Skip to main content

NEWS अब तक

राहुल गांधी की बिहार जनसभा नफरत नहीं, मोहब्बत की राजनीति और बिहार के युवाओं के लिए रोजगार व शिक्षा का वादा

राहुल गांधी ने विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए कहा – कृष्णा अल्‍लावरु जी, इमाम अली चिंटू जी, अंजार नईमी जी, रफीक खान जी, हमारेकैंडिडेट्स प्रोफेसर आलम जी, कमरूल होदा जी, मास्टर मुजाहिद जी, स्टेज पर महागठबंधन के नेता, हमारे प्यारे कार्यकर्ता, भाइयों और बहनों, प्रेस केहमारे मित्रों, आप सबका यहां बहुत-बहुत स्वागत, नमस्कार। आपका मूड कैसा है? भाई बिहार आए हैं, थोड़ा दम लगाकर बोलो ना… मूड कैसा हैहिंदुस्तान में दो विचारधाराओं की लड़ाई है… एक तरफ आरएसएस, जो देश को खांचों में बांटना चाहती है… जाति‍ का खांचा, धर्म का खांचा, प्रदेशका खांचा, भाषा का खांचा, स्त्री-पुरुष का खांचा और दूसरी तरफ कांग्रेस पार्टी, हम सब, महागठबंधन… जो देश को जोड़ना चाहता है, हर धर्म को, हर जाति‍ को एक साथ लाकर आगे ले जाना चाहता है। हमने, मैंने 4,000 कि.मी. भारत जोड़ो यात्रा की, उसमें एक ही मैसेज था… नफरत के बाजारमें मोहब्बत की दुकान खोलनी है। उनकी यात्रा होती है और वो कहते हैं कि हमें नफरत फैलानी है, नफरत का बाजार खोलना है और मोहब्बत कीदुकानों को बंद करना है। और हम कहते हैं – हमें नफरत को मिटाना है, नफरत के बाजार को बंद करना है और मोहब्बत की दुकान खोलनी है… यहीराजनीति चल रही है। देखिए, नरेंद्र मोदी में, उनकी सोच में नफरत है… वह बांटना चाहते हैं, नफरत फैलाना चाहते हैं। दूसरी तरफ मेरे खून में मोहब्बतहै, भाईचारा है और हिंदुस्तान को मैं जोड़ना चाहता हूं… यह फर्क है, यह लड़ाई है… बीजेपी, आरएसएस एक तरफ, नरेंद्र मोदी, अमित शाह एकतरफ, कांग्रेस पार्टी दूसरी तरफ, राहुल गांधी दूसरी तरफ, खरगे जी दूसरी तरफ, तेजस्वी जी दूसरी तरफ… यही बात चल रही है। नफरत से इनको क्यामिलता है? मैं आपको बताता हूं। नफरत से इनको देश का धन मिलता है, नफरत से ये जनता के ध्यान को इधर-उधर भटका सकते हैं, नफरत से येजनता को डरा सकते हैं और जब जनता डरती है, तो जनता सही सवाल नहीं पूछती। बिहार में, हिंदुस्तान में तीन-चार राजनीतिक सवाल हैं… सबसेपहला और सबसे जरूरी राजनीतिक सवाल- इस देश के युवा को और बिहार के युवा को रोजगार क्यों नहीं मिल रहा है? यह सबसे पहला सवाल है।दूसरा सवाल – अगर युवाओं को रोजगार देना है तो बिना शिक्षा, बिना कॉलेज, बिना यूनिवर्सिटी, बिना स्कूल ये नहीं किया जा सकता है। तो दूसरासवाल बिहार में यूनिवर्सिटीज, कॉलेजेस सारे के सारे या बेचे जा रहे हैं या बंद हो रहे हैं और अगर बिहार के युवा को रोजगार चाहिए, तो उसे दूसरेप्रदेशों में जाकर मजदूरी करनी पड़ती है। मैं आपसे पूछना चाहता हूं – आप अलग-अलग प्रदेशों में गए हो। बिहार के लोग आपको अरुणाचल प्रदेश मेंमिलेंगे, दिल्ली में मिलेंगे, पंजाब में मिलेंगे, कर्नाटका में मिलेंगे, बैंगलोर में मिलेंगे, हैदराबाद में मिलेंगे, दुबई तक बिहार के लोग आपको मिलेंगे, मगरजहां भी आप जाओगे, बिहार के लोग मेहनत करते हैं, खून-पसीना देते हैं, ये बड़ी-बड़ी इमारतें बनाते हैं, सड़कें बनाते हैं, हाईवे बनाते हैं, पुल बनाते हैं, इंफ्रास्ट्रक्चर बनाते हैं, कॉलेज-यूनिवर्सिटि‍यां बनाते हैं, अस्पताल बनाते हैं… मगर सारे के सारे बिहार के लोग बाकी प्रदेशों में मजदूरी करते हैं। क्याआप खुश हो कि बिहार की जनता देश में मजदूरी करती है? क्या आप चाहते हो कि बिहार के युवा का भविष्य देश के बाकी प्रदेशों में मजदूरी करनेका हो? चाहते हो? (जनसभा ने कहा – नहीं) अगर नहीं चाहते हो तो फिर आपको मालूम है आपको, किसको वोट देना है। नीतीश जी ने बिहार में औरमोदी जी ने देश में रोजगार खत्म करने का काम किया है। मखाना पानी में से निकालतेभाइयों और बहनों, जेब में आपके मोबाइल फोन है… उस मोबाइल फोन को निकालिए, उसके पीछे देखिए क्या लिखा है। उसके पीछे लिखा है – मेडइन चाइना… लिखा है, नहीं लिखा है? लिखा है… शर्ट के पीछे देखिए मेड इन चाइना, मेड इन वियतनाम, मेड इन बांग्लादेश। जो भी यहां मालबिकता है, या चाइना में बनता है या जापान में या कोरिया में या वियतनाम में बनता है। हम चाहते हैं कि फोन के पीछे ‘मेड इन चाइना’ ना लिखा हो, ‘मेड इन बिहार’ लिखा हो। यहां पर आप पाइनएप्पल उगाते हो, मक्का उगाते हो, बिहार में मखाना उगाया जाता है, मक्का, मछली, अलग-अलगफल, आम, पाइनएप्पल… मैं आपसे पूछना चाहता हूं पिछले 20 साल में नीतीश जी ने कितने फूड प्रोसेसिंग प्लांट चालू किए? (जनसभा ने कहा – एक भी नहीं) कितने फूड प्रोसेसिंग यूनिट… पाइनएप्पल को प्रोसेस करने वाले, आम को प्रोसेस करने वाले, मछली को प्रिजर्व करने वाले, मखानाबनाने वाले कितने यूनिट नीतीश जी ने यहां स्थापित किए? (जनसभा ने कहा – एक भी नहीं)…एक भी नहीं। अमित शाह यहां आते हैं और कहते हैं – बिहार में उद्योग लगाने के लिए जमीन नहीं है… सीधा स्टेज से आपको झूठ बोलते हैं। जमीन की बिहार में कोई कमी नहीं है। अडानी के लिए जितनीभी जमीन चाहिए, नीतीश जी और नरेंद्र मोदी की सरकार देने को तैयार है। बिहार में एक एकड़ 1 रुपए के दाम में अडानी को दिया गया है। मगर फूडप्रोसेसिंग प्लांट नहीं लगेगा, पाइनएप्पल प्रोसेसिंग प्लांट नहीं लगेगा। जो मखाना पानी में से निकालते हैं, मेहनत करते हैं, उस मखाने का फायदाउनको बिहार में नहीं मिल सकता है। अमेरिका में हजारों रुपए में मखाना बिकता है, मगर बिहार में जो मेहनत करता है, उस बिक्री से उसको कोईफायदा नहीं मिलता। या बिचौलियों को मिलता है या फिर बड़ी-बड़ी कंपनियों को मिलता है या फिर अमेरिका की कंपनियों को मिलता है… फायदाबिहार की जनता को, बिहार के युवाओं को नहीं होता। अपने दोस्त को आपने रील भेजीएक समय होता था, जब बिहार में दुनिया की सबसे बेहतरीन यूनिवर्सिटी थी। नाम आपने सुना होगा… सुना है, नालंदा यूनिवर्सिटी? सुना है? पूरीदुनिया से लोग आते थे, कोने-कोने से आते थे… चीन से, जापान से, जर्मनी, फ्रांस, इंग्लैंड से, वियतनाम से बिहार आते थे। क्यों आते थे? नालंदायूनिवर्सिटी में पढ़ाई करने आते थे, नालंदा यूनिवर्सिटी में शिक्षा लेने आते थे। मैं चाहता हूं कि फिर से इस बिहार में दुनिया की सबसे अच्छी… हाईक्वालिटी की यूनिवर्सिटी बने। मैं चाहता हूं कि दुनिया के सबसे अच्छे स्कूल, इंग्लिश मीडियम स्कूल, सबसे अच्छी यूनिवर्सिटी, सबसे अच्छे कॉलेजइस बिहार में बनें। मैं आपको बताना चाहता हूं… महागठबंधन यहां चुनाव जीतेगा, शिक्षा का काम हम करेंगे, यूनिवर्सिटी-कॉलेजेस खोलेंगे। सरकारीयूनिवर्सिटी, सरकारी कॉलेजेस, सरकारी स्कूल, इंग्लिश मीडियम स्कूल हम खोलेंगे। मगर राहुल गांधी भी आपको एक वायदा करना चाहता है, जैसे हीइंडिया गठबंधन की हमारी सरकार बनेगी, दुनिया की सबसे बेहतरीन यूनिवर्सिटी बिहार में हम आपके लिए खोलकर देंगे। कोने-कोने से लोग आएंगे… अमेरिका से, जापान से, कोरिया से, चीन से बिहार की यूनिवर्सिटी में आकर पढ़ाई करेंगे और फिर वापस जाकर कहेंगे- दुनिया में सबसे बेहतरीन शिक्षाबिहार में मिलती है, यह हमारा वायदा है आपसे। भाइयों और बहनों, नरेंद्र मोदी यहां आए, भाषण में कहते हैं कि हमने डाटा का दाम इतना कम करदिया है कि बिहार का युवा रील बना सकता है, वीडियो बना सकता है, Facebook देख सकता है, Instagram देख सकता है, Twitter देखसकता है। सबसे पहले नरेंद्र मोदी जी का झूठ सुनिए, वह कहते हैं कि उन्होंने दाम कम किए। मगर वह आपको यह नहीं बताते हैं कि जब आप रीलदेखते हो, जब आप वीडियो देखते हो, जब आप मैसेज भेजते हो, तो पैसा किसकी जेब में जाता है। भाइयों और बहनों, जैसे ही आपने अपना फोनचालू किया, आपने रील देखी और अपने दोस्त को आपने रील भेजी, उसका पैसा सीधा Jio और मुकेश अंबानी की जेब में जाता है। 

बिहार में ‘जंगलराज’ लौटाने की कोशिश करने वालों को रोकना होगा, योगी आदित्यनाथ बोले पंचर बनाने वाले विकास को पंचर न करें

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को नरपतगंज हाई स्कूल स्टेडियम में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए विपक्षी दलोंकांग्रेस, राजद और समाजवादी पार्टी पर सीधा प्रहार किया। चुनाव प्रचार के अंतिम दिन की अररिया जनपद में आयोजित इस जनसभा के जरिए यूपीके मुख्यमंत्री ने खुलकर कहा कि बिहार में फिर से ‘जंगलराज’ लाने की कोशिश करने वालों को रोकना जरूरी है। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पंचरबनाने वाले यहां आकर विकास को पंचर करने का काम करना चाहते हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेताया कि नरपतगंज को किसी भी तरह से ‘घुसपैठियोंका लॉन्चिंग पैड’ नहीं बनने देना है। यूपी के मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस बिहार ने दुनिया को नालंदा विश्वविद्यालय और ज्ञान की रोशनी दी, उसी बिहारको कांग्रेस और राजद की जोड़ी ने निरक्षरता और अराजकता की तरफ धकेल दिया। उन्होंने कहा कि इस धरती ने मां जानकी, महात्मा बुद्ध और भगवानमहावीर को जन्म दिया है। यही धरती आर्यभट्ट, चाणक्य और चंद्रगुप्त मौर्य की धरती है, लेकिन कांग्रेस-राजद ने इस पवित्र भूमि को जातीय विभाजनऔर माफियागीरी से कलंकित किया। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कांग्रेस और राजद ने समाज को जाति के नाम पर बांटा, सरकारी खजानों की लूटमचाई और बिहार के नौजवानों को बेरोजगार बनाया। इनकी करनी से बिहार बीमारू बन गया, जबकि यह वही भूमि है जिसने भारत को स्वर्ण युगदिया। किसानों तथा सामान्य जनता को विषम हालात में डाल दियायूपी के सीएम ने विपक्षी गठबन्धन पर सीधे-सीधे आरोप लगाया कि कांग्रेस, राजद और उनके सहयोगी जातिगत विभाजन और माफिया-समर्थन केजरिए बिहार में अराजकता के लिए ज़िम्मेदार हैं। सभा में योगी ने यह भी कहा कि यूपी में माफिया पर बुलडोजर चलता है और उसकी हड्डी पसली एककर दी जाती है। माफिया द्वार कब्जा की गई जमीन पर गरीबों के लिए हवेलियां बनाई जा रही हैं। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बिहार जब सेकांग्रेस-राजद के दौर से बाहर आया है, तब से ही विकास की राह खुली है। उन्होंने कहा कि जो लोग कभी जाति को जाति से लड़ाने और खानदानीमाफिया को संरक्षण देने में लगे रहे, वे अब फिर से वही हालात पैदा करना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और राजद ने मिलकर समाजको बांटा, नौजवानों के अवसर छिने और किसानों तथा सामान्य जनता को विषम हालात में डाल दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भव्य अयोध्या के दर्शन करेंगेयोगी आदित्यनाथ ने यूपी के पिछले साढ़े आठ साल के डबल इंजन शासन का ज़िक्र कर कहा कि वहां कर्फ्यू और दंगे अब नहीं हैं। उन्होंने कहा कियूपी न कर्फ्यू न दंगा है, वहां सब चंगा है। वह इसे एनडीए के सुशासन की सफलता के रूप में पेश करते दिखे। उन्होंने बिहार के विकास के लिएनितीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि 2005 के बाद से बिहार में रोड, बिजली, पेयजल, शैक्षणिक और चिकित्सासंस्थानों की श्रृंखला बनकर आई है और मोदी जी के नेतृत्व में पिछले 11 साल में यह और भी तेज हुआ। योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में राममंदिर केनिर्माण और उससे जुड़े विकास कार्यों का भी संदर्भ देते हुए कहा कि आस्था और विकास दोनों का सम्मान एनडीए ही करेगा। यूपी के मुख्यमंत्री नेअयोध्या में राममंदिर निर्माण का उदाहरण देते हुए कहा कि एनडीए जो कहता है, वह कर के दिखाता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट मेंहलफनामा देकर कहा था कि राम तो हुए ही नहीं। आरजेडी ने रथयात्रा को रोका था और समाजवादी पार्टी ने रामभक्तों पर गोली चलाई थी। लेकिनआज अयोध्या में भगवान श्रीराम विराजमान हैं और भव्य राममंदिर बन चुका है। योगी आदित्यनाथ ने बताया कि अयोध्या में महर्षि वाल्मीकि, निषादराज, माता शबरी और जटायू जैसी पवित्र विभूतियों की स्मृति में स्थल बनाए गए हैं। उन्होंने कहा कि 25 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भव्यअयोध्या के दर्शन करेंगे।

सासाराम में गरजे गृहमंत्री अमित शाह, आतंकवाद और घुसपैठ पर विपक्ष को घेरा

गृहमंत्री अमित शाह ने सासाराम में सभा को संबोधित करते हुए आतंकवाद, राष्ट्रीय सुरक्षा और अवैध घुसपैठियों के मुद्दे को उछाला तथा विपक्षीनेताओं पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकारों के समय आतंकवादियों पर कार्रवाई ढीली रहती थी, जबकि नरेंद्र मोदी सरकार ने कड़ेकदम उठाए हैं। अमित शाह ने कहा, “जब सोनिया, मनमोहन और लालू के समय था, तो आतंकवादी घुस आते थे, हमारे देश में हमला करते थे औरभाग निकलते थे, कोई सवाल नहीं करता था। नरेंद्र मोदी सरकार आने के बाद उरी हमले के जवाब में सर्जिकल स्ट्राइक की गई और पुलवामा हमले केबाद हवाई कार्रवाई की गई। पाहलगाम में हमारे टूरिस्टों से उनके धर्म के बारे में पूछा गया और उन्हें मारा गया। 22 दिनों में हमने ऑपरेशन सिंदूर करकेपाकिस्तान में घुसकर आतंकवाद को समाप्त करने का काम किया।” उन्होंने शस्त्राई स्वर में कहा, “यहां मां शाक्तिपीठ की पवित्र भूमि पर मैं कहता हूं, अगर आतंकवादी गोली चलाएंगे तो हम गोलाबारी से जवाब देंगे। क्या आप जानते हैं वह गोला कहां बनेगा? प्रधानमंत्री मोदी बिहार में डिफेंसकॉरिडोर बनाएंगे और एक आर्डनेंस फैक्ट्री स्थापित की जाएगी।देश की सुरक्षा के लिए भी खतराघुसपैठियों के मुद्दे पर अमित शाह ने आरोप लगाया कि कुछ विपक्षी नेता विशेषकर राहुल और तेजस्वी घुसपैठियों के समर्थन में यात्रा निकालते हैं।उन्होंने कहा, “कुछ दिन पहले राहुल और तेजस्वी ने एक यात्रा निकाली थी, ये यात्रा उन्होंने घुसपैठियों को बचाने के लिए निकाली थी। हमारे देश मेंघुसपैठिये हमारे युवाओं की नौकरियां छीन रहे हैं, गरीबों के राशन में अपना हिस्सा ले रहे हैं और देश की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन रहे हैं।” घुसपैठियों के मुद्दे पर विपक्ष पर तीखा हमलाअमित शाह ने स्पष्ट किया, “राहुल और तेजस्वी जो करना चाहें, करने दें, मैं आज सासाराम की धरती से यह कहता हूं कि हम बिहार और देश से एक-एक घुसपैठिए को निकालने का काम करेंगे। उन्होंने (राहुल और तेजस्वी) घुसपैठियों को अपना वोट बैंक बना लिया है। हमें घुसपैठियों के वोट नहींचाहिए, हम सासाराम के युवाओं के वोट और मेहनती दीदियों के वोट से जीतने आए हैं।” सभा में अमित शाह ने राष्ट्रीय सुरक्षा, सीमाओं के उल्लंघनतथा स्थानीय युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर जोर देते हुए सरकार की नीतियों का बचाव किया और जनता से बीजेपी का समर्थन मांगते हुए कहा किवह बिहार और देश की रक्षा के लिए सख्त कदम उठाते रहेंगे। सासाराम में चुनावी सभा के दौरान केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने आतंकवाद औरघुसपैठियों के मुद्दे पर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। सासाराम में चुनावी सभा के दौरान केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने आतंकवाद और घुसपैठियों केमुद्दे पर विपक्ष पर तीखा हमला बोला।

कांग्रेस सांसद “थरूर बोले, जैसे नेहरू को चीन युद्ध से और इंदिरा को आपातकाल से नहीं आंका, वैसे ही आडवाणी को भी नहीं

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने पूर्व उपप्रधानमंत्री और भाजपा के संस्थापक सदस्यों में से एक लाल कृष्ण आडवाणी की विरासत का बचाव किया है।उन्होंने कहा कि जैसे भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू को सिर्फ चीन युद्ध की हार से नहीं आंका जा सकता या इंदिरा गांधी को केवलआपातकाल से नहीं, वैसे ही आडवाणी के लंबे राजनीतिक जीवन को भी एक घटना तक सीमित कर देना अनुचित है। शशि थरूर ने ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर यह बयान आडवाणी के 98वें जन्मदिन (8 नवंबर) पर शुभकामनाएं देते हुए दिया। थरूर ने आडवाणी को ‘एक सच्चे राजनेता’ बताते हुए कहा किउनका लोकसेवा के प्रति समर्पण, विनम्रता और ईमानदारी देश के लिए प्रेरणा है। हालांकि, थरूर के इस ट्वीट पर विवाद भी खड़ा हो गया। इतिहास के साथ अन्याय होगासुप्रीम कोर्ट के वकील संजय हेगड़े ने थरूर की आलोचना करते हुए लिखा माफ कीजिए थरूर साहब, लेकिन इस देश में नफरत के बीज बोनालोकसेवा नहीं कहा जा सकता। इसके जवाब ने थरूर ने लिखा नेहरूजी के पूरे करियर को चीन की हार से नहीं आंका जा सकता, न ही इंदिरा गांधी कोसिर्फ आपातकाल से। इसी तरह, हमें यही दृष्टिकोण आडवाणी जी के साथ भी अपनाना चाहिए। उनके लंबे सार्वजनिक जीवन को सिर्फ एक घटना सेआंकना गलत है। यह बयान उन्होंने 1990 की राम रथ यात्रा का हवाला देते हुए दिया, जिसमें आडवाणी ने राम मंदिर आंदोलन को नई दिशा दी थी।हेगड़े ने लिखा कि यह यात्रा भारतीय गणराज्य के मूल सिद्धांतों को बदलने की कोशिश थी, जिसके दूरगामी राजनीतिक प्रभाव आज भी दिखते हैं।थरूर ने इस पर जवाब देते हुए कहा कि किसी भी व्यक्ति के जीवन को एक घटना से परिभाषित करना इतिहास के साथ अन्याय होगा। आडवाणी को सिर्फ एक घटना से आंकना गलतइस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी 8 नवंबर को दिल्ली में आडवाणी से मुलाकात कर उन्हें जन्मदिन की बधाई दी और उन्हें “भारत के लोकतांत्रिकऔर सांस्कृतिक परिदृश्य में अमिट छाप छोड़ने वाला नेता” बताया। मोदी ने कहा आडवाणी जी की दूरदर्शिता और सिद्धांतों के प्रति प्रतिबद्धता ने भारतकी प्रगति को मजबूती दी है। मैं उनकी लंबी उम्र और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं।” गौरतलब है कि राम रथ यात्रा 25 सितंबर 1990 कोगुजरात के सोमनाथ से शुरू होकर अयोध्या तक पहुंचनी थी, लेकिन इसे बिहार के तत्कालीन मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने रोक दिया था औरआडवाणी को गिरफ्तार कर लिया था। इसके दो साल बाद, 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद विध्वंस की घटना हुई। कांग्रेस सांसदशशि थरूर ने बीजेपी के संस्थापक एल.के. आडवाणी की विरासत का बचाव किया। उन्होंने कहा कि जैसे नेहरू को चीन युद्ध या इंदिरा गांधी कोआपातकाल से नहीं आंका जा सकता, वैसे ही आडवाणी को सिर्फ एक घटना से आंकना गलत है।

आईसीसी महिला वर्ल्ड कप की हीरो दीप्ति शर्मा ने उज्जैन में लिया भगवान महाकाल का आशीर्वाद, मिली जीत की शक्ति

महिला क्रिकेट विश्व कप विजेता भारतीय क्रिकेट टीम की सदस्य दीप्ति शर्मा रविवार प्रातःकालीन भस्म आरती में शामिल होकर भगवान श्रीमहाकालेश्वर जी के दर्शन लाभ लिए। दर्शन उपरांत मंदिर समिति की ओर से उप प्रशासक एस. एन. सोनी द्वारा स्वागत एवं सत्कार किया गया। विश्वविजेता भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सदस्य दीप्ति शर्मा ने रविवार को उज्जैन स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में भगवान महाकाल केदर्शन किए। वह अल सुबह भस्म आरती में भी शामिल हुईं। दीप्ति शर्मा ने भस्म आरती में शामिल होने के बाद नंदी हॉल से भगवान महाकाल कापूजन किया। उन्होंने विधि-विधान से दर्शन लाभ लिए। दर्शन के उपरांत श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से उप प्रशासक एस एन सोनी नेक्रिकेटर दीप्ति शर्मा को भगवान महाकाल का प्रसाद और दुपट्टा भेंट कर सम्मानित किया। याद रहे है कि ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने हाल ही में दक्षिणअफ्रीका के खिलाफ हुए फाइनल मुकाबले में 58 गेंदों पर 58 रन बनाए थे और 5 विकेट भी चटकाए थे। उत्तर प्रदेश के आगरा की निवासी दीप्तिशर्मा को यूपी सरकार द्वारा भी सम्मानित किया जाएगा। दीप्ति शर्मा रविवार सुबह उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में भस्म आरती में शामिल हुईंऔर नंदी मंडप से विधि-विधान के साथ भगवान महाकाल के दर्शन किए। दर्शन के बाद मंदिर प्रबंधन की ओर से उप प्रशासक एस. एन. सोनी नेउनका स्वागत एवं सम्मान किया।क्रिकेट इतिहास में कोई पुरुष क्रिकेटर भी हासिल नहीं कर सकाभारतीय महिला क्रिकेट टीम ने आईसीसी महिला वर्ल्ड कप फाइनल में साउथ अफ्रीका महिला क्रिकेट टीम को करारी शिकस्त देते हुए पहली बारकिसी आईसीसी खिताब को अपने नाम किया। कप्तान हरमनप्रीत कोर की अगुवाई में भारतीय महिला टीम ने वो कर दिखाया, जिसका इंतजार फैंसको लंबे समय से था। इस विजयी अभियान के दौरान भारत ने कई बड़ी टीमों को भी शिकस्त दी और फाइनल तक का सफर तय किया, फिर फाइनलमें तिरंगा लहराने में कोई कसर नहीं छोड़ी। इस अभियान में भारतीय टीम की कई खिलाड़ियों का योगदान रहा लेकिन एक खिलाड़ी ऐसी रही जिसकायोगदान सबसे सर्वश्रेष्ठ और रिकॉर्ड तोड़ने वाला रहा है। वो हैं दीप्ति शर्मा। भारत की ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने आईसीसी महिला वनडे वर्ल्ड कप2025 में वो कमाल किया है जिसे सदियों तक याद रखा जाएगा। इस खिलाड़ी ने ना सिर्फ भारत को विश्व कप खिताब तक पहुंचाने में सबसे अहमयोगदान दिया बल्कि एक ऐसा वर्ल्ड रिकॉर्ड बना दिया है जो विश्व कप क्रिकेट इतिहास में कोई पुरुष क्रिकेटर भी हासिल नहीं कर सका।