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फांसी की सजा पर बोलीं शेख हसीना, फैसला पक्षपाती और राजनीति से प्रेरित

बांग्लादेश की अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना को मानवता के खिलाफ अपराध के मामले में दोषी करार देते हुए विशेष न्यायाधिकरण ने फांसी कीसजा सुनाई है। अब इस मामले में शेख हसीना की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है। शेख हसीना ने न्यायाधिकरण के फैसले को पक्षपाती औरराजनीति से प्ररित बताया है। बता दें कि उन्हें सोमवार को ही दोषी पाया गया और मौत की सजा सुनाई गई है। न्यायाधिकरण के फैसले को लेकरअपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि मेरे खिलाफ सुनाए गए फैसले एक धांधली वाले न्यायाधिकरण द्वारा दिएगए हैं, जिसकी स्थापना और अध्यक्षता एक अनिर्वाचित सरकार द्वारा की गई है, जिसके पास कोई लोकतांत्रिक जनादेश नहीं है। वे पक्षपातपूर्ण औरराजनीति से प्रेरित हैं। शेख हसीना ने कहा कि आईसीटी में कुछ भी अंतरराष्ट्रीय नहीं है; न ही यह किसी भी तरह से निष्पक्ष है। उनका दावा है किन्यायाधिकरण ने केवल अवामी लीग के सदस्यों पर मुकदमा चलाया है, जबकि कथित तौर पर राजनीतिक विरोधियों द्वारा की गई हिंसा कोनजरअंदाज किया है। राजनीतिक ताकत के रूप में निष्प्रभावीउन्होंने कहा कि मेरे खिलाफ सुनाया गया फैसला धांधली भरे न्यायाधिकरण द्वारा दिया गया है। जिसकी स्थापना और अध्यक्षता एक अनिर्वाचितसरकार द्वारा की गई है, जिसके पास कोई लोकतांत्रिक जनादेश नहीं है। वे पक्षपाती और राजनीति से प्रेरित हैं। मृत्युदंड की उनकी घृणित मांग, अंतरिम सरकार के भीतर चरमपंथी लोगों के बांग्लादेश के अंतिम निर्वाचित प्रधानमंत्री को हटाने और अवामी लीग को एक राजनीतिक ताकत के रूप मेंनिष्प्रभावी करने के बेशर्म और जानलेवा इरादे को उजागर करती है। पार्टी अवामी लीग ने बंद का एलान कियाहसीना ने कहा कि मैं आईसीटी द्वारा मानवाधिकारों के हनन के अन्य आरोपों को भी निराधार मानते हुए खारिज करता हूं। मुझे मानवाधिकारों औरविकास के मामले में अपनी सरकार के रिकॉर्ड पर बहुत गर्व है। हमने 2010 में बांग्लादेश को अंतर्राष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय में शामिल होने के लिएप्रेरित किया, म्यांमार में उत्पीड़न से भाग रहे लाखों रोहिंग्याओं को शरण दी, बिजली और शिक्षा तक पहुच का विस्तार किया, और 15 वर्षों में 450% जीडीपी वृद्धि दर हासिल की, जिससे लाखों लोग गरीबी से बाहर निकले। ये उपलब्धियां ऐतिहासिक रिकॉर्ड का हिस्सा हैं। ये मानवाधिकारों के प्रतिउदासीन नेतृत्व के कार्य नहीं हैं। इससे पहले सोमवार को विशेष न्यायाधिकरण ने पूर्व पीएम को सभी पांचों मामलों में दोषी ठहराते हुए फांसी कीसजा सुनाई है। बांग्लादेश के ‘अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण’ ने शेख हसीना और पूर्व गृह मंत्री असदुज्जमान खान कमाल और पूर्व आईजीपीचौधरी अब्दुल्ला अल मामून के खिलाफ मामलों की सुनवाई पूरी कर सजा का एलान किया। अदालत के फैसले को लेकर बांग्लादेश में तनाव कामाहौल है और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग ने बंद का एलान किया है।

करारी हार के बाद तेजस्वी की समीक्षा बैठक, विधायक दल का नेता फिर चुने गए

बिहार विधानसभा चुनाव में करारी शिकस्त मिलने के बाद आज पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव राष्ट्रीय जनता दल के वरिष्ठ नेताओं के साथ समीक्षाबैठक की। पटना के एक पोलो रोड स्थित तेजस्वी आवास पर या बैठक हुई है। करीब चार घंटे तक बैठक चली। राजद नेताओं के साथ तेजस्वी नेबिहार विधानसभा चुनाव में हार की समीक्षा की गई। इसमें बाद तेजस्वी को विधायक दल का नेता चुन गया। बैठक में विधायक आलोक मेहता नेकहा कि चुनाव के गड़बड़ी हुई है। इसीलिए ऐसा चौंकाने वाला परिणाम आया है। राजद के महज 25 प्रत्याशी ही विधानसभा चुनाव जीत पाए।मामले में राजद नेता रामानुज यादव ने बताया कि बैठक के हर एक नेता से बातचीत की गई। रिपोर्ट कार्ड देखा गया। इसके साथ ही चुनाव केपरिणाम को लेकर कोर्ट जाने पर भी चर्चा हुई। इसे लेकर महागठबंधन के नेताओं की भी राय ली जाएगी। इधर, लालू परिवार जारी घमासान के बीचइस बैठक में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, सांसद मीसा भारती भी शामिल हुईं। उनके अलावा पूर्व प्रदेश अध्यक्षजगदानंद सिंह बाहुबली सूरजभान सिंह, विधायक भाई वीरेंद्र समेत कई वरिष्ठ नेता पहुंचे। विधायक दल का नेता चुन लियाबताया जा रहा है कि तेजस्वी यादव ने चुनाव में जीते और हारे हुए विधायकों को बुलाया है। सभी राजद नेता अपना अपना रिपोर्ट कार्ड लेकर आए हैं।बैठक में तेजस्वी चुनाव लड़ने वाले सभी प्रत्याशियों से फीडबैक लिया। इसके बाद राजद विधायकों ने सर्वसम्मति से तेजस्वी यादव को विधायक दलका नेता चुन लिया। राजद सूत्रों का कहना है कि इस बैठक का मकसद यह पता करना था कि आखिर चूक कहां रह गई? जिन सीटों पर बेहद ही कमअंतर से हार मिली है उन सीटों की भी समीक्षा की जा रही। साथ ही सीमांचल में राष्ट्रीय जनता दल की जड़ें कमजोर होने की वजह भी खोजी जा रही।बिहार विधानसभा चुनाव में करारी हार और बहन रोहिणी आचार्य के विरोध में बाद राष्ट्रीय जनता दल की बैठक हुई। तेजस्वी यादव को विधायकों नेसर्वसम्मति से विधायक दल का नेता चुन लिया।

सबरीमाला घोटाले पर भाजपा का बड़ा कदम, PM मोदी के हस्तक्षेप की मांग

केरल भाजपा ने सोमवार को सबरीमाला के सोने से जुड़े विवाद को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने के लिए बड़ा कदम उठाया। पार्टी ने अयप्पा भक्तों से एककरोड़ हस्ताक्षर जुटाने का अभियान शुरू किया है, ताकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधे हस्तक्षेप की मांग की जा सके। यह अभियान मलयालम महीनेवृश्चिकम के पहले दिन शुरू हुआ, यानी वह दिन जब सबरीमाला में वार्षिक तीर्थयात्रा की शुरुआत होती है। इस कार्यक्रम का शुभारंभ तिरुवनंतपुरम केप्रसिद्ध पाझवंगड़ी गणपति मंदिर के सामने भाजपा के राज्य महासचिव एस. सुरेश ने किया। इस दौरान भाजपा के राज्य महासचिव एस. सुरेश ने कहाकि भक्तों के हस्ताक्षर प्रधानमंत्री को सौंपे जाएंगे। उन्होंने पड़ोसी तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश के अयप्पा भक्तों से भी इस अभियान में शामिल होने कीअपील की। उनके अनुसार, ‘सबरीमाला की रक्षा के लिए यह एकजुटता जरूरी है।’ भाजपा नेता ने कहा कि सबरीमाला में जो हुआ, वह सिर्फ सोने कीचोरी नहीं थी, बल्कि श्रद्धास्थल को चोट पहुंचाने की एक बड़ी साजिश का हिस्सा था।हस्ताक्षर अभियान चलाएंभाजपा नेता ने केरल की पिछली एलडीएफ और यूडीएफ सरकारों पर आरोप लगाया कि वे ‘सबरीमाला को कमजोर करने की कोशिशें करती रही हैं, और यह सब एजेंटों व बिचौलियों के जरिए गुप्त रूप से किया गया।’ उन्होंने कहा कि यह मामला राष्ट्रीय मंच पर लाया जाना जरूरी है, और हस्ताक्षरअभियान उसी दिशा में पहला कदम है। भाजपा नेताओं के मुताबिक, राज्य के कई हिस्सों में सोमवार को हस्ताक्षर संग्रह भी शुरू हो गया। जानकारी केमुताबिक, भाजपा कार्यकर्ता दक्षिण भारत के कई राज्यों में घर-घर जाकर और सार्वजनिक स्थानों पर हस्ताक्षर अभियान चलाएंगे।पार्टी की तरफ से यह अभियान शुरू किया गयाकुछ दिन पहले, भाजपा के राज्य अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर ने इस अभियान की घोषणा की थी। उन्होंने कहा था कि सबरीमाला में सोने की परत चढ़ानेसे जुड़े कामों में अनियमितताएं हुई हैं, और यात्रियों के लिए आवश्यक बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी बनी हुई है। चंद्रशेखर ने यह भी मांग की थीकि त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड की पिछले 30 वर्षों की गतिविधियों का नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) से विशेष ऑडिट कराया जाए। केरलभाजपा ने राज्य में एक करोड़ हस्ताक्षरों का अभियान शुरू किया है। बता दें कि पार्टी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सबरीमाला ‘सोने घोटाले’ में हस्तक्षेप कीमांग कर रही है। इसी को लेकर पार्टी की तरफ से यह अभियान शुरू किया गया है।

बिहार विधानसभा भंग नीतीश ने सौंपा प्रस्ताव, 20 नवंबर को नई सरकार का शपथ ग्रहण

आज मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के लिए बड़ा दिन है। पहले सीएम मंत्रिमंडल की बैठक में यह वर्तमान सरकार की अंतिम कैबिनेट खत्म हो गई। इसबैठक में 17वीं विधानसभा भंग करने की सिफारिश की गई। सभी मंत्रियों ने अपना इस्तीफा दे दिया। इसके बाद सीएम नीतीश कुमार राजभवनपहुंचे। वहां उन्होंने कुछ राज्यापल से बातचीत की। इसके बाद राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को विधानसभा भंग करने का प्रस्ताव सौंप दिया। 19 नवंबर को मौजूदा विधानसभा भंग हो जाएगी। जनता दल यूनाईटेड विजय चौधरी ने कहा कि राजभवन में सीएम नीतीश कुमार ने विधानसभा भंग करनेका प्रस्ताव राज्यपाल को सौंप दिया। मंत्री प्रेम कुमार ने कहा कि कैबिनेट की बैठक में विधानसभा भंग करने की सिफारिश कर दी गई है। 20 नवंबरको नई सरकार का शपथ ग्रहण होगा। पीएम मोदी भी इसमें शामिल होंगे। इधर, कैबिनेट की बैठक शुरू होने से पहले उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरीसीएम हाउस पहुंचे। उनके साथ कुछ अन्य मंत्री भी थे। इसके बाद सभी मंत्री सीएम नीतीश कुमार के साथ सचिवालय पहुंचे। यहां बैठक शुरू हुई।इधर, सचिवालय के अंदर किसी को भी अंदर जाने नहीं दिया गया। राजभवन के बाहर भी सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। भंग करने की सिफारिश की गईइधर, राजभवन से निकलने के बाद नीतीश कुमार अपनी पार्टी के नेताओं के साथ विधायक दल की बैठक करेंगे। जदयू के नेता सीएम नीतीश कुमारको विधायक दल का नेता चुनेंगे। मंगलवार भाजपा के विधायक दल की बैठक होगी। गुरुवार को नई सरकार का गठन होगा। नीतीश कुमार 10वींबार मुख्ममंत्री पद की शपथ लेंगे। इधर, गांधी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह की तैयारी शुरू हो चुकी है। आम लोगों के लिए 17 से 20 नवंबर कोप्रवेश में पाबंदी लगा दी गई है। गांधी मैदान में लगभग 5000 वीवीआईपी अतिथियों के बैठने के लिए एक विशेष खंड तैयार किया जा रहा है।शपथ ग्रहण समारोह में पीएम मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नड्डा समेत सभी भाजपा और एनडीए शासित मुख्यममंत्री केसाथ-साथ विपक्ष के कुछ बड़े चेहरे भी शामिल हो सकते हैं। बिहार की राजनीति का अहम दिन है। आज मौजूदा सरकार अपनी आखिरी कैबिनेट कीबैठक की। इसमें 17वीं विधानसभा भंग करने की सिफारिश की गई। बैठक के बाद सीएम नीतीश कुमार विधानसभा भंग करने का प्रस्ताव राज्यपालको सौंपा। 19 नवंबर को मौजूद विधानसभा को भंग कर दिया जाएगा।

किडनी देने वाली बहन रोहिणी बेघर? तेजस्वी पर मांझी का ताबड़तोड़ हमला “जानें क्या है पूरा मामला”

राष्ट्रीय जनता दल के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य के साथ हुई घटना पर मचा सियासी घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा है।केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने इस मामले पर राष्टीय जनता दल के नेता तेजस्वी यादव पर हमला बोला है। कहा कि राजनीति अपनी जगह है, लेकिनमानवीय दृष्टिकोण से रोहिणी आचार्य और उनकी बाकी बहनों का राबड़ी आवास से निकलने की घटना को मैं दुखद मानता हूं। हमारा परिवार जोसंयुक्त परिवार चलता है। खासकर बहनों को विशेष तौर पर तरजीह दी जाती है। लेकिन, तेजस्वी यादव किस परिस्थिति में यह काम किए हैं? यहजांच का विषय है। हमलोग तो पहले भी कहते थे कि वह अनाप शनाप बोलते थे। हमलोगों को यही लगता था कि जो नॉर्मल आदमी इस प्रकार कीबात नहीं बोलता है। हमलोग पहले भी बोलते थे कि तेजस्वी यादव की बात पर विश्वास मत कीजिए। जनता ने नीतीश कुमार और नरेंद्र मोदी के कामपर विश्वास किया। आज रिजल्ट आपलोगों के सामने हैं। संजय यादव पर तंज कसते हुए लिखा किमांझी ने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव ने पहले अपने बड़े भाई तेज प्रताप यादव को घर से निकलवाया। इसके बाद बहन रोहिणी आचार्य को घरसे निकाला। जिस बहन ने अपनी किडनी तक दे दी। उसके कहा गया कि गंदा किडनी दे दिया। पैसा ले लिया। यह सब शर्मनाक बात है। एक बेटीका अपमान बिहार की जनता बर्दाश्त नहीं करेगी। व्यक्तिगत रूप से हम इस घटना से बेहद दुखी हैं। इससे पहले हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा के अध्यक्षजीतन राम मांझी ने दिल्ली में केंद्रीय मंत्री और बिहार चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की। उनके साथ बिहार भाजपा प्रभारी विनोद तावड़े भीमौजूद रहे। जीतन राम मांझी ने धर्मेंद्र प्रधान को पुष्पगुच्छ देकर एनडीए की जीत की बधाई दी। 14 नवंबर को बिहार चुनाव के नतीजे आने के बादरोहिणी ने आरोप लगाया था कि उन्हें गालियां दी गईं, चप्पल से पीटा गया। उन्होंने भाई तेजस्वी यादव और उनके सहयोगियों पर आरोप लगाते हुएकहा कि उन्हें चुनाव में राजद की हार के बाद गंदी कहा गया। रोहिणी के मुताबिक, उनसे कहा गया कि उन्होंने पिता (लालू प्रसाद यादव) को गंदीकिडनी लगवा दी। अपने पोस्ट में रोहिणी ने दर्द जाहिर करते हुए कहा, “मुझसे कहा गया मैंने करोड़ों रुपये लिए, टिकट लिया, तब गंदी किडनीलगवाई।” रोहिणी ने तेजस्वी और उनके करीबी सहयोगियों संजय यादव और रमीज पर मायका छुड़वा देने का आरोप भी लगाया। इतना ही नहींउन्होंने संजय यादव पर तंज कसते हुए लिखा कि सभी बेटी-बहन, जो शादीशुदा हैं, उन्हें बोलूंगी कि जब मायके में बेटा-भाई हो, तो भूलकर भी अपनेभगवान रूपी पिता को नहीं बचाएं। अपने भाई, उस घर के बेटे को ही बोलें कि वह अपनी या अपने किसी हरियाणवी दोस्त की किडनी लगवा दे। पटना एयरपोर्ट पर रोहिणी ने अपने साथ हुई आपबीती की जानकारी दीरोहिणी ने आगे लिखा कि बहन-बेटियां अपना घर-परिवार देखें, माता-पिता की परवाह किए बिना अपने बच्चे, अपना काम, ससुराल देखें, अपने बारेमें सोचें। मुझसे बड़ा गुनाह हो गया, मैंने अपना परिवार, तीनों बच्चों को नहीं देखा, किडनी देते वक्त न अपने पति, न ससुराल से अनुमति ली। 16 नवंबर को रोहिणी आचार्य के साथ चंदा, रागिणी यादव समेत चारों बहनें भी राबड़ी आवास से निकल गई। पटना एयरपोर्ट पर रोहिणी ने अपने साथहुई आपबीती की जानकारी दी।

भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर दिल्ली विधानसभा में विशेष कार्यक्रम-अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता

दिल्ली विधानसभा में एकता और परंपरा का सम्मानदिल्ली विधानसभा परिसर में भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें नक्सलप्रभावित जिलों से आए युवक-युवतियों और अर्द्धसैनिक बलों के अधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य आदिवासी परंपराओं को सम्मानदेना, राष्ट्रीय एकता का संदेश फैलाना और युवाओं को लोकतांत्रिक संस्थाओं से जोड़ना था। बिरसा मुंडा की विरासत से प्रेरणा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता का संबोधनदिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती हम सबके लिए यह याद दिलाती हैकि भारत की विविधता, पर्यावरण और वंचित वर्गों का सम्मान करना ही सच्ची प्रगति है। उन्होंने बिरसा मुंडा को साहस और संघर्ष का प्रतीक बताया, जिनकी विरासत आज भी भारत को नई दिशा देती है। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा का आंदोलन आध्यात्मिक जागरण, सामाजिक परिवर्तन औरराजनीतिक चेतना का संगठित रूप था। उनके संघर्ष ने छोटानागपुर काश्तकारी अधिनियम को जन्म दिया, जिसने आदिवासी भूमि को सुरक्षा प्रदानकी। अध्यक्ष ने नक्सल प्रभावित जिलों से आए युवाओं का स्वागत करते हुए कहा कि उनकी उपस्थिति राष्ट्रीय एकता और सेवा की भावना का प्रतीकहै। राजधानी को करीब से जानने का अवसर युवा प्रतिनिधियों का विशेष भ्रमणमेरा युवा भारत कार्यक्रम के अंतर्गत छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, झारखंड, ओडिशा और महाराष्ट्र के नक्सल प्रभावित आठ जिलों से आए 200 युवाओं और20 अर्द्धसैनिक अधिकारियों ने दिल्ली विधानसभा का भ्रमण किया। इन युवाओं ने दिल्ली की संस्कृति, प्रशासनिक परिवेश और लोकतांत्रिक व्यवस्थाको नज़दीक से देखने का अनुभव साझा किया। कई युवक मंच पर आकर बोले और बताया कि इस यात्रा ने उन्हें नई दिशा दी और देश के लोकतांत्रिकढांचे को समझने का मौका प्रदान किया। शिक्षा का असली उद्देश्य जड़ों से जुड़ना कैबिनेट मंत्री आशीष सूद का वक्तव्यकार्यक्रम में मुख्य अतिथि आशीष सूद, कैबिनेट मंत्री, दिल्ली सरकार ने कहा कि शिक्षा तभी सार्थक होती है जब वह छात्रों को उनकी परंपराओं औरजड़ों से जोड़ती है। उन्होंने कहा कि एक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना ऐसे ही कार्यक्रमों के माध्यम से जीवंत होती है। सूद ने युवाओं से कहा कि दिल्लीविधानसभा का यह दौरा उनके लिए हमेशा प्रेरणादायक रहेगा और राष्ट्रीय एकता की भावना को और मजबूत करेगा। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्रगुप्ता का धन्यवाद दिया कि उन्होंने इन युवाओं को देश की राजधानी की लोकतांत्रिक संस्था को करीब से देखने का अवसर प्रदान किया। युवाओं के भविष्य को नई दिशा उपाध्यक्ष मोहन सिंह बिष्ट का संदेशविधानसभा के उपाध्यक्ष मोहन सिंह बिष्ट ने कहा कि मेरा युवा भारत कार्यक्रम के अंतर्गत युवाओं का यह दौरा राष्ट्रीय संकल्प का प्रतीक है। उन्होंनेकहा कि दिल्ली विधानसभा का अनुभव युवाओं के भीतर नई ऊर्जा जगाएगा और उन्हें राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करेगा। परंपरा और रंगों का सुंदर संगम सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँकार्यक्रम में हिंदी अकादमी के कलाकारों ने झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा और मध्य प्रदेश की पारंपरिक नृत्य शैलियों की मनमोहक प्रस्तुति दी। इनरंगारंग प्रस्तुतियों ने पूरे परिसर में सांस्कृतिक उत्साह, ऊर्जा और एकता का संदेश भरा। युवाओं ने इन प्रस्तुतियों को बेहद पसंद किया और इन्हें अपनेजीवन का अविस्मरणीय अनुभव बताया। एक भारत, श्रेष्ठ भारत की ओर एक मजबूत कदमभगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर आयोजित यह कार्यक्रम न केवल आदिवासी संस्कृति का सम्मान था, बल्कि राष्ट्रीय एकता और विविधताके प्रति सम्मान का संदेश भी। अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता, मंत्री आशीष सूद और सभी जनप्रतिनिधियों ने यह स्पष्ट किया कि भारत की प्रगति तभी संभव हैजब सभी समुदाय, सभी क्षेत्र और सभी युवा समान अवसरों के साथ आगे बढ़ें। यह आयोजन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा और एक मजबूत राष्ट्रनिर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बना।