को मुस्तफाबाद सीट से टिकट दिया गया था। अब चौथी लिस्ट में नौ नई सीटों पर उम्मीदवारोंकी घोषणा की गई है। चुनाव की तारीखें और उम्मीदवारों का नामांकनदिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए मतदान 5 फरवरी को होगा और परिणाम 8 फरवरी को घोषित किए जाएंगे। उम्मीदवारों के नामांकन की प्रक्रियाचल रही है और कई प्रत्याशी नामांकन भी कर चुके हैं। नामांकन की आखिरी तारीख 17 जनवरी है, और ऐसे में बीजेपी को अपनी सहयोगी पार्टियों केसाथ मिलकर बची दो सीटों के उम्मीदवारों का चुनाव जल्द ही करना होगा। पहली लिस्ट में दलबदलुओं को टिकटबीजेपी ने अपनी पहली लिस्ट 4 जनवरी को जारी की थी, जिसमें 29 उम्मीदवारों के नाम थे। इस लिस्ट में आम आदमी पार्टी (आप) और कांग्रेस सेहाल ही में पार्टी में शामिल हुए कई दलबदलुओं को टिकट दिया गया। नई दिल्ली सीट से अरविंद केजरीवाल के खिलाफ पूर्व सांसद प्रवेश वर्मा कोटिकट दिया गया, जबकि पूर्व पार्टी सांसद रमेश बिधूड़ी को कालकाजी से मुख्यमंत्री आतिशी के खिलाफ चुनावी मैदान में उतारा गया। दूसरी लिस्ट में महिला उम्मीदवारों का भी ध्यान11 जनवरी को आई बीजेपी की दूसरी लिस्ट में भी 29 नाम थे, जिसमें पांच महिला उम्मीदवारों को भी टिकट दिया गया था। इसके अलावा, करावलनगर से कपिल मिश्रा, नरेला से राज करण खत्री, तिमारपुर से सूर्य प्रकाश खत्री और मुंडका से गजेंद्र दराल को उम्मीदवार बनाया गया। अन्य नामों मेंकिराड़ी से बजरंग शुक्ला, सुल्तानपुर माजरा से करम सिंह कर्मा, शकूर बस्ती से करनैल सिंह, त्रिनगर से तिलक राम गुप्ता, सदर बाजार से मनोज कुमारजिंदल और चांदनी चौक से सतीश जैन शामिल हैं। अब बीजेपी को बची दो सीटों पर उम्मीदवारों का ऐलान करने के लिए सहयोगी दलों के साथ मिलकर निर्णय लेना होगा, क्योंकि नामांकन की प्रक्रियाखत्म होने वाली है।
प्रशांत किशोर का 14 दिन लंबा अनशन समाप्त, गंगा में डुबकी लगाकर जन सुराज कैंप में किया हवन

जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने अपने 14 दिन लंबे आमरण अनशन को समाप्त कर दिया है। पटना में गंगा पथ के पास आयोजितकार्यक्रम में उन्होंने अनशन तोड़ा। इससे पहले, प्रशांत किशोर ने गंगा में डुबकी लगाई और फिर जन सुराज कैंप में हवन किया। इस दौरान उन्होंनेआमरण अनशन समाप्त करने का ऐलान किया। अब वह सत्याग्रह के अगले चरण की घोषणा करेंगे। प्रशांत किशोर की टीम के अनुसार, बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने उन्हें अनशन समाप्त करने की पहल की थी। राज्यपाल ने उनसे आग्रहकिया था कि छात्रों का प्रतिनिधिमंडल भेजें, और इस मुद्दे का समाधान मिलकर किया जाएगा। प्रशांत किशोर का अनशन क्यों था?प्रशांत किशोर ने बीपीएससी (बिहार लोक सेवा आयोग) की 70वीं प्रारंभिक परीक्षा में कथित अनियमितताओं और धांधली के खिलाफ विरोध जतानेके लिए आमरण अनशन शुरू किया था। यह अनशन बीपीएससी अभ्यर्थियों द्वारा आंदोलन किए जाने के बाद शुरू हुआ, जो परीक्षा में पारदर्शिता कीमांग कर रहे थे। प्रशांत किशोर ने 2 जनवरी को शिक्षा, परीक्षा और रोजगार से संबंधित मुद्दों को लेकर अनशन शुरू किया था। इस दौरान, वह बिहार में अपनी पार्टीजन सुराज को जनाधार देने की कोशिश कर रहे थे। अपनी पार्टी का जनाधार मजबूत करने के लिए उन्होंने छात्रों के आंदोलन का समर्थन किया। पटना में हुआ विरोध प्रदर्शन30 दिसंबर को पटना में छात्र संसद का आयोजन किया गया था। हालांकि, पुलिस की अनुमति नहीं होने के बावजूद प्रदर्शनकारियों पर पुलिस नेलाठीचार्ज किया। इसके बाद, प्रशांत किशोर ने अनशन पर बैठने का फैसला किया। उन्हें पहले गिरफ्तार किया गया, लेकिन बाद में उन्हें निजीमुचलके पर रिहा कर दिया गया। बीपीएससी ने भेजा नोटिसइस मामले में, बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने प्रशांत किशोर और अन्य लोगों को कानूनी नोटिस जारी किया था। यह नोटिस उन लोगों कोभेजे गए थे जिन्होंने 13 दिसंबर को आयोजित संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा (सीसीई) के मुद्दे पर बीपीएससी के खिलाफ निराधार आरोप लगाए थे।बीपीएससी के परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार सिंह ने कहा कि आयोग ने उन लोगों के खिलाफ नोटिस जारी किए हैं जो आरोप लगा रहे थे, और कुछऔर नोटिस भी भेजे जाएंगे।
मिल्कीपुर उपचुनाव: अखिलेश यादव का ऐलान, ‘अयोध्या को बनाएंगे वर्ल्ड क्लास सिटी’

उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले की मिल्कीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव की तारीखों का ऐलान हो चुका है। 5 फरवरी को मतदान होगाऔर 8 फरवरी को परिणाम सामने आएंगे। इस सीट पर प्रमुख मुकाबला भारतीय जनता पार्टी (भा.ज.पा.) और समाजवादी पार्टी (सपा) के बीच है।उपचुनाव से पहले सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की, जिसमें उन्होंने जीत का दावा करते हुए कई अहम मुद्दों पर बातकी। आइए जानते हैं, अखिलेश ने क्या कहा। “मिल्कीपुर उपचुनाव है देश का सबसे अहम चुनाव”- अखिलेश यादवअखिलेश यादव ने मिल्कीपुर उपचुनाव को “देश का सबसे अहम चुनाव” करार दिया। उन्होंने कहा कि अयोध्या के किसान अपनी ज़मीन से परेशान हैंक्योंकि सरकार उनकी ज़मीन सस्ते में छीनने की कोशिश कर रही है। उन्होंने सरकार से मांग की कि किसानों को उनकी ज़मीन के सही बाजार मूल्य परमुआवजा दिया जाए। “भा.ज.पा. की हार तय है”- अखिलेश यादवअखिलेश यादव ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि मिल्कीपुर में भाजपा की हार तय है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा को हराने के लिएकिसान, महिलाएं, व्यापारी और युवा सभी तैयार हैं। साथ ही उन्होंने सवाल उठाया कि अयोध्या में भाजपा के नेताओं द्वारा ही रजिस्ट्री क्यों की जा रहीहै, और इस पर जवाब देने की मांग की। “अगर सपा की सरकार बनी तो अयोध्या को वर्ल्ड क्लास सिटी बनाएंगे”- अखिलेश यादवअखिलेश यादव ने भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि वह हमेशा अयोध्या को वेटिकन सिटी बनाने की बात करते हैं, लेकिन सच्चाई यह है कि जहांआश्रम बनने चाहिए थे, वहां भाजपा फाइव स्टार होटल बना रही है। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा ने फाइव स्टार होटलों के खिलाफ बयान दिए थे, लेकिन अब बिना बार के होटल बना रही है। अखिलेश ने भरोसा दिलाया कि अगर समाजवादी पार्टी की सरकार आई तो अयोध्या को वर्ल्ड क्लाससिटी में बदला जाएगा।