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बिहार में ‘जंगलराज’ लौटाने की कोशिश करने वालों को रोकना होगा, योगी आदित्यनाथ बोले पंचर बनाने वाले विकास को पंचर न करें

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को नरपतगंज हाई स्कूल स्टेडियम में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए विपक्षी दलोंकांग्रेस, राजद और समाजवादी पार्टी पर सीधा प्रहार किया। चुनाव प्रचार के अंतिम दिन की अररिया जनपद में आयोजित इस जनसभा के जरिए यूपीके मुख्यमंत्री ने खुलकर कहा कि बिहार में फिर से ‘जंगलराज’ लाने की कोशिश करने वालों को रोकना जरूरी है। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पंचरबनाने वाले यहां आकर विकास को पंचर करने का काम करना चाहते हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेताया कि नरपतगंज को किसी भी तरह से ‘घुसपैठियोंका लॉन्चिंग पैड’ नहीं बनने देना है। यूपी के मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस बिहार ने दुनिया को नालंदा विश्वविद्यालय और ज्ञान की रोशनी दी, उसी बिहारको कांग्रेस और राजद की जोड़ी ने निरक्षरता और अराजकता की तरफ धकेल दिया। उन्होंने कहा कि इस धरती ने मां जानकी, महात्मा बुद्ध और भगवानमहावीर को जन्म दिया है। यही धरती आर्यभट्ट, चाणक्य और चंद्रगुप्त मौर्य की धरती है, लेकिन कांग्रेस-राजद ने इस पवित्र भूमि को जातीय विभाजनऔर माफियागीरी से कलंकित किया। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कांग्रेस और राजद ने समाज को जाति के नाम पर बांटा, सरकारी खजानों की लूटमचाई और बिहार के नौजवानों को बेरोजगार बनाया। इनकी करनी से बिहार बीमारू बन गया, जबकि यह वही भूमि है जिसने भारत को स्वर्ण युगदिया। किसानों तथा सामान्य जनता को विषम हालात में डाल दियायूपी के सीएम ने विपक्षी गठबन्धन पर सीधे-सीधे आरोप लगाया कि कांग्रेस, राजद और उनके सहयोगी जातिगत विभाजन और माफिया-समर्थन केजरिए बिहार में अराजकता के लिए ज़िम्मेदार हैं। सभा में योगी ने यह भी कहा कि यूपी में माफिया पर बुलडोजर चलता है और उसकी हड्डी पसली एककर दी जाती है। माफिया द्वार कब्जा की गई जमीन पर गरीबों के लिए हवेलियां बनाई जा रही हैं। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बिहार जब सेकांग्रेस-राजद के दौर से बाहर आया है, तब से ही विकास की राह खुली है। उन्होंने कहा कि जो लोग कभी जाति को जाति से लड़ाने और खानदानीमाफिया को संरक्षण देने में लगे रहे, वे अब फिर से वही हालात पैदा करना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और राजद ने मिलकर समाजको बांटा, नौजवानों के अवसर छिने और किसानों तथा सामान्य जनता को विषम हालात में डाल दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भव्य अयोध्या के दर्शन करेंगेयोगी आदित्यनाथ ने यूपी के पिछले साढ़े आठ साल के डबल इंजन शासन का ज़िक्र कर कहा कि वहां कर्फ्यू और दंगे अब नहीं हैं। उन्होंने कहा कियूपी न कर्फ्यू न दंगा है, वहां सब चंगा है। वह इसे एनडीए के सुशासन की सफलता के रूप में पेश करते दिखे। उन्होंने बिहार के विकास के लिएनितीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि 2005 के बाद से बिहार में रोड, बिजली, पेयजल, शैक्षणिक और चिकित्सासंस्थानों की श्रृंखला बनकर आई है और मोदी जी के नेतृत्व में पिछले 11 साल में यह और भी तेज हुआ। योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में राममंदिर केनिर्माण और उससे जुड़े विकास कार्यों का भी संदर्भ देते हुए कहा कि आस्था और विकास दोनों का सम्मान एनडीए ही करेगा। यूपी के मुख्यमंत्री नेअयोध्या में राममंदिर निर्माण का उदाहरण देते हुए कहा कि एनडीए जो कहता है, वह कर के दिखाता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट मेंहलफनामा देकर कहा था कि राम तो हुए ही नहीं। आरजेडी ने रथयात्रा को रोका था और समाजवादी पार्टी ने रामभक्तों पर गोली चलाई थी। लेकिनआज अयोध्या में भगवान श्रीराम विराजमान हैं और भव्य राममंदिर बन चुका है। योगी आदित्यनाथ ने बताया कि अयोध्या में महर्षि वाल्मीकि, निषादराज, माता शबरी और जटायू जैसी पवित्र विभूतियों की स्मृति में स्थल बनाए गए हैं। उन्होंने कहा कि 25 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भव्यअयोध्या के दर्शन करेंगे।

सासाराम में गरजे गृहमंत्री अमित शाह, आतंकवाद और घुसपैठ पर विपक्ष को घेरा

गृहमंत्री अमित शाह ने सासाराम में सभा को संबोधित करते हुए आतंकवाद, राष्ट्रीय सुरक्षा और अवैध घुसपैठियों के मुद्दे को उछाला तथा विपक्षीनेताओं पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकारों के समय आतंकवादियों पर कार्रवाई ढीली रहती थी, जबकि नरेंद्र मोदी सरकार ने कड़ेकदम उठाए हैं। अमित शाह ने कहा, “जब सोनिया, मनमोहन और लालू के समय था, तो आतंकवादी घुस आते थे, हमारे देश में हमला करते थे औरभाग निकलते थे, कोई सवाल नहीं करता था। नरेंद्र मोदी सरकार आने के बाद उरी हमले के जवाब में सर्जिकल स्ट्राइक की गई और पुलवामा हमले केबाद हवाई कार्रवाई की गई। पाहलगाम में हमारे टूरिस्टों से उनके धर्म के बारे में पूछा गया और उन्हें मारा गया। 22 दिनों में हमने ऑपरेशन सिंदूर करकेपाकिस्तान में घुसकर आतंकवाद को समाप्त करने का काम किया।” उन्होंने शस्त्राई स्वर में कहा, “यहां मां शाक्तिपीठ की पवित्र भूमि पर मैं कहता हूं, अगर आतंकवादी गोली चलाएंगे तो हम गोलाबारी से जवाब देंगे। क्या आप जानते हैं वह गोला कहां बनेगा? प्रधानमंत्री मोदी बिहार में डिफेंसकॉरिडोर बनाएंगे और एक आर्डनेंस फैक्ट्री स्थापित की जाएगी।देश की सुरक्षा के लिए भी खतराघुसपैठियों के मुद्दे पर अमित शाह ने आरोप लगाया कि कुछ विपक्षी नेता विशेषकर राहुल और तेजस्वी घुसपैठियों के समर्थन में यात्रा निकालते हैं।उन्होंने कहा, “कुछ दिन पहले राहुल और तेजस्वी ने एक यात्रा निकाली थी, ये यात्रा उन्होंने घुसपैठियों को बचाने के लिए निकाली थी। हमारे देश मेंघुसपैठिये हमारे युवाओं की नौकरियां छीन रहे हैं, गरीबों के राशन में अपना हिस्सा ले रहे हैं और देश की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन रहे हैं।” घुसपैठियों के मुद्दे पर विपक्ष पर तीखा हमलाअमित शाह ने स्पष्ट किया, “राहुल और तेजस्वी जो करना चाहें, करने दें, मैं आज सासाराम की धरती से यह कहता हूं कि हम बिहार और देश से एक-एक घुसपैठिए को निकालने का काम करेंगे। उन्होंने (राहुल और तेजस्वी) घुसपैठियों को अपना वोट बैंक बना लिया है। हमें घुसपैठियों के वोट नहींचाहिए, हम सासाराम के युवाओं के वोट और मेहनती दीदियों के वोट से जीतने आए हैं।” सभा में अमित शाह ने राष्ट्रीय सुरक्षा, सीमाओं के उल्लंघनतथा स्थानीय युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर जोर देते हुए सरकार की नीतियों का बचाव किया और जनता से बीजेपी का समर्थन मांगते हुए कहा किवह बिहार और देश की रक्षा के लिए सख्त कदम उठाते रहेंगे। सासाराम में चुनावी सभा के दौरान केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने आतंकवाद औरघुसपैठियों के मुद्दे पर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। सासाराम में चुनावी सभा के दौरान केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने आतंकवाद और घुसपैठियों केमुद्दे पर विपक्ष पर तीखा हमला बोला।

कांग्रेस सांसद “थरूर बोले, जैसे नेहरू को चीन युद्ध से और इंदिरा को आपातकाल से नहीं आंका, वैसे ही आडवाणी को भी नहीं

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने पूर्व उपप्रधानमंत्री और भाजपा के संस्थापक सदस्यों में से एक लाल कृष्ण आडवाणी की विरासत का बचाव किया है।उन्होंने कहा कि जैसे भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू को सिर्फ चीन युद्ध की हार से नहीं आंका जा सकता या इंदिरा गांधी को केवलआपातकाल से नहीं, वैसे ही आडवाणी के लंबे राजनीतिक जीवन को भी एक घटना तक सीमित कर देना अनुचित है। शशि थरूर ने ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर यह बयान आडवाणी के 98वें जन्मदिन (8 नवंबर) पर शुभकामनाएं देते हुए दिया। थरूर ने आडवाणी को ‘एक सच्चे राजनेता’ बताते हुए कहा किउनका लोकसेवा के प्रति समर्पण, विनम्रता और ईमानदारी देश के लिए प्रेरणा है। हालांकि, थरूर के इस ट्वीट पर विवाद भी खड़ा हो गया। इतिहास के साथ अन्याय होगासुप्रीम कोर्ट के वकील संजय हेगड़े ने थरूर की आलोचना करते हुए लिखा माफ कीजिए थरूर साहब, लेकिन इस देश में नफरत के बीज बोनालोकसेवा नहीं कहा जा सकता। इसके जवाब ने थरूर ने लिखा नेहरूजी के पूरे करियर को चीन की हार से नहीं आंका जा सकता, न ही इंदिरा गांधी कोसिर्फ आपातकाल से। इसी तरह, हमें यही दृष्टिकोण आडवाणी जी के साथ भी अपनाना चाहिए। उनके लंबे सार्वजनिक जीवन को सिर्फ एक घटना सेआंकना गलत है। यह बयान उन्होंने 1990 की राम रथ यात्रा का हवाला देते हुए दिया, जिसमें आडवाणी ने राम मंदिर आंदोलन को नई दिशा दी थी।हेगड़े ने लिखा कि यह यात्रा भारतीय गणराज्य के मूल सिद्धांतों को बदलने की कोशिश थी, जिसके दूरगामी राजनीतिक प्रभाव आज भी दिखते हैं।थरूर ने इस पर जवाब देते हुए कहा कि किसी भी व्यक्ति के जीवन को एक घटना से परिभाषित करना इतिहास के साथ अन्याय होगा। आडवाणी को सिर्फ एक घटना से आंकना गलतइस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी 8 नवंबर को दिल्ली में आडवाणी से मुलाकात कर उन्हें जन्मदिन की बधाई दी और उन्हें “भारत के लोकतांत्रिकऔर सांस्कृतिक परिदृश्य में अमिट छाप छोड़ने वाला नेता” बताया। मोदी ने कहा आडवाणी जी की दूरदर्शिता और सिद्धांतों के प्रति प्रतिबद्धता ने भारतकी प्रगति को मजबूती दी है। मैं उनकी लंबी उम्र और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं।” गौरतलब है कि राम रथ यात्रा 25 सितंबर 1990 कोगुजरात के सोमनाथ से शुरू होकर अयोध्या तक पहुंचनी थी, लेकिन इसे बिहार के तत्कालीन मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने रोक दिया था औरआडवाणी को गिरफ्तार कर लिया था। इसके दो साल बाद, 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद विध्वंस की घटना हुई। कांग्रेस सांसदशशि थरूर ने बीजेपी के संस्थापक एल.के. आडवाणी की विरासत का बचाव किया। उन्होंने कहा कि जैसे नेहरू को चीन युद्ध या इंदिरा गांधी कोआपातकाल से नहीं आंका जा सकता, वैसे ही आडवाणी को सिर्फ एक घटना से आंकना गलत है।

आईसीसी महिला वर्ल्ड कप की हीरो दीप्ति शर्मा ने उज्जैन में लिया भगवान महाकाल का आशीर्वाद, मिली जीत की शक्ति

महिला क्रिकेट विश्व कप विजेता भारतीय क्रिकेट टीम की सदस्य दीप्ति शर्मा रविवार प्रातःकालीन भस्म आरती में शामिल होकर भगवान श्रीमहाकालेश्वर जी के दर्शन लाभ लिए। दर्शन उपरांत मंदिर समिति की ओर से उप प्रशासक एस. एन. सोनी द्वारा स्वागत एवं सत्कार किया गया। विश्वविजेता भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सदस्य दीप्ति शर्मा ने रविवार को उज्जैन स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में भगवान महाकाल केदर्शन किए। वह अल सुबह भस्म आरती में भी शामिल हुईं। दीप्ति शर्मा ने भस्म आरती में शामिल होने के बाद नंदी हॉल से भगवान महाकाल कापूजन किया। उन्होंने विधि-विधान से दर्शन लाभ लिए। दर्शन के उपरांत श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से उप प्रशासक एस एन सोनी नेक्रिकेटर दीप्ति शर्मा को भगवान महाकाल का प्रसाद और दुपट्टा भेंट कर सम्मानित किया। याद रहे है कि ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने हाल ही में दक्षिणअफ्रीका के खिलाफ हुए फाइनल मुकाबले में 58 गेंदों पर 58 रन बनाए थे और 5 विकेट भी चटकाए थे। उत्तर प्रदेश के आगरा की निवासी दीप्तिशर्मा को यूपी सरकार द्वारा भी सम्मानित किया जाएगा। दीप्ति शर्मा रविवार सुबह उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में भस्म आरती में शामिल हुईंऔर नंदी मंडप से विधि-विधान के साथ भगवान महाकाल के दर्शन किए। दर्शन के बाद मंदिर प्रबंधन की ओर से उप प्रशासक एस. एन. सोनी नेउनका स्वागत एवं सम्मान किया।क्रिकेट इतिहास में कोई पुरुष क्रिकेटर भी हासिल नहीं कर सकाभारतीय महिला क्रिकेट टीम ने आईसीसी महिला वर्ल्ड कप फाइनल में साउथ अफ्रीका महिला क्रिकेट टीम को करारी शिकस्त देते हुए पहली बारकिसी आईसीसी खिताब को अपने नाम किया। कप्तान हरमनप्रीत कोर की अगुवाई में भारतीय महिला टीम ने वो कर दिखाया, जिसका इंतजार फैंसको लंबे समय से था। इस विजयी अभियान के दौरान भारत ने कई बड़ी टीमों को भी शिकस्त दी और फाइनल तक का सफर तय किया, फिर फाइनलमें तिरंगा लहराने में कोई कसर नहीं छोड़ी। इस अभियान में भारतीय टीम की कई खिलाड़ियों का योगदान रहा लेकिन एक खिलाड़ी ऐसी रही जिसकायोगदान सबसे सर्वश्रेष्ठ और रिकॉर्ड तोड़ने वाला रहा है। वो हैं दीप्ति शर्मा। भारत की ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने आईसीसी महिला वनडे वर्ल्ड कप2025 में वो कमाल किया है जिसे सदियों तक याद रखा जाएगा। इस खिलाड़ी ने ना सिर्फ भारत को विश्व कप खिताब तक पहुंचाने में सबसे अहमयोगदान दिया बल्कि एक ऐसा वर्ल्ड रिकॉर्ड बना दिया है जो विश्व कप क्रिकेट इतिहास में कोई पुरुष क्रिकेटर भी हासिल नहीं कर सका।

सीतामढ़ी की धरती से पीएम मोदी का हमला, नहीं चाहिए कट्टा सरकार, फिर एक बार एनडीए सरकार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सीतामढ़ी में विशान जनसभा को संबोधित किया। पीएम मोदी ने कहा कि मैं माता जानकी की प्रकट स्थली से संपूर्ण बिहारको प्रणाम करता हूं। पहले चरण के मतदान ने कमाल कर दिया है। उन्होंने महागठबंधन पर हमला बोलते हुए कहा कि पहले चरण के मतदान सेजंगलराज वालों को 65 वोल्ट का झटका लगा है। आपका यह प्यार और उमंग देखकर स्पष्ट लगता है कि इस बार फिर से एनडीए सरकार बनेगी।आपका आशीर्वाद सबसे बड़ी ताकत है। पीएम मोदी ने “नहीं चाहिए कट्टा सरकार, फिर एक बार एनडीए सरकार” का नारा दिया। उन्होंने कहा कि यहचुनाव विकसित बिहार बनाने का चुनाव है। यह चुनाव आपके आने वाली पीढ़ी का भविष्य तय करेगा। इसलिए यह चुनाव काफी अहम है। इसलिएआपलोग पिछले हर मतदान का रिकॉर्ड तोड़ दें। बड़ी तादात में मतदान करें और हमारे उम्मीदवारों को अपना आशीर्वाद दें। प्रचार में साफ दिखतापीएम मोदी ने कहा कि राजद वाले बिहार के बच्चों के लिए क्या करना चाहते हैं? यह इनके नेताओं के चुनाव प्रचार में साफ दिखता है। आपजंगलराज वालों के गाने और नारे सुन लीजिए, आप कांप जाएंगे। राजद के मंचों पर मासूम बच्चों से कहलवाया जा रहा है कि उन्हें रंगदार बनना है।आप मुझे बताइए बिहार के बच्चे को रंगदार बनना चाहिए या डॉक्टर बनना चाहिए? क्या हम रंगदार बनाने वालों को जीतने देंगे? बिहार का बच्चाअब रंगदार नहीं, डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, जज बनेगा। मैं बिहार में जंगलराज वालों की जगह नहीं है। पीएम मोदी ने कहा कि राजद के लोग बिहारके बच्चों को कट्टा और दोनाली दे रहे हैं। खुद के बच्चों को मंत्री बनाना चाहते हैं। सारे सपने केवल अपने बच्चों के लिए देखते हैं। पीएम मोदी ने कहाकि जंगलराज का मतलब है- कट्टा, क्रूरता कटुता, कुशासन, कुसंस्कार, करप्शन। क्या यह सब बिहार को मंजूर होगा?’ बिहार में विकास का माहौलपीएम मोदी ने कहा कि जैसे ही बिहार में जंगलराज आया, वैसे ही राज्य में बर्बादी का दौर शुरू हो गया। राजद ने बिहार में विकास का माहौल ही खत्मकर दिया। राजद और कांग्रेस वाले उद्योगों की एबीसी भी नहीं जानते हैं। वह केवल उद्योगों पर ताले लगाना चाहते हैं। यहीं मिथिला में मीलें औरफ्रैक्ट्रियां बंद हो गईं। 15 साल में कोई भी बड़ा अस्पताल और फैक्ट्री बिहार में नहीं बना। इसलिए जंगलराज वालों के मुंह से विकास की बात सफेदझूठ है। बिहार के लोगों का सरकार से भरोसा उठ गया था। नीतीश कुमार ने इस भरोसे को वापस लाया। भाजपा और एनडीए की सरकार जो कहतीऔर वह कहकर दिखाती है। पीएम मोदी ने कहा कि मिथिला की बहन और बेटियों में अद्भुत सामर्थ्य है। मोदी आपकी कला को दुनिया में पहुंचा रहाहै। मैं दुनिया भर के लोगों को मधुबनी पेंटिंग देने का काम कर रहा हूं। यह सब मैं इसलिए कर रहा हूं क्योंकि मुझे बिहार पर गर्व है। मुझे बिहार कीबेटियों की ताकत पर गर्व है। मैं चाहता हूं कि आपकी कला और आपका कौशल दुनिया भर में पहुंचे। पीएम मोदी ने मछली पालन के क्षेत्र में बिहार नेकमाल कर दिया है। इसी तरह हमलोग मखाना को हर कोने में पहुंचाना चाहते हैं। बिहार का मखाना दुनिया में पहुंचेगा तो फायदा छोटे किसानों कोहोगा।

शशि थरूर का 2019 वाला व्यंग्य फिर हुआ वायरल, ‘कुछ दिन तो गुजारो Delhi-NCR में’, जब हवा बन गई जहर

दिल्ली-एनसीआर की हवा फिर से जहरीली हो चुकी है। हर साल की तरह इस बार भी वायु गुणवत्ता सूचकांक खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। इसीबीच कांग्रेस नेता शशि थरूर का पुराना ट्वीट एक बार फिर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जो दिल्ली के प्रदूषण पर उनके व्यंग्य को बखूबीदर्शाता है। दरअसल, शशि थरूर ने साल 2019 में एक्स (तब ट्विटर) पर एक पोस्ट शेयर की थी, जिसमें उन्होंने लिखा था ‘कब तक जिंदगी काटोगेसिगारेट, बीड़ी और सिगार में… कुछ दिन तो गुजारो Delhi-NCR में… Delhi Tourism’ “Delhi is Injurious To Health!!” छह साल बाद भी उतनी ही प्रासंगिक लग रहीयह पोस्ट उस समय भी खूब चर्चा में रही थी और अब छह साल बाद भी उतनी ही प्रासंगिक लग रही है। दिल्ली की हवा की खराब हालत को लेकरथरूर का यह व्यंग्य लोगों के बीच जागरूकता और निराशा दोनों का मिश्रण बन गया है। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने इस पोस्ट को रीशेयर करतेहुए लिखा छह साल बाद भी कुछ नहीं बदला। वहीं कुछ ने लिखा कि थरूर का यह ट्वीट आज भी उतना ही सटीक है जितना 2019 में था। 450 से ऊपर दर्ज कियाबता दें कि दिल्ली में इन दिनों AQI 450 से ऊपर दर्ज किया जा रहा है, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है। डॉक्टरों का कहना है कि लगातार ऐसे स्तर पररहने वाली हवा से सांस की बीमारियां, खांसी और आंखों में जलन जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। राजधानी में सरकार ने स्कूल बंद करने और निर्माणकार्यों पर रोक जैसे अस्थायी उपाय लागू किए हैं, लेकिन प्रदूषण का स्थायी समाधान अब तक नहीं निकल पाया है।

सरदार पटेल राष्ट्रनिर्माण के प्रतीक, सीएम मोहन यादव बोले, मोदी जी अतीत की गलतियां सुधार रहे

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने शुक्रवार को प्रदेश भाजपा कार्यालय में सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वींजयंती एवं राष्ट्रीय एकता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश का श्रवण किया। इसके बाद कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए दोनों नेताओं नेसरदार पटेल को राष्ट्रनिर्माता बताया। डॉ. यादव ने कहा कि सरदार पटेल ने भारत माता की सेवा के भाव से वर्तमान भारत की इबारत लिखी। वेएकता, दृढ़ता और राष्ट्रनिर्माण के प्रतीक थे। विभिन्न रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर आधुनिक भारत का नक्शा तैयार किया। प्रधानमंत्री मोदी जीअतीत की गलतियां सुधार रहे हैं। अयोध्या में राम मंदिर, धारा 370 हटाना, तीन तलाक उन्मूलन जैसे कार्य इसके प्रमाण हैं। नेहरू जी को कश्मीर मुद्दे पर स्पष्ट सुझाव दिए थेसीएम ने कहा कि सरदार पटेल ने नेहरू जी को कश्मीर मुद्दे पर स्पष्ट सुझाव दिए थे, लेकिन संयुक्त राष्ट्र ले जाने का निर्णय अलग था। भाजपा सभीमहापुरुषों को सम्मान देती है, इसलिए प्रधानमंत्री संग्रहालय बनवाया गया। खंडेलवाल ने कहा कि सरदार पटेल की सूझबूझ नहीं होती तो आजादीअधूरी रहती। महात्मा गांधी के नेतृत्व और बलिदानियों के कारण आजादी मिली, लेकिन पटेल ने देश को एक किया। प्रधानमंत्री मोदी जी “एकभारत-श्रेष्ठ भारत” को साकार कर रहे हैं। यदि हम एकजुट रहें तो 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य हासिल होगा। सरदार पटेल का जीवन कर्तव्य, सेवा और राष्ट्रभक्ति का उदाहरण है। युवाओं को यही संदेश दें कि एकता में ही ताकत है। कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय एकता की शपथ ली।नेताओं ने जोर दिया कि मोदी जी के नेतृत्व में भारत बुलंदियों पर पहुंचेगा।