आम आदमी पार्टी की प्रदेश पदाधिकारियों की बैठक, संगठन को और मजबूत बनाने की योजना

नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के दिल्ली प्रदेश संयोजक गोपाल राय ने पार्टी मुख्यालय में सभी फ्रंटल संगठनों के प्रदेश पदाधिकारियों केसाथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में गोपाल राय ने बताया कि पार्टी अपने संगठन को और मजबूत करने के लिए सभी फ्रंटल संगठनों का पुनर्गठनकरेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी ने दिल्ली चुनावों में लोकसभा, जिला, विधानसभा और वार्ड स्तर पर पदाधिकारियों की भूमिका का मूल्यांकन करने केलिए एक ऑडिट कराने का निर्णय लिया है, जो अगले एक सप्ताह में पूरा होगा। संगठन को मजबूत बनाने के लिए रणनीति तैयारगोपाल राय ने बैठक में बताया कि पार्टी के सभी फ्रंटल संगठनों को और मजबूत बनाने के लिए रणनीति बनाई जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि दिल्लीमें पार्टी के सभी विंग्स को सक्रिय किया जाएगा ताकि प्रत्येक क्षेत्र में पार्टी की उपस्थिति मजबूत हो। सदन के अंदर पार्टी के विधायक भाजपा सरकारके द्वारा किए गए वादों को उठाएंगे, जबकि पार्टी के सभी विंग्स अपने-अपने समाज के मुद्दों पर काम करेंगे, जिससे दिल्ली में एक मजबूत विपक्ष कीभूमिका बनाई जा सके। भ्रष्टाचार और वादों पर सरकार से सवालगोपाल राय ने भाजपा सरकार से महिलाओं के लिए 2500 रुपए मासिक भत्ता देने के वादे की याद दिलाई। उन्होंने कहा कि भाजपा ने यह वादाकिया था कि वे अपनी पहली कैबिनेट बैठक में इसे पारित करेंगे, लेकिन यह वादा अभी तक पूरा नहीं हुआ। राय ने कहा कि भाजपा को अपनीजिम्मेदारी निभानी चाहिए और महिलाओं के लिए इस वादे को जल्द लागू करना चाहिए।नए नेता विपक्ष की घोषणा की जाएगीगोपाल राय ने कहा कि आम आदमी पार्टी अपने विधायक के शपथ ग्रहण के बाद जल्द ही नेता विपक्ष की घोषणा करेगी। इसके अलावा, पार्टी नेमुख्यमंत्री से मिलने का समय मांगा है ताकि वे महिला भत्ते को लेकर आगे की रणनीति पर चर्चा कर सकें। भा.ज.पा. पर आरोप – काम करने में विफलसीएजी की रिपोर्ट पर बोलते हुए राय ने कहा कि भाजपा अब तक विपक्ष की भूमिका से बाहर नहीं निकल पाई है और वह केवल रिपोर्टों के आधार परचर्चाएं करना चाहती है। उन्होंने कहा कि अब भाजपा को अपने वादों को पूरा करना चाहिए, क्योंकि दिल्ली की जनता ने उन्हें काम करने का अवसरदिया है, न कि केवल रिपोर्ट पेश करने का।
कांग्रेस ने USAID फंडिंग विवाद में मोदी सरकार पर लगाए गंभीर आरोप, मांगी स्पष्टता

कांग्रेस ने USAID फंडिंग विवाद को लेकर मोदी सरकार और भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी का कहना है कि भाजपा, उसके मंत्री, आर्थिकसलाहकार, आईटी सेल और समर्थित मीडिया ‘डीप स्टेट’ और ‘विदेशी हस्तक्षेप’ का झूठा नैरेटिव गढ़कर जनता को गुमराह कर रहे हैं। इस विवाद कीशुरुआत तब हुई जब पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि “21 मिलियन डॉलर भारत में मतदान के लिए प्रधानमंत्री मोदी को दिए जा रहेथे।” इस बयान के बाद मामला तूल पकड़ने लगा। भारतीय मीडिया रिपोर्ट्स और वाशिंगटन पोस्ट की फैक्ट-चेकिंग में यह सामने आया कि भाजपाऔर मोदी सरकार के मंत्री द्वारा किए गए दावे गलत हैं। यह फंड भारत के लिए नहीं, बल्कि बांग्लादेश के लिए था। हालांकि, भारत को भी USAID से सहायता राशि मिली थी, लेकिन वह चुनावों से संबंधित नहीं थी। वाशिंगटन पोस्ट की तथ्य-जांच में कहा गया कि भारत में मतदान के लिए 21 मिलियन डॉलर खर्च किए जाने का कोई प्रमाण नहीं है। कांग्रेस ने भाजपा और आरएसएस पर झूठे प्रचार अभियानों के जरिए लोकतंत्र को कमजोर करने का आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि भाजपाप्रवक्ताओं ने उन मीडिया संस्थानों और पत्रकारों पर हमला किया, जिन्होंने इस फंडिंग की सच्चाई उजागर की। कांग्रेस ने सवाल उठाया कि अगरभाजपा को इस फंडिंग पर संदेह था, तो उसने खुद इसकी जांच क्यों नहीं की? कांग्रेस ने USAID से भारत को मिलने वाले फंड के आंकड़े भी पेशकिए, जिनके अनुसार 2001 से 2024 के बीच भारत को कुल 2.9 बिलियन डॉलर की सहायता मिली, जिसमें से 44.4% (1.3 बिलियन डॉलर) भाजपा शासन (2014-2024) के दौरान और 41.3% (1.2 बिलियन डॉलर) कांग्रेस शासन (2004-2013) के दौरान प्राप्त हुए। कांग्रेस ने यह भीदावा किया कि 2021 से 2024 के बीच मोदी सरकार को 650 मिलियन डॉलर की सहायता मिली, लेकिन इसका उद्देश्य स्पष्ट नहीं किया गया। कांग्रेस ने यह भी बताया कि जिस Consortium for Elections and Political Process Strengthening (CEPPS) कार्यक्रम के तहत21 मिलियन डॉलर की फंडिंग का दावा किया जा रहा है, उसका कोई रिकॉर्ड भारत में नहीं है क्योंकि यह फंडिंग भारत के लिए नहीं, बल्कि बांग्लादेशके लिए थी। इसके अलावा, कांग्रेस ने मोदी सरकार की USAID के साथ साझेदारी पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि भाजपा को USAID परविदेशी हस्तक्षेप का संदेह है, तो उसने खुद स्वच्छ भारत अभियान, डिजिटल इंडिया और कोविड-19 राहत कार्यों के लिए USAID से साझेदारी क्योंकी? कांग्रेस ने इस पूरे मामले में सरकार से तीन प्रमुख मांगें की हैं। पहली, सरकार को विदेशी फंडिंग पर एक व्यापक श्वेत पत्र जारी करना चाहिए, जिसमेंयह स्पष्ट किया जाए कि राजनीतिक दलों, गैर सरकारी संगठनों और अन्य संस्थाओं को किस स्रोत से कितना फंड मिला। दूसरी, प्रधानमंत्री मोदी कोडोनाल्ड ट्रंप से बात कर यह स्पष्ट करना चाहिए कि भारत में चुनावों के लिए कोई विदेशी फंडिंग नहीं हुई। तीसरी, भाजपा और आरएसएस के उननेताओं और संगठनों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए, जो इस मुद्दे पर झूठा प्रचार कर जनता को गुमराह कर रहे हैं। कांग्रेस ने मोदी सरकार सेइस पूरे मामले पर स्पष्टता की मांग की है और कहा कि यदि भाजपा के पास इस फंडिंग को लेकर कोई ठोस सबूत हैं, तो उन्हें सार्वजनिक किया जाए, अन्यथा झूठा प्रचार बंद किया जाए।
बिहार कांग्रेस का चुनावी बिगुल, डबल इंजन सरकार को सत्ता से हटाने का संकल्प

बिहार कांग्रेस ने आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को तेज कर दिया है। पिछली गलतियों से सीख लेते हुए इस बार पार्टी पहले से ही चुनावीमोड में आ चुकी है। पिछले एक सप्ताह से रणनीति तैयार करने के बाद अब उसका क्रियान्वयन शुरू हो गया है। इसी कड़ी में प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अखिलेश प्रसाद सिंह ने अपने समर्थकों के साथ चंपारण दौरे की शुरुआत कर दी है। महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा फिलहाल वैशाली में पार्टी कार्यकर्ताओं से संवाद कर रही हैं, जबकि बिहार कांग्रेस के प्रभारी सचिवशाहनवाज आलम एक सप्ताह के दौरे पर अररिया, पूर्णिया और बेगूसराय रवाना हो चुके हैं। वहीं, मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए पार्टी कीविचारधारा के प्रचार-प्रसार पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है, साथ ही वार रूम के पुनर्गठन की प्रक्रिया तेजी से चल रही है। बिहार कांग्रेस के नए प्रभारी कृष्णा अल्लावारू 24 फरवरी को पटना पहुंचेंगे और इसी दिन से सांगठनिक बैठकों का सिलसिला शुरू होगा। 24 फरवरीको पटना जिले के पार्टी पदाधिकारियों, वर्तमान व पूर्व जनप्रतिनिधियों, एआईसीसी सदस्यों, जिला अध्यक्षों और प्रखंड अध्यक्षों के साथ मैराथनबैठक होगी। 25 फरवरी को बेगूसराय, खगड़िया और समस्तीपुर, 26 फरवरी को भोजपुर, बक्सर, रोहतास और कैमूर, जबकि 27 फरवरी कोमुजफ्फरपुर, मधुबनी, दरभंगा और सीतामढ़ी के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक होगी। चंपारण दौरे से पहले कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि इस बार कांग्रेस का लक्ष्य डबल इंजनसरकार को सत्ता से बेदखल करना है। उन्होंने कहा, “हमने 50 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है। यह चुनौतीपूर्ण जरूर है, लेकिन असंभव नहीं। बिहारकांग्रेस इस बार चौंकाने वाला प्रदर्शन करेगी और हम इसे हासिल करके रहेंगे।” बिहार कांग्रेस पूरी रणनीति के साथ चुनावी जंग में उतरने की तैयारी कर रही है। लगातार बैठकों और प्रदेशव्यापी दौरे के जरिए पार्टी कार्यकर्ताओं कोसंगठित किया जा रहा है। अब देखना होगा कि यह तैयारी आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को कितना फायदा पहुंचाती है।
शिवराज सिंह चौहान ने एअर इंडिया की सेवा पर उठाए सवाल, सीट की खराब स्थिति पर जताई आपत्ति

केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एअर इंडिया की सेवाओं पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने विमान में सीट की खराब स्थितिको लेकर शिकायत की और सोशल मीडिया पर इसे लेकर अपना अनुभव साझा किया। भोपाल से दिल्ली की यात्रा में टूटी सीट का सामनाशिवराज सिंह चौहान ने बताया कि उन्हें भोपाल से दिल्ली की यात्रा के लिए एअर इंडिया फ्लाइट AI436 में सीट नंबर 8C आवंटित की गई थी। जबवे अपनी सीट पर पहुंचे, तो देखा कि सीट टूटी हुई थी और अंदर धंसी हुई थी, जिससे बैठना असहज हो गया। केंद्रीय मंत्री ने इस घटना को लेकरसोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी व्यक्त की और एअर इंडिया को टैग किया। विमानकर्मियों से शिकायत और यात्रियों की सहानुभूतिचौहान ने विमानकर्मियों से यह सवाल किया कि खराब सीट उन्हें क्यों दी गई, तो उन्होंने बताया कि प्रबंधन को पहले ही सूचित किया गया था कि यहसीट ठीक नहीं है और इसे टिकट के लिए उपलब्ध नहीं कराना चाहिए। इसके बावजूद यह सीट उन्हें आवंटित कर दी गई थी। इस दौरान अन्यसहयात्रियों ने उनसे सीट बदलने की पेशकश की, लेकिन उन्होंने किसी और यात्री को परेशानी में डालने के बजाय उसी सीट पर बैठकर यात्रा करने काफैसला किया।एअर इंडिया की सेवा पर सवाल उठाते हुए आपत्तिकेंद्रीय मंत्री ने कहा कि उन्होंने माना था कि टाटा प्रबंधन के हाथ में जाने के बाद एअर इंडिया की सेवा में सुधार होगा, लेकिन यह उनका भ्रम साबितहुआ। उन्होंने यह भी कहा कि यात्रियों से पूरा पैसा वसूलने के बाद उन्हें खराब सीटों पर बैठाना अनैतिक है और क्या यह यात्रियों के साथ धोखा नहींहै? उन्होंने सवाल उठाया कि एअर इंडिया प्रबंधन इस मामले में क्या कदम उठाएगा ताकि भविष्य में ऐसे कष्टकारी अनुभव से यात्रियों को बचाया जासके। एअर इंडिया की प्रतिक्रियाएअर इंडिया ने शिवराज सिंह चौहान की शिकायत पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वे असुविधा के लिए खेद व्यक्त करते हैं। एयरलाइन ने अपनेआधिकारिक X (Twitter) हैंडल से यह लिखा कि वे इस मामले की जांच कर रहे हैं और मंत्री से बात करना चाहेंगे। उन्होंने चौहान से आग्रह कियाकि जब सुविधाजनक हो तो वह उन्हें DM करें।
तमिल अस्मिता पर छिड़ी बहस, NEP को लेकर कमल हासन की केंद्र को चेतावनी

सोशल मीडिया पर तमिल अस्मिता को लेकर दो पक्ष उभर रहे हैं। एक ओर राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) को समर्थन मिल रहा है, तो दूसरी ओर इसेतमिल पहचान के लिए खतरा बताया जा रहा है। इस बीच, अभिनेता से नेता बने मक्कल निधि मय्यम (MNM) पार्टी प्रमुख कमल हासन ने इस मुद्देपर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने तमिल भाषा के महत्व को रेखांकित करते हुए केंद्र सरकार को परोक्ष रूप से चेतावनी दी। केंद्र और तमिलनाडु के बीच बढ़ता विवादतमिलनाडु सरकार और केंद्र के बीच समग्र शिक्षा अभियान (SSA) फंड को राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 और पीएम श्री स्कूल योजना से जोड़ने कोलेकर विवाद जारी है। तमिलनाडु सरकार का कहना है कि शिक्षा निधि केवल तभी दी जाएगी, जब राज्य NEP को पूरी तरह लागू करेगा और त्रिभाषानीति को अपनाएगा। इस मुद्दे को लेकर राज्य में विरोध बढ़ रहा है। कमल हासन का कड़ा संदेशकमल हासन ने इस विवाद पर सख्त रुख अपनाते हुए कहा, “तमिल भाषा के लिए लोगों ने अपनी जान दी है। इस मुद्दे से मत खेलो। तमिलनाडु केलोग खुद तय कर सकते हैं कि उन्हें कौन सी भाषा चाहिए।” उन्होंने पीएम मोदी का नाम लिए बिना केंद्र को इशारों में चेतावनी देते हुए कहा कि भाषाके मुद्दे को हल्के में लेना घातक हो सकता है। मुख्यमंत्री एमके स्टालिन की आपत्तितमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन पहले ही पीएम मोदी को पत्र लिखकर NEP पर आपत्ति जता चुके हैं। उन्होंने कहा था, “क्या यह उचित है कितमिलनाडु के छात्रों को शिक्षा के लिए धन तभी मिलेगा जब वे NEP 2020 और त्रिभाषा नीति को अपनाएंगे? क्या तमिल जनता की भावनाओं कीकोई कद्र नहीं?” उन्होंने केंद्र की इस नीति को अस्वीकार्य बताते हुए पुनर्विचार की मांग की थी। विवाद के बढ़ते राजनीतिक प्रभावएमके स्टालिन के बयान के बाद केंद्र और राज्य सरकार के बीच तनाव बढ़ गया था। अब कमल हासन के कड़े बयान ने इस बहस को और तीखा करदिया है। इस मामले पर अब राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है, जिससे यह देखना दिलचस्प होगा कि केंद्र सरकार इस पर क्या रुख अपनाती है।
कर्नाटक के बेलगावी में भाषा विवाद, बस चालक और कंडक्टर से मारपीट

कर्नाटक के बेलगावी जिले में भाषा विवाद को लेकर बस चालक और कंडक्टर के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले मेंतीन लोगों को गिरफ्तार किया है और एक नाबालिग को हिरासत में लिया है। यह घटना शुक्रवार दोपहर करीब 12:30 बजे सुलेभवी इलाके में हुई। मुफ्त टिकट मांगने पर विवाद बढ़ाउत्तर पश्चिमी कर्नाटक सड़क परिवहन निगम की एक बस में टिकट को लेकर विवाद शुरू हुआ। बस कंडक्टर महादेव हुक्केरी के अनुसार, एक महिलाऔर युवक बस में एक साथ यात्रा कर रहे थे। जब टिकट काटने की बारी आई, तो महिला ने दो मुफ्त टिकट की मांग की। कर्नाटक में महिलाओं केलिए बस यात्रा मुफ्त है, लेकिन पुरुषों के लिए नहीं। इस पर कंडक्टर ने उसे केवल एक टिकट दिया।मराठी न बोलने पर हुआ झगड़ाजब कंडक्टर ने महिला से दूसरा टिकट मांगने का कारण पूछा, तो उसने अपने साथ बैठे युवक की ओर इशारा किया। कंडक्टर ने समझाया कि कर्नाटकमें पुरुषों के लिए यह सुविधा उपलब्ध नहीं है। इसके बाद महिला और उसके साथी ने कंडक्टर से मराठी में बात करने को कहा। कंडक्टर ने जवाबदिया कि उसे मराठी नहीं आती और उसने उनसे कन्नड़ में बात करने को कहा। इसी बात पर बस में सवार कुछ अन्य यात्रियों ने विवाद शुरू कर दियाऔर कंडक्टर और चालक पर हमला कर दिया। बस रुकते ही भीड़ ने की मारपीटबस के रुकने पर करीब 50 लोग और वहां पहुंच गए, जिन्होंने मिलकर चालक और कंडक्टर की पिटाई कर दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके परपहुंची और जांच शुरू की। तीन आरोपी गिरफ्तार, एक नाबालिग हिरासत मेंपुलिस ने इस मामले में मारुति तुरुमुरी, राहुल नायडू और बालू गोजगेकर को गिरफ्तार किया है, जबकि एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया है।बेलगावी के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) रोहन जगदीश ने बीआईएमएस अस्पताल का दौरा कर घायल कंडक्टर से मुलाकात की और घटना कीजानकारी ली। 14 दिन की न्यायिक हिरासततीनों आरोपियों को शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। डीसीपी ने आश्वासन दियाकि मामले की गहराई से जांच की जाएगी और उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
तेलंगाना के नागरकुरनूल में SLBC टनल हादसा, 6 मजदूर फंसे

तेलंगाना के नागरकुरनूल जिले में शनिवार को एक बड़ा हादसा हुआ, जब श्रीशैलम लेफ्ट बैंक कैनाल (SLBC) टनल परियोजना का एक हिस्सा ढहगया। इस दुर्घटना में 6 मजदूर सुरंग के भीतर फंस गए, जबकि यह हादसा सुरंग के प्रवेश बिंदु से लगभग 14 किलोमीटर अंदर हुआ।टनल का हिस्सा गिरने से हुआ हादसासूत्रों के मुताबिक, टनल की छत का करीब तीन मीटर लंबा हिस्सा गिर गया, जिससे यह दुर्घटना हुई। बताया जा रहा है कि इस परियोजना का कामकुछ समय से रुका हुआ था, लेकिन चार दिन पहले ही इसे दोबारा शुरू किया गया था। 43 मजदूरों को सुरक्षित निकाला गयानागरकुरनूल जिले के एसपी, वैभव गायकवाड़ ने जानकारी दी कि हादसे के समय सुरंग में कुल 50 मजदूर काम कर रहे थे। इनमें से 43 मजदूर सुरक्षितबाहर निकलने में सफल रहे, जबकि 6 मजदूर अभी भी अंदर फंसे रह गए। रेस्क्यू ऑपरेशन के तहत सिंचाई विभाग की दो टीमों ने सुरंग में जाकरस्थिति का जायजा लिया और मजदूरों को सुरक्षित निकालने का प्रयास किया। तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने जताया शोकतेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने इस हादसे पर दुख व्यक्त किया और अधिकारियों को तत्काल राहत कार्य शुरू करने का निर्देश दिया। जिलाकलेक्टर, एसपी, अग्निशमन विभाग और सिंचाई विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए और बचाव कार्यों की निगरानी की। बचाव कार्य में प्रशासन की तेजीकेंद्रीय कोयला मंत्री जी किशन रेड्डी ने भी हादसे की जानकारी ली और फंसे हुए मजदूरों को जल्द से जल्द निकालने का आदेश दिया। इसके अलावा, सिंचाई मंत्री एन उत्तम कुमार और उनके विभाग के वरिष्ठ अधिकारी विशेष हेलिकॉप्टर से घटनास्थल पर पहुंचे और राहत कार्यों की निगरानी की। प्रशासन ने टनल में फंसे मजदूरों को बचाने के लिए बचाव कार्यों में तेजी लाई, और अधिकारियों ने स्थिति पर लगातार नजर बनाए रखी।
पीएम से दिल्ली की नई सीएम ने की मुलाकात, आयुष्मान भारत और महिला सम्मान योजना पर भी लिया बड़ा फैसला

दिल्ली की नई मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पदभार ग्रहण करते ही कई अहम मुद्दों पर सक्रियता दिखाई है। शपथ लेने के तुरंत बाद उन्होंने केंद्र सरकार कीकई योजनाओं को लागू करने और दिल्ली के बुनियादी ढांचे को सुधारने की दिशा में काम करना शुरू कर दिया है। प्रधानमंत्री से मुलाकातशपथ ग्रहण के बाद रेखा गुप्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने उनके आवास पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने जनता से संवाद भी किया और उनके समर्थन केलिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के रूप में उनका हर एक दिन जनता की सेवा में समर्पित होगा। पहली कैबिनेट बैठक और आयुष्मान भारत योजनामुख्यमंत्री पद संभालने के बाद उनकी सरकार ने पहली कैबिनेट बैठक आयोजित की, जिसमें केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत योजना को दिल्ली मेंलागू करने का निर्णय लिया गया। इससे पहले की सरकार इस योजना को मंजूरी नहीं दे रही थी, लेकिन रेखा गुप्ता ने इसे तुरंत लागू करने की पहलकी। सड़क और यातायात सुधार पर जोरदिल्ली की सड़कों की हालत सुधारने के लिए मुख्यमंत्री ने PWD अधिकारियों के साथ बैठक की। इस बैठक में टूटी-फूटी सड़कों, खुदे हुए रास्तों औरयातायात की समस्याओं पर चर्चा हुई। उन्होंने अधिकारियों को जल्द से जल्द इन समस्याओं का समाधान निकालने के निर्देश दिए। महिला सम्मान योजना पर अहम फैसलामहिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण को लेकर महिला सम्मान योजना पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई। ऐसा माना जा रहाहै कि उन्होंने प्रधानमंत्री से इस योजना को लेकर चर्चा भी की है। इस योजना को लेकर विपक्षी पार्टी AAP लगातार सवाल उठा रही है। पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने भाजपा सरकार पर इस योजना को ठंडे बस्ते मेंडालने का आरोप लगाया है। ऐसे में देखना होगा कि दिल्ली सरकार इस पर क्या निर्णय लेती है।
प्रधानमंत्री मोदी ने ‘स्कूल ऑफ अल्टीमेट लीडरशिप’ (SOUL) लीडरशिप कॉन्क्लेव का उद्घाटन किया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत मंडपम में ‘स्कूल ऑफ अल्टीमेट लीडरशिप’ (SOUL) लीडरशिप कॉन्क्लेव के पहले संस्करण का उद्घाटन किया। इसमौके पर भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे भी उनके साथ उपस्थित रहे। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि 21वीं सदी में भारत को एक ‘विकसित भारत’ बनाने के लिए हर भारतीय दिन-रात काम कर रहा है। इस उद्देश्य को पूरा करने के लिए हमें हर क्षेत्र में और हर पहलू में उत्तम नेतृत्व की आवश्यकता है। राष्ट्र निर्माण के लिए बेहतरीन नागरिकों का विकास जरूरीप्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कुछ आयोजन होते हैं जो दिल के बहुत करीब होते हैं, और आज का कार्यक्रम भी ऐसा ही है। उन्होंने राष्ट्र निर्माण के लिएबेहतर नागरिकों के विकास को आवश्यक बताया और कहा कि ‘जन से जगत’ का सिद्धांत हमें प्रेरित करता है कि किसी भी ऊंचाई को प्राप्त करने केलिए हमें शुरुआत हमेशा जन से ही करनी चाहिए। स्वामी विवेकानंद का नेतृत्व पर विश्वासप्रधानमंत्री ने स्वामी विवेकानंद के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि स्वामी विवेकानंद भारत को गुलामी से मुक्त करके उसे एक सशक्त राष्ट्रबनाना चाहते थे। उनका मानना था कि अगर उनके पास 100 अच्छे नेता होते, तो भारत को न केवल आजादी मिलती, बल्कि वह दुनिया का सबसेप्रमुख देश बन जाता। मोदी ने कहा कि हमें इसी मार्ग पर आगे बढ़ना होगा। भारत का वैश्विक प्रभाव और नेतृत्व का विकासप्रधानमंत्री मोदी ने यह भी कहा कि आने वाले समय में भारत का प्रभाव और असर हर क्षेत्र में कई गुना बढ़ेगा। जब हम कूटनीति, टेक्नोलॉजी औरनवाचार में नए नेतृत्व को सामने लाएंगे, तो यह बदलाव और प्रभाव स्पष्ट रूप से महसूस होगा। उन्होंने यह भी कहा कि भारत का भविष्य एक मजबूतनेतृत्व पीढ़ी पर निर्भर करेगा, जिसके लिए हमें वैश्विक सोच के साथ स्थानीय पालन-पोषण को जोड़कर आगे बढ़ना होगा। भूटान के प्रधानमंत्री का संबोधनसोमवार को उद्घाटन के बाद, मुख्य भाषण भूटान के प्रधानमंत्री दासो शेरिंग तोग्बे ने दिया। इस सम्मेलन में राजनीति, खेल, कला, मीडिया, आध्यात्म, लोकनीति, व्यापार और समाजिक क्षेत्र से जुड़ी हस्तियां अपनी सफलता की कहानियां साझा करेंगी। यह सम्मेलन दो दिन तक चलेगा।
पटियाला पुलिस ने टारगेट किलिंग मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया, गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों के दो गुर्गे गिरफ्तार

पटियाला पुलिस ने टारगेट किलिंग से जुड़े एक बड़े मॉड्यूल का खुलासा करते हुए गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों के दो गुर्गों को गिरफ्तार किया है। पुलिसमहानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने शुक्रवार को जानकारी दी कि ये आरोपी मोहाली और राजपुरा में टारगेट किलिंग की साजिश रच रहे थे। उनकीगिरफ्तारी से इन दोनों स्थानों पर हुई दो पुरानी घटनाओं की गुत्थी सुलझाने में भी मदद मिली है। गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक इतिहासपुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड पहले से ही मौजूद है और उन पर कई मामले दर्ज हैं। वे गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों के इशारे परआपराधिक गतिविधियों को अंजाम देते थे। हथियार और गोला-बारूद बरामदगिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उनके पास से भारी मात्रा में हथियार बरामद किए हैं, जिनमें पाँच पिस्तौल और 15 कारतूस शामिल हैं। बरामद हथियारोंमें तीन .32 कैलिबर पिस्तौल, एक .30 कैलिबर पिस्तौल और एक देशी .315 बोर पिस्तौल शामिल हैं। पुलिस कर रही है गहन जांचपटियाला पुलिस अब इस मामले की विस्तृत जांच कर रही है ताकि इस मॉड्यूल से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा सके और भविष्य में किसी भीतरह की आपराधिक गतिविधि को रोका जा सके।