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बरेली में मौलाना तौकीर रजा खान ने BJP, RSS, VHP और बजरंग दल पर साधा निशाना, बोले हिंदुत्व ने हिंदुओं की है बदनामी

बरेली में इत्तेहाद-ए-मिल्लत कौंसिल (आईएमसी) प्रमुख मौलाना तौकीर रजा खान ने भाजपा, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस), विश्व हिंदू परिषद(विहिप) और बजरंग दल पर निशाना साधा है. मौलाना ने कहा कि भाजपा, आरएसएस, विहिप और बजरंग दल जैसे संगठन हिंदुस्तान का बड़ानुकसान कर रहे हैं. हिंदुत्व का नुकसान हो रहा है. उन्होंने कहा कि 2014 के बाद का जो हिंदुत्व है, वह हिंदुओं को बदनाम करने वाला है. सरकार केखिलाफ जो है. उसे ये लोग हिंदू मानने को तैयार नहीं हैं। पूरे हिंदुस्तान में असल हिंदुस्तानी को उसका हिस्सा नहीं मिल रहा है बाहर से आए लोगमलाई खा रहे हैं. तौकीर रजा ने कहा कि कल मुझे भी छांगुर की तरह फंसाया जा सकता है. मुझ पर आरोप लगा दिए जाएंगे. विदेशी फंडिंग, आईएसआई, पाकिस्तान और लश्कर-ए-तैयबा से बड़ी आसानी से कनेक्शन दिखा जा सकता है. मुल्सिमों को मुसलमान बनाने की न करें कोशिशउन्होंने कहा कि छांगुर बाबा जैसे लोग गैर मुस्लिमों को मुसलमान बनाने की कोशिश न करें. हमारे यहां इसकी सख्त पाबंदी है. इश्क, प्यार-मोहब्बत, लालच, नौकरी के नाम पर कोई मुसलमान नहीं बनता। उन्होंने कहा कि गैर मुस्लिम को मुसलमान बनाने का क्या मतलब है. मुसलमान को सच्चामुसलमान बनाना हमारी जिम्मेदारी है. तौकीर रजा ने कहा कि इस्लाम बहुत पुराना मजहब नहीं है, जो नया होता है लोग उसे ही अपनाते हैं. पुरानारिजेक्ट कर दिया जाता है. उन्होंने बताया कि हिंदुस्तान में जब इस्लाम आया तो लोग बड़ी तेजी से मुसलमान होना शुरू हो गए थे. जो हिंदू समाज केलोग मुसलमान हुए. वह अपने साथ-साथ अपने रस्मो-रिवाज लेकर आ गए। इसी वजह से गैर मुस्लिमों के रस्मो रिवाज बढ़ते चले जा रहे हैं, जिससेमुसलमान बदनाम हो रहा है. प्रचार प्रसार की है आजादीतौकीर ने कहा कि अपने मजहब का प्रचार प्रसार करना गुनाह है तो मैं गुनहगार हूं. अगर बाकी लोगों को धर्म के प्रसार प्रचार की आजादी है तो मुझे भीआजादी है. लेकिन भाजपा और आरएसएस के लोग मेरी आजादी छीनने का काम कर रहे हैं। मस्जिद में सपा नेताओं की बैठक पर तौकीर ने कहा किहमने कभी मस्जिदों को सियासत के लिए इस्तेमाल नहीं किया। मैं यह नहीं मानता है कि वहां कोई मीटिंग की गई होगी, लेकिन इसका संदेश गलतगया है। मस्जिद को बदनाम करने का काम इमाम ने किया है। इसकी कड़ी निंदा की जाती है. मस्जिद इबादत की जगह है. न ही सिसायत के लिए।अगर सिसायत के लिए मस्जिद का इस्तेमाल किया गया है तो हिंदुस्तान का बच्चा-बच्चा इसका निंदा करता है. मौलाना तौकीर रजा ने कहा कि आजसरकार के खिलाफ जो है, उसे ये लोग हिंदू तक मानने को तैयार नहीं हैं। पूरे हिंदुस्तान में असल हिंदुस्तानी को उसका हिस्सा नहीं मिल रहा है, बाहर सेआए लोग मलाई खा रहे हैं.

दिल्ली से लिखी जा रही बिहार चुनाव की पटकथा, पूर्वांचली वोटरों के सहारे भाजपा का भावनात्मक मिशन शुरू

बिहार विधानसभा चुनाव साल के अंत में हैं लेकिन इसकी बिसात अभी से बिछ गई है. राजधानी पटना से हजार किलोमीटर दूर देश की राजधानीदिल्ली में भी इसके लिए सियासी पार्टियों में गुणा-भाग शुरू हो गया है. इसकी बड़ी वजह दिल्ली में पूर्वांचल की बड़ी संख्या में आबादी का निवासकरना है. यही वजह है कि भाजपा ने दिल्ली की गलियों से बिहार में चुनाव जीतने की इबारत लिखनी शुरू कर दी है. प्रदेश भाजपा ने दिल्ली में बसेकरीब 25 लाख पूर्वांचलियों को चुनावी रणनीति का केंद्रीय हिस्सा बनाया है. मिशन बिहार के तहत उसने दिल्ली के पूर्वांचली बहुल इलाकों में अपनेनेताओं का प्रवास कराना शुरू कर दिया है. इस दौरान एक-एक व्यक्ति से संवाद कर, उनके गांव और परिजनों की जानकारी जुटाई जा रही है. लिहाजाइस बार भाजपा का फोकस सिर्फ बिहार में रैली या पोस्टर तक सीमित नहीं है, बल्कि दिल्ली से सामाजिक-सांस्कृतिक रिश्तों के माध्यम से बिहार मेंसियासी संदेश पहुंचाने की रणनीति तैयार की गई है. प्रदेश भाजपा ने अपने पूर्वांचल मोर्चा को विशेष जिम्मेदारी सौंपी है. बिहार में बनना चाहिए भरोसापूर्वांचल मोर्चा के एक वरिष्ठ पदाधिकारी के अनुसार, पार्टी कार्यकर्ता परिवारों से मिलकर यह जानकारी ले रहे हैं कि वे बिहार के किस जिले, कस्बेऔर गांव से हैं। इसके साथ ही बिहार में रह रहे उनके माता-पिता, भाई-बहन, चाचा-मामा आदि का मोबाइल नंबर, गांव का नाम और पंचायत कीजानकारी भी इकट्ठा की जा रही है. यह जानकारी एकत्र करने के बाद भाजपा का आईटी सेल और डाटा टीम के जरिए एक मजबूत कॉल-सेंटर नेटवर्कतैयार किया जा रहा है. यह टीम गांव में रह रहे लोगों से सीधा संपर्क करेगी और भाजपा के पक्ष में माहौल बनाने की कोशिश करेगी. इस अभियान मेंभावनात्मक अपील भी शामिल है। दिल्ली में आपके अपने सुरक्षित हैं, क्योंकि दिल्ली में भाजपा है, बिहार में भी यही भरोसा बनना चाहिए. भावनात्मक पुल बनाने की कोशिशपूर्वांचल मोर्चा के पदाधिकारियों का कहना है कि यह महज एक चुनावी योजना नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और भावनात्मक पुल बनाने की कोशिश है. पार्टी के बड़े नेताओं खासकर सांसद मनोज तिवारी आदि को भी इन क्षेत्रों में भेजा जा रहा है. प्रदेश पूर्वांचल मोर्चा के पदाधिकारियों का कहना है किदिल्ली में रहने वाला बिहार का एक निवासी अपने गांव में कम से कम पांच से 10 लोगों को राजनीतिक रूप से प्रभावित करता है. इसी आधार परपार्टी ने हर परिवार, एक पोलिंग बूथ का आंतरिक नारा दिया है. इस अभियान के तहत पूर्वांचल मोर्चा के कार्यकर्ता उन इलाकों में प्रवास कर रहे हैंजहां बिहार से आए परिवारों की बड़ी आबादी रहती है। वह खास तौर पर संगम विहार, करावल नगर, बदरपुर, लक्ष्मी नगर, पालम, बवाना, किराड़ी, बुराड़ी, विकासपुरी, द्वारका आदि विधानसभा क्षेत्र में अधिक सक्रिय हैं.

देवेन्द्र यादव का ऐलान – झुग्गी-झोपड़ी और रेहड़ी-पटरी वालों की आवाज़ बनेगी दिल्ली कांग्रेस

दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेन्द्र यादव ने कहा है कि आने वाले दिनों में दिल्ली कांग्रेस झुग्गी-झोपड़ी और रेहड़ी-पटरी वालों को उजाड़े जाने के खिलाफ सड़कों पर उतरकर आवाज़ उठाएगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी गरीबों, मजदूरों और मेहनतकश जनता के साथ खड़ी है और उनके हक की लड़ाई लड़ेगी।देवेन्द्र यादव ने बताया कि इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस जल्द ही एक जमीन से जुड़ा अभियान शुरू करेगी, जिसमें लोगों की समस्याओं को सुनकर उसेसरकार के सामने जोरदार तरीके से रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि इस अभियान की तैयारी के लिए प्रदेश स्तर पर एक कमेटी बना दी गई है जो जल्दही अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। संगठन मजबूत, कांग्रेस तैयार: देवेन्द्र यादवप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि राहुल गांधी जी के नेतृत्व में चलाए जा रहे संगठन सृजन अभियान को दिल्ली में ज़मीनी स्तर पर सफलता मिल रहीहै। उन्होंने बताया कि दिल्ली के 14 जिलों के अंतर्गत आने वाली 258 ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों में संगठन को मजबूत कर लिया गया है।ब्लॉक स्तर पर मंडल और सेक्टर गठन का काम पूरा हो चुका है। इससे साफ है कि कांग्रेस का संगठन हर चुनौती से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। जिला प्रशिक्षण शिविरों की सफलता पर कार्यकर्ताओं को धन्यवाददेवेन्द्र यादव ने हाल ही में आयोजित जिला प्रशिक्षण शिविरों की सफलता पर सभी कार्यकर्ताओं, जिला अध्यक्षों और लोकसभा व जिला आर्ब्जवरोंका आभार जताया। उन्होंने कहा कि इन शिविरों में पार्टी की विचारधारा, नीति, इतिहास, परंपराएं और चुनाव प्रबंधन जैसे महत्वपूर्ण विषयों परकार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया।अब इसी तर्ज पर ब्लॉक स्तर पर भी प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे ताकि कार्यकर्ता हर स्तर पर पार्टी के मूल विचारों से जुड़ सकें औरजनहित के मुद्दों पर मजबूती से खड़े हो सकें। भाजपा सरकार पर लगाया जनता की अनदेखी का आरोपदेवेन्द्र यादव ने भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि दिल्ली की जनता की समस्याओं को नज़रअंदाज़ किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जबसरकारें गरीबों की बात नहीं सुनतीं, तब विपक्ष की ज़िम्मेदारी और भी बढ़ जाती है। कांग्रेस इसी ज़िम्मेदारी को निभाते हुए हर जन मुद्दे पर जनता केसाथ खड़ी होगी। महत्वपूर्ण बैठक में वरिष्ठ नेता हुए शामिलइस बैठक में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के दिल्ली प्रभारी काजी निजामुद्दीन, दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री डा. नरेन्द्र नाथ, कम्युनिकेशन विभाग केचेयरमैन अनिल भारद्वाज, पूर्व विधायक हरीशंकर गुप्ता और प्रदेश कांग्रेस प्रशासनिक प्रभारी श्री जतिन शर्मा भी उपस्थित थे। बैठक में आगामीरणनीति पर विस्तृत चर्चा की गई और सभी पदाधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए।

दिल्ली सचिवालय में हुआ स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े नए डिजिटल सिस्टम का लोकार्पण समारोह

दिल्ली सचिवालय के ऑडिटोरियम में एक भव्य लोकार्पण समारोह का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, दिल्ली सरकार केतत्वावधान में आयोजित किया गया जिसमें 34 आयुष्मान आरोग्य मंदिर, 8 जन औषधि केंद्र और हॉस्पिटल इंफॉर्मेशन मैनेजमेंट सिस्टम (HIMS) काशुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि थीं माननीय मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता इस विशेष अवसर पर दिल्ली सरकार की माननीय मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्तामुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उन्होंने अपने भाषण में कहा कि यह पहल दिल्ली की जनता को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्धकराने की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने इस डिजिटल पहल को स्वास्थ्य क्षेत्र में पारदर्शिता और दक्षता लाने वाला बताया। अध्यक्षता की माननीय मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने इस कार्यक्रम की अध्यक्षता स्वास्थ्य, परिवार कल्याण, परिवहन एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग केमंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने की। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि हर व्यक्ति को समय पर, सस्ती और गुणवत्तापूर्णस्वास्थ्य सुविधा मिल सके। HIMS जैसी तकनीकें स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक व्यवस्थित और नागरिकों के अनुकूल बनाएंगी। क्या है HIMS प्रणाली?हॉस्पिटल इंफॉर्मेशन मैनेजमेंट सिस्टम (HIMS) एक आधुनिक डिजिटल व्यवस्था है, जिसके माध्यम से सरकारी अस्पतालों में मरीजों का पूरा रिकॉर्ड, दवा वितरण, रिपोर्टिंग, अपॉइंटमेंट आदि एक ही मंच पर उपलब्ध होंगे। इससे अस्पतालों में प्रक्रियाएं तेज़ होंगी और मरीजों को लंबी कतारों से मुक्तिमिलेगी। जन औषधि केंद्र और आयुष्मान आरोग्य मंदिरइस अवसर पर राजधानी में 8 नए जन औषधि केंद्र और 34 आयुष्मान आरोग्य मंदिर का भी उद्घाटन किया गया। इन केंद्रों के माध्यम से जनता कोसस्ती दरों पर गुणवत्तापूर्ण दवाइयां मिलेंगी और आमजन की जेब पर बोझ कम होगा। यह लोकार्पण समारोह दिल्ली सरकार की जनसेवा और डिजिटल स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार की प्रतिबद्धता का प्रतीक है। यह पहल खासकर गरीब, जरूरतमंद और दूरदराज़ के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने में सहायक साबित होगी।

चुनाव आयोग की नई प्रक्रिया पर बिहार कांग्रेस का बड़ा आरोप यह वोट चोरी की साजिश है -आलावारु

बिहार कांग्रेस आलावारु ने चुनाव आयोग की नई प्रक्रिया “एसआईआर” (विशेष सत्यापन प्रक्रिया) पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि यहपूरी प्रक्रिया तुगलकी और गलत है, जिसे जनता पर जबरन थोपा जा रहा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया के ज़रिए गरीब, वंचित, दलित, महादलित, पिछड़ा और अति पिछड़ा वर्ग के लोगों के वोट चोरी करने की तैयारी हो रही है। चुनाव आयोग के आंकड़े गलत और फर्जीआलावारु ने कहा कि चुनाव आयोग की वेबसाइट और बयान में जो आंकड़े दिखाए जा रहे हैं, वे पूरी तरह से झूठे और फर्जी हैं। 24 जून को आयोग नेजो आदेश जारी किया था, उसमें जो प्रक्रिया बताई गई थी, उसका कहीं पालन नहीं हो रहा है।उन्होंने सवाल उठाया कि जब नियमों का पालन ही नहीं हो रहा, तो चुनाव आयोग के आंकड़े कैसे सही हो सकते हैं? उन्होंने कहा कि बिहार की जनताअब सवाल कर रही है कि यह प्रक्रिया किसके इशारे पर चलाई जा रही है। जनता की तरफ से खुली चुनौतीआलावारु ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को खुली चुनौती दी है कि हर विधानसभा क्षेत्र में हज़ार लोगों को यादृच्छिक (रैंडम) तरीके से चुनाजाए और जांच की जाए कि क्या उन लोगों के साथ सही प्रक्रिया अपनाई गई है या नहीं।उन्होंने दावा किया कि अगर 25 प्रतिशत लोग भी यह कह दें कि उनके साथ सही प्रक्रिया हुई है, तो कांग्रेस इस प्रक्रिया को मान लेगी। लेकिनहकीकत यह है कि ज़्यादातर लोगों के पास चुनाव आयोग द्वारा मांगे गए दस्तावेज़ नहीं हैं। जमीनी सच्चाई और भारी गड़बड़ीकांग्रेस नेता ने बताया कि -बहुत से लोग ऐसे हैं जिनके पास जरूरी प्रमाण पत्र नहीं हैं।बीएलओ (बूथ लेवल अधिकारी) बिना लोगों से पूछे फॉर्म भर रहे हैं।कई जगहों पर भाजपा नेता खुद फॉर्म भरने का काम कर रहे हैं।जब लोगों के नाम जोड़े जा रहे हैं, तो उन्हें पावती (रसीद) नहीं दी जा रही है।इन सब बातों से साफ़ है कि पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं है और मनमानी की जा रही है।सबसे बड़ी कमजोरी – अंतिम फैसला ईआरओ का उन्होंने कहा कि इस पूरी प्रक्रिया में सबसे खतरनाक बात यह है कि अंत में निर्णय केवल ईआरओ(चुनाव पंजीकरण अधिकारी) का होगा। वही तय करेगा कि किसका नाम मतदाता सूची में रहेगा और किसे हटाया जाएगा। इससे यह पूरी प्रक्रियाएकतरफा और पक्षपाती बन जाती है। ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोपआलावारु ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर सीधा आरोप लगाया कि वह भाजपा के साथ मिलकर काम कर रहे हैं और उनकी मिलीभगत सेगरीबों, महिलाओं, युवाओं और पिछड़े वर्ग के लोगों के वोट काटे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह लोकतंत्र की हत्या करने की कोशिश है। INDIA गठबंधन का ऐलान – संसद से सड़क तक विरोधउन्होंने कहा कि पूरा INDIA गठबंधन इस फर्जी प्रक्रिया का विरोध करेगा। संसद के भीतर भी आवाज़ उठाई जाएगी और सड़कों पर भी आंदोलनहोगा। कांग्रेस इस तुगलकी आदेश को कभी स्वीकार नहीं करेगी क्योंकि यह सीधे-सीधे वोट की चोरी की कोशिश है।बिहार कांग्रेस का मानना है कि चुनाव आयोग की नई प्रक्रिया पूरी तरह से गलत, पक्षपाती और धोखाधड़ी से भरी हुई है। उन्होंने इस प्रक्रिया को तुरंतरोकने की मांग की है और चेतावनी दी है कि अगर इसे जबरन लागू किया गया तो देश भर में बड़ा जनआंदोलन होगा। यह मुद्दा आने वाले दिनों में देशकी राजनीति में बड़ा सवाल बन सकता है।

श्रद्धा, उत्साह और गरिमा का संगम होगा तीज महोत्सव 2025 – कपिल मिश्रा

दिल्ली सरकार के कला, संस्कृति एवं भाषा मंत्री कपिल मिश्रा ने आज तीज महोत्सव 2025 की तैयारियों को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठककी। यह बैठक दिल्ली सचिवालय में आयोजित की गई जिसमें ग्रेटर कैलाश की विधायक श्रीमती शिखा राय, भाजपा महिला मोर्चा की सदस्याएं औरकई महिला संगठनों की प्रतिनिधि शामिल रहीं। बैठक में यह तय किया गया कि तीज महोत्सव इस वर्ष 25 से 27 जुलाई के बीच पीतमपुरा स्थित दिल्ली हाट में भव्य तरीके से आयोजित कियाजाएगा। मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि यह महोत्सव परंपरा, उत्सव और सामुदायिक गौरव का प्रतीक बनेगा और इसका उद्देश्य दिल्ली की महिलाओंको अधिक से अधिक जोड़ना है। महोत्सव में होंगी ये खास बातेंमहिलाओं को पारंपरिक चूड़ियाँ और दुपट्टे भेंट किए जाएंगे।आकर्षक सेल्फी प्वाइंट बनाए जाएंगे ताकि सोशल मीडिया पर इस आयोजन की सुंदर झलक साझा की जा सके। कम से कम 20 झूले लगाए जाएंगे ताकि पारंपरिक उल्लास का अनुभव हर महिला को मिल सके।बुक माय शो जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर प्रचार और लोकप्रिय महिला सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स की भागीदारी से इस आयोजन को बड़े स्तर परपहुंचाया जाएगा।महिला उद्यमियों द्वारा संचालित स्टॉल्स पर विशेष छूट देने का भी प्रस्ताव रखा गया है। कपिल मिश्रा का संदेशश्री कपिल मिश्रा ने कहा, इस बार का तीज महोत्सव ऐतिहासिक होगा। हमें खुशी है कि दिल्ली की महिलाएं इस आयोजन को लेकर बहुत उत्साहितहैं। हमारा प्रयास है कि यह महोत्सव सिर्फ एक परंपरा न रहे बल्कि यह महिला सशक्तिकरण, सांस्कृतिक समृद्धि और सामाजिक जुड़ाव का प्रतीकबने। उन्होंने आगे कहा कि फिल्मी कलाकारों की प्रस्तुतियाँ, जन सहभागिता और रचनात्मक विचारों से यह महोत्सव विशेष बनेगा। तीज महोत्सव को श्रद्धा, उत्साह और गरिमा के साथ मनाने की अपील करते हुए उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता के नेतृत्व में यह सुनिश्चित करेगी कियह आयोजन हर महिला के चेहरे पर मुस्कान और आत्मबल का प्रतीक बने।तीज महोत्सव 2025 अब केवल एक पारंपरिक पर्व नहीं, बल्कि दिल्ली की सांस्कृतिक पहचान, महिला भागीदारी और समावेशी समाज की दिशा मेंएक महत्वपूर्ण पहल बनने जा रहा है। श्री कपिल मिश्रा की अगुवाई में दिल्ली सरकार इसे एक यादगार अनुभव बनाने के लिए संकल्पबद्ध है।

दिल्ली में खेलों को बढ़ावा देने के लिए रेखा गुप्ता सरकार की ठोस पहल-वीरेन्द्र सचदेवा

दिल्ली भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष वीरेन्द्र सचदेवा ने आज दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता द्वारा खिलाड़ियों की प्रशिक्षण व्यवस्था औरपुरस्कार राशि में वृद्धि की घोषणा का खुले दिल से स्वागत किया है। उन्होंने इसे खेलों के क्षेत्र में एक ठोस और सकारात्मक कदम बताया है। खेल संकल्प को धरातल पर उतारती रेखा गुप्ता सरकारवीरेन्द्र सचदेवा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने विधानसभा चुनाव 2025 के संकल्प पत्र में स्पष्ट रूप से कहा था कि दिल्ली में खेल औरखिलाड़ियों को बढ़ावा दिया जाएगा। उसी संकल्प को वास्तविकता का रूप अब रेखा गुप्ता सरकार ने दिया है।खिलाड़ियों की प्रशिक्षण सुविधाओं को बेहतर बनाया जा रहा है और उनके सम्मान एवं प्रोत्साहन के रूप में दी जाने वाली पुरस्कार राशि में वृद्धि कीगई है। यह कदम उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा जो खेल के क्षेत्र में अपने भविष्य को तलाश रहे हैं। केजरीवाल सरकार की घोषणाएं सिर्फ कागज़ों परसचदेवा ने पिछली सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अरविंद केजरीवाल सरकार ने अपने दस वर्षों के कार्यकाल में खेल विश्वविद्यालय, खेलविद्यालय और खिलाड़ियों को विदेश में प्रशिक्षण देने जैसी अनेक घोषणाएं कीं, लेकिन एक भी योजना ज़मीन पर नहीं उतर सकी।देश की राजधानी दिल्ली, जहाँ उत्तम स्तर के खेल मैदान और स्टेडियम मौजूद हैं, वहां भी खिलाड़ियों को कोई खास उपलब्धि नहीं मिल सकी। इसकासीधा कारण पूर्ववर्ती सरकार की निष्क्रियता और खोखले वादे रहे हैं। केजरीवाल सरकार के अधूरे सपनेदिल्ली भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि केजरीवाल सरकार ने जब सत्ता संभाली तो यह कहा गया कि यह एक युवा सरकार होगी, जो शिक्षा, स्वास्थ्य, खेलऔर प्रदूषण जैसे मुद्दों पर कार्य करेगी। लेकिन, समय के साथ यह स्पष्ट हो गया कि उनके सारे वादे सिर्फ़ सपने थे। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा कि केजरीवाल सरकार के वादे कुछ ऐसे लगते हैं मानो वे प्रसिद्ध गीत की पंक्तियों ‘सपने सपने कब होंगे अपने, आंखखुली और टूट गये’ को सच करने के लिए ही बनाए गए हों। वीरेन्द्र सचदेवा ने कहा कि अब दिल्ली को एक नई दिशा और ऊर्जा मिल रही है। रेखा गुप्ता सरकार ने यह स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा सिर्फ वादेनहीं करती, बल्कि उन्हें धरातल पर उतारकर दिखाती है। खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, सम्मान और भविष्य की सुरक्षा देने के लिए जो कदम उठाए जा रहे हैं, वे दिल्ली को खेलों में देश की अग्रणी राजधानीबनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगे।

अंकुश नारंग ने कहा – एमटीएस कर्मचारियों की मांगें पूरी करो, मलेरिया-डेंगू पर आँकड़े छुपाना बंद करो

आज सिविक सेंटर स्थित एमसीडी मुख्यालय में आम आदमी पार्टी के नेता अंकुश नारंग ने एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता को संबोधित किया। इस दौरानउन्होंने भाजपा शासित नगर निगम की लापरवाही और एमटीएस (मल्टी टास्क स्टाफ) कर्मचारियों की जायज़ मांगों को लेकर कई बड़े सवाल उठाए। एमटीएस कर्मचारियों की परेशानियाँ और माँगेंअंकुश नारंग ने बताया कि जो कर्मचारी पहले मच्छरों से होने वाली बीमारियों को रोकने का काम करते थे, उन्हें डीबीसी (डोमेस्टिक ब्रांच कंट्रोल) सेएमटीएस बना दिया गया है। लेकिन अब वे ही कर्मचारी अपने हक़ के लिए हड़ताल पर हैं। उनकी तीन प्रमुख माँगें हैंसभी एमटीएस कर्मचारियों को एक समान वेतन मिले।अगर किसी कर्मचारी की मृत्यु हो जाए, तो उसके परिवार के किसी एक सदस्य को नौकरी दी जाए।उन्हें अर्जित छुट्टियाँ (अर्न लीव) और इलाज की सुविधा (चिकित्सा लाभ) दी जाए।अंकुश नारंग ने कहा कि ये कर्मचारी दिन-रात मेहनत करके मलेरिया, डेंगू और चिकनगुनिया जैसी गंभीर बीमारियों को रोकते हैं। लेकिन आज जब इन्हेंअपना हक़ चाहिए, तो भाजपा सरकार ने इनकी बात सुननी ही बंद कर दी है। बीमारियाँ बढ़ रहीं, सरकार मौन हैअंकुश नारंग ने कहा कि भाजपा शासित एमसीडी इन बीमारियों को रोकने के लिए न तो कोई सख्त कदम उठा रही है और न ही जनता को सहीजानकारी दी जा रही है। आज डेंगू और मलेरिया के केस तेजी से बढ़ रहे हैं, लेकिन सरकार हफ्तेभर की रिपोर्ट तक जनता और पत्रकारों से छुपा रही है।जबकि आप सरकार के समय हर रोज़ बीमारी की रिपोर्ट जारी की जाती थी।उन्होंने बताया कि सच्चाई छुपाकर भाजपा सिर्फ अपनी नाकामी पर पर्दा डाल रही है। भाजपा की सरकार में बढ़ा जनता का दुखअंकुश नारंग ने यह भी कहा कि जब से भाजपा की चार इंजन वाली सरकार आई है, दिल्ली में धरना, प्रदर्शन और हड़ताल का काला दौर लौट आयाहै। हर वर्ग – चाहे वह शिक्षक हो, सफाईकर्मी हो या स्वास्थ्य कर्मचारी – सब परेशान हैं। सरकार में बैठे अधिकारी और मेयर कुर्सियों पर बैठे हैं, लेकिन जनता की कोई परवाह नहीं कर रहे। प्रशासन से माँगअंकुश नारंग ने माँग की कि ,एमटीएस कर्मचारियों की तीनों माँगों को तुरंत पूरा किया जाए।मलेरिया, डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारियों के आंकड़े रोज़ जनता के सामने लाए जाएं।जन-स्वास्थ्य विभाग में फैली लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की जाए।अंत में उन्होंने कहा यह सिर्फ कर्मचारियों की लड़ाई नहीं है, यह दिल्ली की जनता की सेहत की लड़ाई है। हम हर उस आवाज़ के साथ खड़े हैं जो न्यायऔर हक़ की माँग कर रही है।

जलालुद्दीन ने अजित पवार को जन्मदिन पर दिया स्नेह भरा संदेश

22 जुलाई 2025 को महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री श्री अजित पवार जी का जन्मदिन पूरे सम्मान और सादगी के साथ मनाया गया। देशभर से उन्हेंशुभकामनाएं मिलीं। दिल्ली के नॉर्थ एवेन्यू कार्यालय में विशेष कार्यक्रम हुआ, जहाँ नेताओं, कार्यकर्ताओं और शुभचिंतकों की उपस्थिति रही।इस अवसर पर समाजसेवी और वरिष्ठ राजनीतिक कार्यकर्ता श्री जलालुद्दीन ने भी अजित पवार जी को जन्मदिन की बधाई दी और एक भावुक संदेशसाझा किया। कौन हैं जलालुद्दीन ?जलालुद्दीन लंबे समय से राजनीति और समाजसेवा से जुड़े हुए हैं।वे हमेशा सादगी, शांति और एकता की बात करते हैं।उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य और गरीबों की मदद के लिए कई काम किए हैं।दिल्ली और उत्तर भारत के कई इलाकों में उनकी समाजसेवा को लोग याद करते हैं।वे ऐसे नेता हैं जो जाति, धर्म या भाषा से ऊपर उठकर सबके लिए काम करते हैं।उनका मानना है कि राजनीति का असली उद्देश्य जनता की सेवा करना है, न कि सिर्फ सत्ता पाना। जलालुद्दीन का अजित पवार को संदेशउन्होंने अजित पवार जी के लिए कहा अजित पवार जी एक मेहनती, सच्चे और जनसेवा को समर्पित नेता हैं। उन्होंने महाराष्ट्र को आगे बढ़ाने में बहुतयोगदान दिया है। जन्मदिन के इस शुभ अवसर पर मैं उन्हें दिल से शुभकामनाएं देता हूँ। ईश्वर उन्हें लंबी उम्र, अच्छा स्वास्थ्य और निरंतर सफलता दे।उनका यह संदेश बहुत लोगों को पसंद आया और सोशल मीडिया पर भी लोग इसे साझा कर रहे हैं। अजित पवार का जन्मदिन समारोहकार्यालय में सजावट की गई थी।कार्यकर्ताओं ने पुष्पवर्षा की और ढोल बजाए।अजित पवार जी ने केक काटा और सबका धन्यवाद किया।उन्होंने कहा कि वे जीवन भर जनता की सेवा करते रहेंगे।जालालुद्दीन जी जैसे सरल और सच्चे नेता का यह संदेश हमें सिखाता है कि राजनीति में भी प्यार, सहयोग और सम्मान होना बहुत ज़रूरी है। उन्होंने नसिर्फ अजित पवार जी की सराहना की, बल्कि यह भी बताया कि एक अच्छा नेता वही होता है जो जनता के साथ जुड़े रहकर सेवा करे।

बिजली विभाग के निजीकरण के खिलाफ लोकदल का समर्थन, सुनील सिंह ने किया आंदोलन का नेतृत्व

बिजली निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों के आंदोलन को लेकर लोकदल का समर्थन और ऊर्जा मंत्री के घर घेराव की निंदा की है आज लखनऊ मेंलोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह ने ऊर्जा विभाग के निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मचारियों द्वारा ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा के आवास काघेराव और इस पूरे घटनाक्रम पर लोकदल ने सरकार की निजीकरण नीति की तीखी आलोचना करते हुए कर्मचारियों के आंदोलन को अपना पूर्णसमर्थन देते हुए कहा है कि बिजली जैसे आवश्यक और जनहित से जुड़े विभाग का निजीकरण सीधे जनता के हितों पर हमला है. इससे न सिर्फकर्मचारियों की नौकरी असुरक्षित होगी बल्कि आम उपभोक्ताओं पर इस महंगाई में महंगी बिजली का बोझ और बढ़ जाएगा,लोकदल ने इस घेराव कोसरकार की उदासीनता का परिणाम बताया और स्पष्ट किया कि यदि सरकार ने जल्द ही इस मुद्दे पर सकारात्मक संवाद नहीं किया. तो लोकदल इसआंदोलन को और व्यापक जन समर्थन देने के लिए राज्यभर में जनजागरण अभियान शुरू करेगा. कर्मचारियों की मांग है जायजसुनील सिंह ने यह भी कहा कि आंदोलनकारी कर्मचारियों की मांगें जायज़ हैं और सरकार को तुरंत निजीकरण की प्रक्रिया पर रोक लगाकर वार्ता कीपहल करें.लोकदल ने यह भी चेतावनी दी कि अगर सरकार ने कर्मचारियों की आवाज़ नहीं सुनी, तो पार्टी विधान सभा से सड़क तक आंदोलन को तेजकरेगी. सुनील सिंह ने कहा कि बिजली विभाग का निजीकरण जनहित पर सीधा हमला है. इससे उपभोक्ताओं पर महंगी बिजली का बोझ बढ़ेगा औरकर्मचारियों की नौकरियां असुरक्षित हो जाएंगी. अगर सरकार ने बातचीत की पहल नहीं की, तो लोकदल राज्यभर में जनजागरण अभियान चलाकर इसआंदोलन को और तेज करेगा। लोकदल ने चेताया कि यदि कर्मचारियों की आवाज नहीं सुनी गई. तो पार्टी विधानसभा से सड़क तक संघर्ष करेगी।पार्टी ने सरकार से निजीकरण की प्रक्रिया पर तुरंत रोक लगाकर आंदोलनकारी कर्मचारियों से वार्ता शुरू करने की अपील की। लखनऊ में लोकदलअध्यक्ष सुनील सिंह ने ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा के आवास का बिजली कर्मचारियों द्वारा किए गए घेराव का समर्थन किया. सुनील सिंह ने स्पष्ट किया किआंदोलनकारी कर्मचारियों की मांगें पूरी तरह जायज़ हैं और सरकार को चाहिए कि वह निजीकरण की प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगाए और सभी पक्षोंके साथ संवाद शुरू करे.