Skip to main content

NEWS अब तक

दिल्ली में रोमांस का रंग कार्तिक आर्यन और अनन्या पांडे ने ‘तू मेरी, मैं तेरा’ से बढ़ाया फैंस का उत्साह

सरिता साहनी22 दिसंबर 2025 ,नई दिल्ली राजधानी दिल्ली में पहुंची फिल्म की हिट जोड़ीबॉलीवुड के लोकप्रिय सितारे कार्तिक आर्यन और अनन्या पांडे अपनी आने वाली रोमांटिक फिल्म ‘तू मेरी, मैं तेरा — मैं तेरा, तू मेरी’ के प्रमोशन केसिलसिले में राजधानी दिल्ली पहुंचे। दिल्ली पहुंचते ही दोनों कलाकारों को देखने के लिए मीडिया और प्रशंसकों में जबरदस्त उत्साह देखने कोमिला। इंपीरियल होटल में मीडिया से खास बातचीतफिल्म का यह प्रमोशनल कार्यक्रम इंपीरियल होटल में आयोजित किया गया, जहां कार्तिक और अनन्या ने मीडिया से खुलकर बातचीत की। दोनों नेफिल्म की कहानी, अपने किरदारों और शूटिंग के दौरान के अनुभव साझा किए। कार्यक्रम के दौरान दोनों की सहजता और आपसी तालमेल ने सभी काध्यान खींचा। फिल्म की कहानी और किरदारों पर क्या बोले सितारेमीडिया से बातचीत में कार्तिक आर्यन ने कहा कि यह फिल्म आज की पीढ़ी के रिश्तों और भावनाओं को बहुत ही सरल और सच्चे अंदाज़ में पेश करतीहै। उन्होंने बताया कि दर्शकों को इसमें रोमांस के साथ-साथ खुद से जुड़ाव महसूस होगा। वहीं अनन्या पांडे ने फिल्म को अपने करियर का एक खासप्रोजेक्ट बताया। उन्होंने कहा कि इस फिल्म में प्यार, भावनाएं और मनोरंजन—तीनों का खूबसूरत मेल देखने को मिलेगा। ऑन–स्क्रीन केमिस्ट्री ने बटोरी सुर्खियांकार्यक्रम के दौरान कार्तिक और अनन्या की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री को लेकर खास चर्चा रही। दोनों कलाकारों की जोड़ी को दर्शक पहले से ही पसंद कररहे हैं, और प्रमोशनल इवेंट में उनकी मौजूदगी ने इस उत्साह को और बढ़ा दिया। फैंस और फोटोग्राफर्स के साथ खास पलइवेंट के दौरान दोनों सितारों ने फोटोग्राफर्स के लिए मुस्कुराते हुए पोज़ दिए और फैंस के प्यार का हाथ हिलाकर जवाब दिया। सोशल मीडिया पर भीइस कार्यक्रम की तस्वीरें और वीडियो तेजी से वायरल हो रही हैं। दिल्ली में बना फिल्म प्रमोशन चर्चा का केंद्रदिल्ली में आयोजित यह प्रमोशनल कार्यक्रम फिल्म को लेकर चर्चा का बड़ा कारण बन गया। फैंस अब बेसब्री से फिल्म के रिलीज़ होने का इंतज़ारकर रहे हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि यह रोमांटिक कहानी उनके दिलों को जरूर छूएगी। कुल मिलाकर, कार्तिक आर्यन और अनन्या पांडे की दिल्लीयात्रा ने फिल्म ‘तू मेरी, मैं तेरा — मैं तेरा, तू मेरी’ के प्रमोशन को नई ऊर्जा दी है और दर्शकों की उत्सुकता को और बढ़ा दिया है।

बांग्लादेश उच्चायोग के बाहर प्रदर्शन पर विदेश मंत्रालय की सफाई,मीडिया के भ्रामक प्रचार पर भारत की कड़ी प्रतिक्रिया

भारत में बांग्लादेश उच्चायोग के सामने कथित प्रदर्शन को लेकर विदेश मंत्रालय ने स्थिति स्पष्ट की है। मंत्रालय ने बांग्लादेश के कुछ मीडिया संस्थानोंपर भ्रामक प्रचार करने का आरोप लगाते हुए कहा कि 20 दिसंबर को नई दिल्ली स्थित बांग्लादेश हाई कमीशन के बाहर कोई सुरक्षा संकट नहीं पैदाहुआ था। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने मीडिया के सवालों के जवाब में बताया कि 20 दिसंबर 2025 को करीब 20–25 युवाओंका एक छोटा समूह बांग्लादेश हाई कमीशन के सामने एकत्र हुआ था। ये लोग बांग्लादेश के मयमनसिंह में हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की नृशंस हत्याके विरोध में नारेबाजी कर रहे थे और साथ ही बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा की मांग उठा रहे थे। भारत में बांग्लादेश उच्चायोग के बाहरकथित प्रदर्शन को लेकर विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि 20 दिसंबर को कोई सुरक्षा संकट नहीं हुआ। मंत्रालय के अनुसार, 20–25 युवाओं नेबांग्लादेश में एक हिंदू युवक की हत्या के विरोध में शांतिपूर्ण नारेबाजी की थी, जिसे पुलिस ने तुरंत हटा दिया। हत्या के विरोध में शांतिपूर्ण नारेबाजी कीरणधीर जायसवाल ने कहा इस दौरान न तो किसी तरह की बैरिकेड तोड़ने की कोशिश हुई और न ही कोई सुरक्षा स्थिति बनी। मौके पर तैनात पुलिसने कुछ ही मिनटों में समूह को शांतिपूर्वक हटा दिया। इन घटनाओं के दृश्य प्रमाण सार्वजनिक रूप से उपलब्ध हैं। उन्होंने यह भी कहा कि बांग्लादेश केकुछ मीडिया में इस घटना को बढ़ा-चढ़ाकर और गलत तरीके से पेश किया गया है। विदेश मंत्रालय ने दोहराया कि भारत अपने क्षेत्र में स्थित सभीविदेशी मिशनों और राजनयिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा वियना कन्वेंशन के तहत सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। विदेश मंत्रालय ने कहा किभारत बांग्लादेश में हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है। भारतीय अधिकारी बांग्लादेशी प्रशासन के संपर्क में हैं और अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलोंको लेकर अपनी गहरी चिंता भी जता चुके हैं। एमईए ने यह भी आग्रह किया कि दीपू चंद्र दास की हत्या के दोषियों को जल्द से जल्द न्याय के कटघरेमें लाया जाए।

अरावली बचेगी तो दिल्ली बचेगी, अखिलेश यादव का बड़ा पर्यावरण संदेश

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने दिल्लीवासियों को अरावली पहाड़ियों को बचाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि अरावली को बचाना कोई विकल्पनहीं बल्कि संकल्प होना चाहिए।एक्स पर लिखे गए एक लंबे संदेश में उन्होंने कहा कि बची रहे जो ‘अरावली’ तो दिल्ली रहे हरीभरी! उन्होंने कहा कि अरावली को बचाना कोई विकल्पनहीं है बल्कि ये तो संकल्प होना चाहिए। मत भूलिए कि अरावली बचेगी तो ही एनसीआर बचेगा। अरावली को बचाना अपरिहार्य है क्योंकि यहदिल्ली और एनसीआर के लिए एक प्राकृतिक सुरक्षा कवच है या कहें क़ुदरती ढाल है। अरावली ही दिल्ली के ओझल हो चुके तारों को फिर से दिखासकती है, पर्यावरण को बचा सकती है। अरावली पर्वतमाला ही दिल्ली के वायु प्रदूषण को कम करती है और बारिश-पानी में अहम भूमिका निभातीहै। अरावली से ही एनसीआर की जैव विविधता बची हुई है। जो वेटलैंड गायब होते चले जा रहे हैं, उन्हें यही बचा सकती है। गुम हो रहे परिंदों कोवापस बुला सकती है। अरावली से ही एनसीआर का तापमान नियंत्रित होता है। इसके अलावा अरावली से एक भावात्मक लगाव भी है जो दिल्ली कीसांस्कृतिक-ऐतिहासिक धरोहर का हिस्सा है। अरावली को बचाना, दिल्ली के भविष्य को बचाना है, नहीं तो एक-एक साँस लेने के लिए संघर्ष कर रहे दिल्लीवासी स्मॉग जैसे जानलेवा हालात सेकभी बाहर नहीं आ पाएंगे। आज एनसीआर के बुज़ुर्ग, बीमार और बच्चों पर प्रदूषण का सबसे ख़राब और ख़तरनाक असर पड़ रहा है। यहाँ के विश्वप्रसिद्ध हॉस्पिटल और मेडिकल सर्विस सेक्टर तक बुरी तरह प्रभावित हुआ है, जो लोग बीमारी ठीक करने दिल्ली आते थे, वो अब और बीमार होने नहींआ रहे हैं। अन्य सभी आर्थिक-सामाजिक गतिविधियाँ ठप्प हो जाने के कगार पर पहुँच जाएंगी।यही हाल रहा तो उत्तर भारत के सबसे बड़े बाज़ार और आर्थिक केंद्र के रूप में भी दिल्ली अपनी अहमियत खो देगी।विदेशी तो छोड़िए, देश के पर्यटक भी यहाँ नहीं आएंगे।न ही दिल्ली में कोई बड़ा इवेंट आयोजित होगा।न ही कोई राजनीतिक, शैक्षिक, अकादमिक, सामाजिक, सांस्कृतिक, साहित्यिक सम्मेलन आयोजित होगा।न ही ओलंपिक, कॉमनवेल्थ या एशियाड जैसी कोई बड़ी खेल प्रतियोगिता आयोजित होगी।यहाँ का होटल, रेस्टोरेंट, टैक्सी-कैब, गाइड, हैंडीक्राफ़्ट बिज़नेस, हर काम-कारोबार व अन्य सभी आर्थिक-सामाजिक गतिविधियाँ ठप्प हो जाने केकगार पर पहुँच जाएंगी। ये संदेश सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहाअरावली को बचाना मतलब ख़ुद को बचाना है। अगर अरावली का विनाश नहीं रोका गया तो भाजपा की अवैध खनन को वैध बनाने की साज़िश औरज़मीन की बेइंतहा भूख देश की राजधानी को दुनिया की ‘प्रदूषण राजधानी’ बना देगी और लोग दिल्ली छोड़ने को बाध्य हो जाएंगे। इसीलिए आइएहम सब मिलकर अरावली बचाएं और भाजपा की गंदी राजनीति को जनता और जनमत की ताक़त से हराएं! उनका ये संदेश सोशल मीडिया पर काफीवायरल हो रहा है।

एमके स्टालिन का बड़ा आरोप, भाजपा संविधान से सेक्युलर शब्द हटाना चाहती

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने आरोप लगाया है कि भाजपा सेक्युलर शब्द से नफरत करती है और इस शब्द को संविधान से हटाने के लिएउतावली है। स्टालिन ने ये आरोप लगाया कि भाजपा देश की विविधता को तबाह करना चाहती है। तिरुनेलवेली में एक क्रिसमस कार्यक्रम के दौरानसीएम स्टालिन ने 19वीं सदी में भारत आई एक ईसाई मिशनरी साराह टकर की तारीफ की। सीएम ने कहा कि साराह टकर ने दक्षिणी तमिलनाडु मेंमहिलाओं की शिक्षा के लिए बहुत काम किया। सीएम स्टालिन ने कहा, साराह टकर कॉलेज जैसे संस्थानों ने दक्षिणी तमिलनाडु में महिलाओं कोशिक्षित बनाने में अहम योगदान दिया। सीएम ने कहा कि सभी धर्म के लोगों को साथ मिलकर रहना चाहिए। उन्होंने कहा डीएमके की सरकार मेंअल्पसंख्यकों के कल्याण पर बहुत ध्यान दिया जाता है। डीएमके सरकार में अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं।जिसमें उन्होंने ईसाई समुदाय के लिए किए जा रहे विकास कार्यों की जानकारी दी, जिसमें चर्चों के निर्माण और पुनर्उद्धार जैसे काम गिनाए। सीएम नेकहा कि उनकी सरकार ने बिना किसी भेदभाव के हर धर्म के विकास के लिए काम किया। भाजपा संविधान से सेक्युलर शब्द हटाना चाहतीसीएम स्टालिन ने कहा, ‘तमिलनाडु के लोग उनकी सरकार का पूरा समर्थन करते हैं, लेकिन ये कुछ लोगों को पसंद नहीं आता। कई तमिलनाडु कीशांति को बिगाड़ना चाहते हैं।’ उन्होंने कहा कि डीएमके सरकार का विकास मॉडल जीसस के सिद्धांत पर आधारित है कि सभी के पास जरूरत का हरसामान होना चाहिए। सीएम ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार अल्पसंख्यकों को धमका रही है। सीएम स्टालिन ने कहा, भाजपा, सेक्युलरिज्म(धर्मनिरपेक्षवाद) शब्द से नफरत करती है और इस शब्द को संविधान से हटाने के लिए उतावली है। सीएम ने कहा, ‘वे देश की विविधता को खत्म करेएक अधिनायकवादी भविष्य बनाना चाहते हैं, जहां एक ही भाषा, एक ही धर्म और एक ही संस्कृति, एक ही पार्टी और एक ही नेता का दबदबा हो। वेतमिलनाडु में भी इस योजना को लागू करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन डीएमके भाजपा की इस साजिश को कभी सफल नहीं होने देगी।’तमिलनाडुके मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने क्रिसमस के एक कार्यक्रम के दौरान कहा, उनकी डीएमके सरकार का विकास मॉडल जीसस के सिद्धांत पर आधारित है।साथ ही सीएम ने भाजपा पर तीखा हमला बोला और कहा कि भाजपा संविधान से सेक्युलर शब्द हटाना चाहती है।

PM मोदी पर पलटवार, मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, डबल इंजन सरकार की नाकामी को विपक्ष पर मत डालो

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने घुसपैठियों को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान पर पलटवार किया है। खरगे ने कहा कि केंद्र औरअसम दोनों जगह भाजपा की सरकारें हैं, जिसे वे खुद डबल इंजन सरकार कहते हैं। ऐसे में यदि सुरक्षा व्यवस्था में विफलता है तो उसकी जिम्मेदारीविपक्ष पर कैसे डाली जा सकती है? दरअसल पीएम मोदी ने रविवार को कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा था कि कांग्रेस राष्ट्रविरोधी गतिविधियों मेंलिप्त है। वह अवैध बांग्लादेशी प्रवासियों को असम में बसाने की कोशिश कर रही है। असम दौरे पर पीएम मोदी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुएमल्लिकार्जुन खरगे ने कहा, केंद्र में उनकी सरकार है और असम में भी उनकी सरकार है, जिसे वे डबल-इंजन सरकार कहते हैं। अगर वे सुरक्षा देने मेंअसफल हो जाते हैं, तो वे विपक्षी पार्टियों पर आरोप कैसे लगा सकते हैं? जब सरकार अपनी जिम्मेदारी निभाने में असफल रहती है, तो सारा दोषविपक्ष पर मढ़ देती है। मैं ऐसे बयान की कड़ी निंदा करता हूं। अस्तित्व की रक्षा के लिए काम करती रहेगीखरगे ने आगे कहा, वे राष्ट्रविरोधी हैं, हम नहीं। हम देश के हित में जो भी अच्छा होगा, वह करेंगे, लेकिन हम आतंकवादियों, घुसपैठियों या किसी औरका समर्थन नहीं करेंगे। वह सिर्फ दोष दूसरों पर डाल रहे हैं क्योंकि वे उन्हें रोकने में नाकाम रहे हैं। खरगे ने आरोप लगाया कि असल में सरकार अपनीनाकामी छिपाने के लिए आरोप-प्रत्यारोप कर रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि पार्टीराष्ट्रविरोधी गतिविधियों में लिप्त है और असम में अवैध बांग्लादेशी प्रवासियों को बसाने में मदद कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि विपक्षी पार्टी काअसमिया लोगों की पहचान, अस्तित्व और गौरव से कोई लेना-देना नहीं है, जिसे भाजपा ने बचाने की कोशिश की है।मोदी ने कहा, कांग्रेस मतदातासूची में संशोधन का विरोध कर रही है क्योंकि वह केवल सत्ता हथियाना चाहती है… वह मेरे अच्छे कार्यों का विरोध करती है… भाजपा सरकार हमेशाअसमिया लोगों की पहचान, भूमि, गौरव और अस्तित्व की रक्षा के लिए काम करती रहेगी। हिंदुओं की रक्षा के लिए कदम उठाने चाहिएप्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा सरकार का उद्देश्य असम को उतना शक्तिशाली बनाना है जितना कि वह अहोम साम्राज्य के समय हुआ करता था।औद्योगीकीकरण और कनेक्टिविटी असम के सपनों को पूरा कर रहे हैं। भाजपा की ‘डबल-इंजन’ सरकार युवाओं को नए सपने देखने के लिए सशक्तबना रही है।उन्होंने यह भी कहा कि नामरूप यूरिया संयंत्र से स्थानीय किसानों को मदद मिलेगी और असम के युवाओं के लिए हजारों नौकरियां सृजितहोंगी।नामरूप उर्वरक संयंत्र असम में औद्योगिक विकास का प्रतीक बनेगा। यह दुख की बात है कि कांग्रेस ने संयंत्र को आधुनिक बनाने और किसानोंकी समस्याओं का समाधान ढूंढ़ने के लिए कोई प्रयास नहीं किया। बांग्लादेश में दीपू चंद्र दास की भीड़ द्वारा हत्या की कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्षमल्लिकार्जुन खरगे ने कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा, मैं इस घटना की निंदा करता हूं। वहां हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए और भारतसरकार को बांग्लादेश में हिंदुओं की रक्षा के लिए कदम उठाने चाहिए।

अरावली बचाओ अभियान, गांव बाता के युवाओं ने पंचायत स्तर पर सौंपा पहला ज्ञापन

अरावली पर्वत माला बचाओ अभियान की दिशा में क्षेत्र के युवाओं ने पहली पहल की है। कल पंचायत समिति स्तर पर आयोजित कार्यक्रम में गांवबाता के 36 युवाओं ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर पहला ज्ञापन सौंपा। इस अभियान का नेतृत्व समाजसेवी भाई विक्रम दास वैष्णव ने किया।ज्ञापन में युवाओं ने अरावली पर्वत माला के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि अरावली केवल एक पहाड़ी नहीं, बल्कि लाखों जीव-जंतुओंका घर, पर्यावरण संतुलन बनाए रखने वाला एक प्राकृतिक सिस्टम और बढ़ते रेगिस्तान को रोकने वाली पहाड़ियाँ हैं। युवाओं ने अपील की कि जाति, धर्म और राजनीति को एक तरफ रखते हुए आने वाले पर्यावरणीय संकट से लड़ना हम सबकी जिम्मेदारी है। ज्ञापन सौंप भाई विक्रम दास वैष्णव ने कहा कि आने वाले समय में यह आंदोलन और उग्र रूप ले सकता है यदि सरकार या न्यायपालिका अपना निर्णय वापस नहींलेती। उन्होंने राजस्थान के सभी युवाओं और नागरिकों से आग्रह किया कि अरावली बचाओ अभियान को सफल बनाने के लिए हर संभव योगदान देंऔर आंदोलन में सक्रिय रहें। युवाओं ने यह संकल्प लिया कि जब तक अरावली पर्वत माला सुरक्षित नहीं होती, तब तक वे अभियान को जारी रखेंगेऔर आवश्यकता पड़ने पर उग्र आंदोलन के लिए भी तैयार रहेंगे।

अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी संगम के लिए नेपाल और मॉरीशस के अतिथियों का हुआ आगमन, शहर में हुआ जोरदार स्वागत

अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी संगम भारत-2025′ के ऐतिहासिक आयोजन के लिए जनपद में उत्साह का माहौल है। इस भव्य समागम में मुख्य अतिथि के रूपभाग लेने के लिए नेपाल के मधेशी आयोग के प्रथम प्रमुख आयुक्त डॉ. विजय कुमार दत्त आजमगढ़ पहुंचे. मॉरीशस की भोजपुरी स्पीकिंग यूनियन कीचेयरपर्सन डॉ. वर्षारानी विशेष्वर ‘दुल्चा’ आजमगढ़ में विविध गतिविधियों में शिरकत की। नेपाल के मधेशी आयोग के प्रथम प्रमुख आयुक्त डॉ. विजय कुमार दत्त ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि आजमगढ़ तमसा के तीर पर बसा प्राचीन शहर है। आजमगढ़ जनपद में भोजपुरी को लेकर होरही अंतरराष्ट्रीय संगम को अदभुत बताया। कहा कि भाषा और संस्कृति को जोड़ने वाला यह संगम है। नेपाल का संबंध वैदिक और रामायणकालीनउन्होंने कहा कि नेपाल और भारत दो देश है लेकिन आत्मा से जुड़े हुए है। हमारी संस्कृति और परंपराएं एक है यह भोजपुरी संगम दोनों देशों के संबंधोंको और प्रगाढ़ करेगा। उन्होंने कहा कि नेपाल और भारत संस्कृति और भाषा से हम एक है।भारत और नेपाल का संबंध वैदिक और रामायणकालीन है।भोजपुरी की माटी पर​ कदम रखते ही अतिथियों का भव्य स्वागत किया गया। राष्ट्रीय कला सेवा संस्थान के पदाधिकारियों और स्थानीय नागरिकों नेफूल-मालाओं से अगवानी की इस अवसर पर स्वागत समारोह में प्रमुख रुप से अंतरराष्ट्रीय मुख्य संयोजक अरविंद चित्रांश, संगोष्ठी प्रभारी डॉ प्रियातिवारी, कवि सम्मेलन प्रभारी डॉ ईश्वर चंद्र त्रिपाठी, कवि सम्मेलन संचालक श्री संजय पाण्डेय ‘ सरस’, संरक्षक सदस्य सारिका श्रीवास्तव, संरक्षक श्री कृष्ण मोहन त्रिपाठी, भाजपा पूर्व अध्यक्ष लालगंज आजमगढ़ सूरज कुमार श्रीवास्तव, असोसिएट प्रोडूसर मुंबई अमित वर्मा, राजेश कुमार श्रीवास्तव व्यवस्था प्रभारी पवन कुमार कोषाअध्यक्ष,डॉ अवनीश अस्थान, डॉ सुभाष सिंह, डॉ दिग्विजय सिंह राठौर,रजनी श्रीवास्तव, मयंकप्रख्यात मॉडल पुष्पांजलि एवं आरुषी गुप्ता, प्रिंसिपल योगेश, अस्थाना उपस्थित रहे। कलाकार और साहित्यकार भी आजमगढ़ पहुंच रहेआजमगढ़ में अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी संगम का भव्य आयोजन 22 दिसंबर को भारतीय लोक संस्कृति और भोजपुरी भाषा के सर्वांगीण विकास के संकल्पके साथ ‘राष्ट्रीय कला सेवा संस्थान’ अपने गौरवशाली 25वें वर्ष के उपलक्ष्य में आगामी 22 दिसंबर को एक ऐतिहासिक समागम करने जा रहा है।’अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी संगम भारत-2025′ और अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी का यह भव्य आयोजन सोमवार सुबह 11:00 बजे से स्थानीय हरिऔध कला केंद्र मेंसंपन्न होगा।इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य भोजपुरी साहित्य, कला और परंपराओं को वैश्विक परिप्रेक्ष्य में नई ऊंचाइयों पर ले जाना है। इस कार्यक्रममें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भोजपुरी की महत्ता को रेखांकित करने के लिए नेपाल से मधेशी आयोग के प्रथम प्रमुख आयुक्त डॉ. विजय कुमार दत्त औरमॉरीशस से भोजपुरी स्पीकिंग यूनियन की चेयरपर्सन डॉ. वर्षारानी विशेष्वर ‘दुल्चा’ मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। इनके साथ ही रूस, इटली, तुर्की, थाईलैंड, दुबई और सऊदी अरब जैसे देशों से भी भोजपुरी प्रेमी और विद्वान विशिष्ट अतिथि के रूप में आजमगढ़ की धरती पर जुटेंगे। अंतरराष्ट्रीयसंयोजक अरविद चित्रांश ने बताया कि इस मौके पर शोधार्थियों द्वारा शोध पत्र प्रस्तुत किए जाएंगे और पारंपरिक चित्रकला प्रदर्शनी के साथ-साथ’बिटिया की विदाई’ जैसे लोकनाट्यों का मंचन भी होगा।आयोजन की गरिमा बढ़ाने के लिए देश के जाने-माने कलाकार और साहित्यकार भीआजमगढ़ पहुंच रहे हैं।

बहुजन भीम आर्मी का भव्य स्वागत–सम्मान कार्यक्रम, अनूप प्रधान बने राष्ट्रीय संरक्षक

बहुजन भीम आर्मी के तत्वावधान में एक भव्य स्वागत–सम्मान कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें संगठन के राष्ट्रीय संरक्षक बनाए गए माननीयअनूप प्रधान जी का ऐतिहासिक अभिनंदन किया गया। यह कार्यक्रम राष्ट्रीय अध्यक्ष माननीय सतीश राजोरिया जी के कुशल नेतृत्व में आयोजित हुआ, जिसमें संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। कार्यक्रम के दौरान माननीय अनूप प्रधान जी का पुष्प-वर्षा, ढोल-नगाड़ों और नारों के साथ भव्य स्वागत किया गया। पूरे आयोजन स्थल पर जोश, उमंग और संगठनात्मक एकजुटता का माहौल स्पष्ट रूप से दिखाईदिया। चयन संगठन के लिए एक महत्वपूर्ण कदमकार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि माननीय अनूप प्रधान जी का राष्ट्रीय संरक्षक के रूप में चयन संगठन के लिए एक महत्वपूर्णकदम है। उनके अनुभव और मार्गदर्शन से बहुजन समाज के अधिकारों की लड़ाई को और अधिक मजबूती मिलेगी। राष्ट्रीय अध्यक्ष सतीश राजोरियाजी ने अपने संबोधन में संगठन की एकता, अनुशासन और सामाजिक न्याय के मूल्यों पर जोर देते हुए कहा कि बहुजन भीम आर्मी आने वाले समय मेंऔर अधिक मजबूती के साथ सामाजिक परिवर्तन की भूमिका निभाएगी. कार्यक्रम में मौजूद कार्यकर्ताओं ने संगठन के नेतृत्व पर पूर्ण विश्वास जतायाऔर बहुजन हितों के लिए निरंतर संघर्ष करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन संगठन को मजबूत करने और सामाजिक समानता के लक्ष्य कोआगे बढ़ाने के संदेश के साथ किया गया।

दिल्ली को गैस चैंबर में छोड़कर अहमदाबाद में मैच का आनंद लोकल गार्जियन एलजी पर सौरभ भारद्वाज का तीखा हमला

सरिता साहनी19 दिसंबर 2025 ,नई दिल्ली आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश संयोजक सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली में लगातार जहरीली होती हवा और बढ़ते प्रदूषण को लेकर दिल्ली केउपराज्यपाल वीके सक्सेना और भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने कहा कि जो एलजी खुद को कभी दिल्ली का लोकल गार्जियनबताते थे, वही आज दिल्ली की जनता को दमघोंटू हवा में छोड़कर अहमदाबाद में क्रिकेट मैच का लुत्फ उठा रहे हैं। दिल्ली की जनता बेहाल, लोकल गार्जियन नदारदसौरभ भारद्वाज ने कहा कि पिछले एक सप्ताह से दिल्ली की हवा बेहद जहरीली बनी हुई है। सांस लेना मुश्किल हो गया है, बच्चों और बुजुर्गों कीतबीयत लगातार बिगड़ रही है और अस्पतालों में मरीजों की भीड़ लगी हुई है। इसके बावजूद दिल्ली के एलजी और भाजपा सरकार पूरी तरह गायबनजर आ रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जिन्हें खुद को दिल्ली का लोकल गार्जियन कहने में बड़ा गर्व था, वे आज दिल्ली को गैस चैंबर मेंछोड़कर दूसरे शहरों में मौज-मस्ती कर रहे हैं। पहले रोज़ टीवी पर दिखते थे, अब चुप्पी क्यों?आप संयोजक ने याद दिलाया कि पिछली सरकार के समय एलजी रोज़ टीवी चैनलों पर दिखाई देते थे। उनके साथ अफसरों की पूरी टीम होती थी, सभी मास्क लगाए रहते थे और प्रदूषण को लेकर बयानबाज़ी होती थी। लेकिन आज जब प्रदूषण ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं, तब वही एलजी टीवी परआना बंद कर चुके हैं। सौरभ भारद्वाज ने सवाल उठाया कि क्या दिल्ली की जनता की सेहत अब उनके लिए मायने नहीं रखती? ग्रेप-4 लागू, फिर भी खुलेआम उल्लंघनसौरभ भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली में ग्रेप-4 जैसे सख्त नियम लागू होने के बावजूद उनका खुलेआम उल्लंघन हो रहा है। निर्माण कार्य, तोड़फोड़ औरखुदाई बिना किसी रोक-टोक के जारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार खुद ऐसे काम करवा रही है, जिससे धूल और प्रदूषण और ज्यादाबढ़ रहा है। इसका सीधा नुकसान दिल्ली के आम लोगों को उठाना पड़ रहा है। रेखा गुप्ता सरकार की नाकामी का खामियाजा जनता कोआप नेता ने कहा कि मौजूदा हालात के लिए पूरी तरह से भाजपा सरकार जिम्मेदार है। रेखा गुप्ता सरकार के निकम्मेपन का खामियाजा दिल्ली कीजनता भुगत रही है। उन्होंने कहा कि सरकार सिर्फ बड़ी-बड़ी बातें कर रही है, लेकिन ज़मीनी स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा। संसद भवन और इंडिया गेट के आसपास उड़ती धूलसौरभ भारद्वाज ने अपने दौरे का जिक्र करते हुए बताया कि संसद भवन और इंडिया गेट के सामने जेसीबी मशीनों से खुदाई चल रही थी। धूल इतनीज्यादा उड़ रही थी कि छोटे-छोटे बच्चों को मुंह पर रुमाल रखकर चलना पड़ रहा था। राजेंद्र प्रसाद रोड पर ट्रकों की लंबी कतारें लगी थीं और मजदूरलगातार काम कर रहे थे। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इन कामों को एक महीने के लिए भी नहीं रोका जा सकता, जब तक दिल्ली की हवा थोड़ीसाफ न हो जाए? बच्चों की सेहत या निर्माण कार्य—क्या ज्यादा जरूरी?आप संयोजक ने भावुक होते हुए कहा कि आज हालात ऐसे हैं कि छोटे बच्चे नेब्युलाइजर लगाकर घूमने को मजबूर हैं। उन्होंने पूछा कि क्या ये निर्माणकार्य बच्चों की सेहत से भी ज्यादा जरूरी हैं? सरकार को चाहिए कि वह कुछ समय के लिए ऐसे सभी कामों पर रोक लगाए, ताकि दिल्लीवासियों कोराहत मिल सके। पानी छिड़काव सिर्फ दिखावा सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि प्रदूषण नियंत्रण के नाम पर पानी छिड़काव की मशीनें सिर्फदिखावे के लिए खड़ी की गई हैं। उन्होंने बताया कि कई जगह इन मशीनों पर धूल जमी हुई है और मकड़ियों के जाले लगे हुए हैं, जिससे साफ जाहिरहोता है कि इनका इस्तेमाल महीनों से नहीं हुआ। यह सब जनता और अदालतों को गुमराह करने की कोशिश है। सेंट्रल दिल्ली में केंद्र सरकार का निर्माण कार्य जारीआप नेता ने कहा कि हकीकत यह है कि सेंट्रल दिल्ली में केंद्र सरकार के निर्माण कार्य लगातार जारी हैं और प्रदूषण रोकने के इंतजाम सिर्फ कागजोंऔर तस्वीरों तक सीमित हैं। छिड़काव मशीनें वहीं खड़ी-खड़ी धूल खा रही हैं और हवा दिन-ब-दिन और जहरीली होती जा रही है। संजय झा ने पुरानावीडियो किया साझा इस मौके पर वरिष्ठ नेता और विधायक संजय झा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एलजी का पुराना वीडियो साझा किया, जिसमें वे खुद को दिल्ली का लोकल गार्जियन बताते नजर आ रहे हैं। आप नेताओं का कहना है कि आज वही लोकल गार्जियन दिल्ली की जनता केसाथ खड़े नजर नहीं आ रहे। दिल्ली को जवाब चाहिएसौरभ भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली की जनता अब जवाब चाहती है। प्रदूषण के इस संकट में जिम्मेदारी से भागने वालों को दिल्लीवाले कभी माफ नहींकरेंगे।उन्होंने मांग की कि एलजी और भाजपा सरकार तुरंत गंभीर कदम उठाएं, निर्माण कार्य रोकें और दिल्लीवासियों को जहरीली हवा से राहत दिलाएं, ताकि राजधानी को सच में गैस चैंबर बनने से बचाया जा सके।

अभिनेता और टीवीके नेता विजय ने जनसभा में मिली अपार समर्थन के लिए जताया आभार, डीएमके को करार दिया ‘बुरी ताकत’

टीवीके के प्रमुख और अभिनेता विजय ने अपने प्रशंसको के प्यार और समर्थन के लिए आभार जताया है। उन्होंने कहा है कि उन्हें लोगों के असीम प्यारऔर समर्थन से अपार प्रेरणा मिली है। यह उनकी सबसे बड़ी प्रेरक शक्ति है। विजय ने ईरोड में अपनी जनसभा के बाद गुरुवार को एक भावपूर्णसोशल मीडिया पोस्ट कर अपने कार्यक्रम में भारी संख्या में लोगों के आने और दिखाए गए स्नेह के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने इस बात पर जोरदिया कि राजनीति में उनका प्रवेश उन लोगों के प्रति कृतज्ञता का ऋण है जिन्होंने उनके पूरे करियर के दौरान उनका पालन-पोषण और मार्गदर्शनकिया। उन्होंने लिखा, “जीवन के हर पड़ाव पर आप लोगों ने हमेशा मेरे साथ रहे हैं। आपके असीम प्रेम और समर्थन से मुझे अपार प्रेरणा मिलती है।यही प्रेरणा मेरी सबसे बड़ी प्रेरक शक्ति है। मुझे इसका कारण समझ आ गयाइसके साथ ही परिवर्तन की आवश्यकता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि गरीबी की गिरफ्त में फंसे लोगों के लिए एक नए सवेरे का उदय होनाचाहिए। उन्होंने कहा कि “समय को केवल लालसाओं और सपनों में ही नहीं बीतने देना चाहिए। इसीलिए मैंने यह राजनीतिक यात्रा शुरू की है ताकिमैं आपके लिए काम कर सकूं, जिन्होंने मुझे पाला-पोसा और मेरा आकार दिया। एमजीआर और जयललिता ने डीएमके का पुरजोर विरोध किया। मैंअक्सर सोचता था कि उन्होंने इस पार्टी का इतना कड़ा विरोध क्यों किया। लेकिन अब मुझे इसका कारण समझ आ गया है। डीएमके एक बुरी ताकतहै। इसीलिए उन दोनों ने अंत तक इसका विरोध किया। मैं अब वही बात कह रहा हूं जो उन्होंने कही थी। डीएमके एक बुरी ताकत है, लेकिन टीवीकेएक पवित्र ताकत है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए विशेष सराहना व्यक्त की18 दिसंबर के सफल आयोजन के बाद, विजय ने भव्य आयोजन के लिए पार्टी प्रशासनिक समिति के समन्वयक के.ए. सेंगोत्तैयान, महासचिव आनंद, राज्य कार्यकारिणी, अधिकारियों, स्वयंसेवकों और पुलिस को उनके कुशल यातायात और सुरक्षा व्यवस्था के लिए विशेष सराहना व्यक्त की। उन्होंनेकहा, “हम फिर मिलेंगे। जीत निश्चित है।” रैली के दौरान, विजय ने सत्तारूढ़ द्रविड़ मुन्नेत्र कजगम (डीएमके) पर तीखा हमला करते हुए इसे “बुरीताकत” करार दिया। विजय ने दिवंगत मुख्यमंत्रियों एमजी रामचंद्रन और जे जयललिता की बात दोहराते हुए कहा कि वे अक्सर डीएमके को “तीयाशक्ति” (बुरी ताकत) के रूप में वर्णित करते थे। उन्होंने टीवीके को “थूया शक्ति” (शुद्ध शक्ति) के रूप में स्थापित किया।